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Chandil में एनएच-33 पर भीषण जाम तीन घंटे से अधिक समय तक फंसे रहे हजारों वाहन लोग हुए परेशान

On: June 18, 2026 7:41 PM
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चांडिल: सरायकेला-खरसावां जिले के Chandil थाना क्षेत्र अंतर्गत राष्ट्रीय राजमार्ग-33 (एनएच-33) पर गुरुवार की शाम भीषण सड़क जाम लगने से हजारों यात्रियों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ा। शाम करीब 4:30 बजे शुरू हुआ जाम रात 7:30 बजे तक जारी रहा, जिसके कारण कई किलोमीटर लंबी वाहनों की कतार लग गई। जाम में छोटी-बड़ी गाड़ियां, बसें, ट्रक, एंबुलेंस और दोपहिया वाहन तक घंटों फंसे रहे।

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स्थानीय लोगों के अनुसार जाम की स्थिति इतनी गंभीर थी कि चांडिल पाटा टोल प्लाजा से लेकर चांडिल डायवर्जन होते हुए चांडिल मोड़ तक सड़क पूरी तरह वाहनों से भर गई। कई यात्रियों को अपने गंतव्य तक पहुंचने में घंटों की देरी हुई, जबकि जरूरी कार्यों के लिए यात्रा कर रहे लोगों को भी भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ा।

खराब ट्रक बना जाम की वजह

हालांकि प्रशासन की ओर से जाम के कारणों की आधिकारिक पुष्टि नहीं की गई है, लेकिन स्थानीय लोगों और वाहन चालकों का कहना है कि डायवर्जन मार्ग के बीच एक मालवाहक ट्रक खराब होकर सड़क पर खड़ा हो गया था। ट्रक के बीच सड़क में फंसने से यातायात बाधित हो गया और दोनों ओर वाहनों की लंबी लाइन लगनी शुरू हो गई।

स्थिति तब और बिगड़ गई जब कई वाहन चालक जल्द निकलने की कोशिश में गलत दिशा से वाहन निकालने लगे। ओवरटेक और अव्यवस्थित तरीके से वाहन चलाने के कारण सड़क पूरी तरह जाम हो गई और कुछ ही समय में कई किलोमीटर लंबी कतार बन गई।

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गर्मी और उमस के बीच यात्रियों की बढ़ी मुश्किलें

लगातार तीन घंटे से अधिक समय तक लगे जाम ने यात्रियों की परेशानी कई गुना बढ़ा दी। भीषण गर्मी और उमस के बीच बच्चों, महिलाओं और बुजुर्गों को सबसे अधिक कठिनाइयों का सामना करना पड़ा।

कई लोग अपनी निजी गाड़ियों से सफर कर रहे थे, जबकि बसों में बैठे यात्रियों को भी लंबे समय तक इंतजार करना पड़ा। कई वाहन चालक सड़क किनारे उतरकर स्थिति सामान्य होने का इंतजार करते रहे। कुछ लोग पानी और खाने-पीने की व्यवस्था के लिए आसपास की दुकानों की ओर जाते नजर आए।

एंबुलेंस भी जाम में फंसी

प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार जाम में कई एंबुलेंस भी फंस गई थीं, जिससे मरीजों और उनके परिजनों की चिंता बढ़ गई। हालांकि स्थानीय लोगों और पुलिसकर्मियों ने कुछ स्थानों पर रास्ता बनाकर एंबुलेंस निकालने का प्रयास किया, लेकिन अत्यधिक भीड़ के कारण यातायात सामान्य होने में काफी समय लग गया।

विशेषज्ञों का मानना है कि राष्ट्रीय राजमार्ग जैसे महत्वपूर्ण मार्गों पर एंबुलेंस के लिए अलग कॉरिडोर की व्यवस्था और बेहतर ट्रैफिक प्रबंधन अत्यंत आवश्यक है।

डायवर्जन मार्ग पर अक्सर बनती है ऐसी स्थिति

स्थानीय निवासियों का कहना है कि Chandil क्षेत्र में डायवर्जन मार्ग पर अक्सर इस प्रकार की समस्या देखने को मिलती है। सड़क संकरी होने और भारी वाहनों की आवाजाही अधिक रहने के कारण छोटी सी तकनीकी खराबी भी बड़े जाम का कारण बन जाती है।

