
बीजिंग: इंटरनेट और ऑप्टिकल संचार तकनीक के क्षेत्र में चीन ने एक बड़ी उपलब्धि हासिल की है। चीन की दूरसंचार कंपनियों और शोधकर्ताओं ने होलो-कोर (Hollow-Core) फाइबर (Fiber cable) तकनीक के जरिए 51.3 टेराबिट प्रति सेकंड (Tbps) की रिकॉर्ड डेटा ट्रांसमिशन स्पीड हासिल की है। यह उपलब्धि लगभग 206.5 किलोमीटर लंबी फाइबर लाइन पर बिना किसी बीच के सिग्नल रिपीटर के हासिल की गई, जिसे अगली पीढ़ी की इंटरनेट तकनीक की दिशा में बड़ी छलांग माना जा रहा है।

क्या है होलो-कोर फाइबर?
पारंपरिक ऑप्टिकल फाइबर केबल में प्रकाश (Light) कांच (Glass) के ठोस कोर से होकर गुजरता है, जबकि होलो-कोर फाइबर में बीच का हिस्सा खोखला होता है और प्रकाश हवा के माध्यम से यात्रा करता है। इससे प्रकाश की गति बढ़ जाती है, सिग्नल लॉस कम होता है और डेटा ट्रांसमिशन पहले की तुलना में कहीं अधिक तेज और कुशल हो जाता है।
Fiber cable से 51.3 टेराबिट प्रति सेकंड का क्या मतलब?
51.3 Tbps की स्पीड इतनी अधिक है कि एक ही समय में हजारों 4K वीडियो स्ट्रीम किए जा सकते हैं या विशाल मात्रा में डेटा कुछ ही सेकंड में एक स्थान से दूसरे स्थान तक भेजा जा सकता है। विशेषज्ञों के अनुसार यह उपलब्धि भविष्य के हाई-स्पीड इंटरनेट, क्लाउड कंप्यूटिंग, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI), 6G नेटवर्क और बड़े डेटा सेंटरों के लिए बेहद महत्वपूर्ण साबित हो सकती है।
कम होगी लेटेंसी, बढ़ेगी क्षमता
इस नई तकनीक की सबसे बड़ी खासियत यह है कि इसमें डेटा ट्रांसमिशन के दौरान लेटेंसी (Latency) पारंपरिक फाइबर की तुलना में लगभग 31 प्रतिशत तक कम हो सकती है। इसका सीधा फायदा ऑनलाइन गेमिंग, हाई-फ्रीक्वेंसी ट्रेडिंग, एआई एप्लिकेशन और रियल-टाइम कम्युनिकेशन सेवाओं को मिलेगा।
वैश्विक तकनीकी प्रतिस्पर्धा तेज
होलो-कोर फाइबर तकनीक पर दुनिया के कई बड़े तकनीकी संस्थान और कंपनियां काम कर रही हैं। हालांकि, चीन का यह सफल फील्ड ट्रायल इस तकनीक को प्रयोगशाला से व्यावहारिक उपयोग की दिशा में ले जाने वाला महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है। विशेषज्ञों का मानना है कि आने वाले वर्षों में इस तकनीक के व्यावसायिक उपयोग से वैश्विक इंटरनेट इंफ्रास्ट्रक्चर में बड़ा बदलाव देखने को मिल सकता है।
भविष्य की इंटरनेट क्रांति
तकनीकी विशेषज्ञों का कहना है कि होलो-कोर फाइबर भविष्य में पारंपरिक ऑप्टिकल फाइबर का विकल्प बन सकता है। यदि इसका बड़े पैमाने पर व्यावसायिक इस्तेमाल शुरू होता है तो इंटरनेट पहले से अधिक तेज, सुरक्षित और कम विलंब (Low Latency) वाला होगा। साथ ही 6G नेटवर्क, स्मार्ट शहरों, स्वचालित वाहनों और एआई आधारित सेवाओं को भी नई गति मिलेगी।
टेराबिट (Terabit या Tb)
टेराबिट (Terabit या Tb) डेटा मापने की एक बहुत बड़ी इकाई है।
- 1 बिट (Bit) = डेटा की सबसे छोटी इकाई
- 1,000 बिट = 1 किलोबिट (KB)
- 1,000 किलोबिट (KB) = 1 मेगाबिट (MB)
- 1,000 मेगाबिट (MB) = 1 गीगाबिट (GB)
- 1,000 गीगाबिट (GB) = 1 टेराबिट (TB)
51.3 टेराबिट प्रति सेकंड (Tbps) का मतलब क्या है?
यदि किसी फाइबर केबल की स्पीड 51.3 Tbps है, तो वह एक सेकंड में 51.3 ट्रिलियन (51,300,000,000,000) बिट डेटा भेज सकती है।
इसे आसान भाषा में समझें:
- 51.3 Tbps = 51,300 Gbps (गीगाबिट प्रति सेकंड)
- यानी लगभग 6.4 टेराबाइट (TB) डेटा प्रति सेकंड ट्रांसफर किया जा सकता है (क्योंकि 8 बिट = 1 बाइट)।
तुलना करें
- सामान्य घर का ब्रॉडबैंड: 100 Mbps से 1 Gbps
- 5G की औसत स्पीड: 100 Mbps से 1 Gbps
- चीन की नई फाइबर तकनीक: 51,300 Gbps (51.3 Tbps)
यानी यह सामान्य 1 Gbps इंटरनेट से लगभग 51,300 गुना तेज है।
उदाहरण:
अगर किसी 100 GB की फिल्म को डाउनलोड करना हो, तो 51.3 Tbps की स्पीड पर वह एक सेकंड से भी कम समय में ट्रांसफर की जा सकती है (आदर्श परिस्थितियों में)।
डिस्क्लेमर: यह समाचार विभिन्न सार्वजनिक मीडिया रिपोर्टों और उपलब्ध तकनीकी जानकारियों के आधार पर तैयार किया गया है। वास्तविक प्रदर्शन और व्यावसायिक उपयोग संबंधित संस्थाओं द्वारा आगे जारी किए जाने वाले आधिकारिक विवरणों पर निर्भर करेगा।













