लोगों का कहना है कि यदि किसी वाहन में खराबी आ जाए तो उसे तुरंत हटाने की प्रभावी व्यवस्था नहीं होने के कारण यातायात पूरी तरह बाधित हो जाता है। इससे आम लोगों को बार-बार परेशानी उठानी पड़ती है।

प्रशासन ने किया जाम हटाने का प्रयास

यातायात पुलिस और स्थानीय प्रशासन की टीम मौके पर पहुंची और जाम हटाने का प्रयास शुरू किया। पुलिसकर्मियों ने वाहनों को व्यवस्थित तरीके से निकालने की कोशिश की, लेकिन वाहनों की संख्या अधिक होने और कई चालकों द्वारा नियमों का पालन नहीं करने के कारण स्थिति सामान्य होने में काफी समय लग गया।

सड़क के दोनों ओर कई किलोमीटर तक वाहन खड़े रहे। कुछ वाहन चालकों ने वैकल्पिक मार्गों का सहारा लेने का प्रयास किया, लेकिन वहां भी वाहनों का दबाव बढ़ने से लोगों को राहत नहीं मिल सकी।

व्यापारियों और स्थानीय लोगों ने उठाई मांग

स्थानीय व्यापारियों और आम नागरिकों ने प्रशासन से मांग की है कि एनएच-33 जैसे महत्वपूर्ण मार्ग पर स्थायी ट्रैफिक प्रबंधन की व्यवस्था की जाए। उनका कहना है कि प्रतिदिन हजारों वाहन इस सड़क से गुजरते हैं, इसलिए डायवर्जन मार्ग पर अतिरिक्त पुलिस बल और क्रेन जैसी सुविधाएं उपलब्ध रहनी चाहिए ताकि खराब वाहनों को तुरंत हटाया जा सके।

लोगों ने यह भी मांग की कि सड़क चौड़ीकरण और डायवर्जन मार्ग के सुधार का कार्य जल्द पूरा कराया जाए, जिससे भविष्य में इस प्रकार की समस्या दोबारा उत्पन्न न हो।

यातायात नियमों के पालन की अपील

विशेषज्ञों का कहना है कि सड़क जाम की स्थिति में धैर्य बनाए रखना बेहद जरूरी है। कई बार वाहन चालक जल्दबाजी में गलत दिशा से वाहन निकालने या ओवरटेक करने का प्रयास करते हैं, जिससे स्थिति और गंभीर हो जाती है।

यातायात नियमों का पालन करना प्रत्येक चालक की जिम्मेदारी है। यदि सड़क पर कोई अवरोध उत्पन्न हो जाए तो प्रशासन के निर्देशों का पालन करते हुए शांतिपूर्वक अपनी बारी का इंतजार करना चाहिए।

भविष्य के लिए जरूरी है मजबूत ट्रैफिक व्यवस्था

एनएच-33 झारखंड का एक महत्वपूर्ण राष्ट्रीय राजमार्ग है, जहां प्रतिदिन हजारों छोटे और बड़े वाहन गुजरते हैं। ऐसे में यातायात व्यवस्था को आधुनिक तकनीक और बेहतर निगरानी प्रणाली से मजबूत बनाने की आवश्यकता है।

यदि संवेदनशील स्थानों पर त्वरित कार्रवाई दल, क्रेन सेवा, अतिरिक्त पुलिस बल और सीसीटीवी निगरानी जैसी व्यवस्थाएं उपलब्ध कराई जाएं तो इस प्रकार के लंबे जाम से काफी हद तक बचा जा सकता है।

Chandil में एनएच-33 पर लगा यह भीषण जाम एक बार फिर यातायात प्रबंधन की कमजोरियों को उजागर करता है। घंटों तक फंसे हजारों यात्रियों ने भारी परेशानी झेली और जरूरी कार्य प्रभावित हुए। अब आवश्यकता इस बात की है कि प्रशासन स्थायी समाधान की दिशा में ठोस कदम उठाए, ताकि भविष्य में लोगों को इस तरह की असुविधा का सामना न करना पड़े और राष्ट्रीय राजमार्ग पर यातायात सुचारु रूप से चलता रहे।

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