
जमशेदपुर: World पर्यावरण दिवस के अवसर पर पूर्वी सिंहभूम जिला प्रशासन द्वारा परिसदन परिसर में वृक्षारोपण कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस अवसर पर उपायुक्त राजीव रंजन, उप विकास आयुक्त नागेंद्र पासवान, अनुमंडल पदाधिकारी धालभूम अर्नव मिश्रा, अपर उपायुक्त अनुराग तिवारी, जिला उद्यान पदाधिकारी सहित अन्य अधिकारियों ने पौधारोपण कर पर्यावरण संरक्षण का संदेश दिया। कार्यक्रम के माध्यम से लोगों को पर्यावरण संरक्षण, हरियाली बढ़ाने तथा वृक्षों के महत्व के प्रति जागरूक करने का प्रयास किया गया।

World पर्यावरण दिवस के अवसर पर आयोजित इस कार्यक्रम में अधिकारियों ने न केवल पौधे लगाए, बल्कि लोगों से भी पर्यावरण संरक्षण को जन आंदोलन बनाने का आह्वान किया। कार्यक्रम का उद्देश्य समाज में पर्यावरण के प्रति जागरूकता बढ़ाना और लोगों को अधिक से अधिक पौधे लगाने के लिए प्रेरित करना था।
पौधारोपण के साथ संरक्षण का भी लिया संकल्प
कार्यक्रम के दौरान विभिन्न प्रजातियों के पौधे लगाए गए। उपस्थित अधिकारियों ने पौधारोपण के साथ-साथ उनके संरक्षण और संवर्धन का भी संकल्प लिया। अधिकारियों ने कहा कि पौधारोपण तभी सार्थक होगा जब लगाए गए पौधों की नियमित देखभाल की जाए और उन्हें वृक्ष बनने तक संरक्षित रखा जाए।
परिसदन परिसर में लगाए गए पौधे आने वाले वर्षों में न केवल हरियाली बढ़ाएंगे, बल्कि स्वच्छ वातावरण और बेहतर पारिस्थितिकी तंत्र के निर्माण में भी योगदान देंगे।
पर्यावरण संरक्षण समय की सबसे बड़ी आवश्यकता
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए उपायुक्त राजीव रंजन ने कहा कि वर्तमान समय में पर्यावरण संरक्षण मानव समाज के सामने सबसे बड़ी चुनौतियों में से एक है। तेजी से बढ़ते शहरीकरण, औद्योगिकीकरण और प्राकृतिक संसाधनों के अत्यधिक दोहन के कारण पर्यावरणीय संतुलन प्रभावित हो रहा है।
उन्होंने कहा कि जलवायु परिवर्तन, वायु प्रदूषण, जल संकट और जैव विविधता में कमी जैसी समस्याएं आज पूरी दुनिया के सामने गंभीर चिंता का विषय बनी हुई हैं। ऐसे में प्रत्येक व्यक्ति की जिम्मेदारी है कि वह पर्यावरण संरक्षण में अपना योगदान दे।
प्रत्येक व्यक्ति लगाए कम-से-कम एक पौधा
उपायुक्त ने कहा कि पर्यावरण संरक्षण के लिए प्रत्येक नागरिक को अपने जीवन में कम-से-कम एक पौधा अवश्य लगाना चाहिए। उन्होंने कहा कि यदि प्रत्येक व्यक्ति एक पौधा लगाकर उसकी देखभाल करे, तो पर्यावरण संरक्षण की दिशा में बड़ा बदलाव लाया जा सकता है।
उन्होंने लोगों से अपील करते हुए कहा कि पौधारोपण को केवल औपचारिक कार्यक्रम न समझें, बल्कि इसे अपने जीवन का हिस्सा बनाएं। जन्मदिन, विवाह वर्षगांठ और अन्य विशेष अवसरों पर पौधे लगाकर पर्यावरण संरक्षण में योगदान दिया जा सकता है।

वृक्षों का संरक्षण भी उतना ही जरूरी
उपायुक्त राजीव रंजन ने कहा कि केवल पौधे लगाना ही पर्याप्त नहीं है। सबसे महत्वपूर्ण बात यह है कि लगाए गए पौधों का संरक्षण और संवर्धन किया जाए।
उन्होंने कहा कि अक्सर लोग पौधारोपण कार्यक्रमों में भाग लेते हैं, लेकिन बाद में पौधों की देखभाल नहीं हो पाती, जिसके कारण वे नष्ट हो जाते हैं। इसलिए पौधों को नियमित पानी देना, सुरक्षा प्रदान करना और उनकी निगरानी करना आवश्यक है।
वृक्ष हैं जीवन का आधार
कार्यक्रम में वक्ताओं ने कहा कि वृक्ष मानव जीवन के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण हैं। वृक्ष हमें ऑक्सीजन प्रदान करते हैं, वातावरण को शुद्ध करते हैं और प्राकृतिक संतुलन बनाए रखने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।
इसके अलावा वृक्ष मिट्टी के कटाव को रोकते हैं, वर्षा चक्र को संतुलित रखते हैं तथा अनेक जीव-जंतुओं के लिए आश्रय स्थल का कार्य करते हैं। इसलिए वृक्षों का संरक्षण केवल पर्यावरण के लिए ही नहीं बल्कि मानव अस्तित्व के लिए भी आवश्यक है।
हरियाली से मिलेगा स्वच्छ और स्वस्थ वातावरण
कार्यक्रम के दौरान अधिकारियों ने कहा कि अधिक से अधिक वृक्ष लगाने से न केवल पर्यावरण संरक्षित होगा बल्कि लोगों को स्वच्छ और स्वस्थ वातावरण भी मिलेगा।
उन्होंने कहा कि शहरों और ग्रामीण क्षेत्रों में हरियाली बढ़ाने के लिए सामूहिक प्रयासों की आवश्यकता है। सरकारी योजनाओं के साथ-साथ आम नागरिकों की भागीदारी भी इस दिशा में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकती है।
World पर्यावरण दिवस का महत्व
विश्व पर्यावरण दिवस हर वर्ष 5 जून को मनाया जाता है। इसका उद्देश्य पर्यावरण संरक्षण के प्रति लोगों को जागरूक करना और प्रकृति के संरक्षण के लिए सामूहिक प्रयासों को बढ़ावा देना है।
इस अवसर पर दुनिया भर में विभिन्न कार्यक्रम आयोजित किए जाते हैं, जिनमें वृक्षारोपण, स्वच्छता अभियान, जागरूकता रैलियां और पर्यावरण संरक्षण से जुड़े अन्य कार्यक्रम शामिल होते हैं।
जमशेदपुर में आयोजित यह कार्यक्रम भी इसी दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल के रूप में देखा जा रहा है।

अधिकारियों की सक्रिय भागीदारी
वृक्षारोपण कार्यक्रम में जिला प्रशासन के वरिष्ठ अधिकारियों ने सक्रिय भागीदारी निभाई। उपायुक्त राजीव रंजन के साथ उप विकास आयुक्त नागेंद्र पासवान, अनुमंडल पदाधिकारी धालभूम अर्नव मिश्रा, अपर उपायुक्त अनुराग तिवारी, जिला उद्यान पदाधिकारी सहित अन्य अधिकारियों ने पौधारोपण किया।
सभी अधिकारियों ने पर्यावरण संरक्षण को लेकर अपनी प्रतिबद्धता व्यक्त की और लोगों से भी इस अभियान से जुड़ने का आह्वान किया।
जनभागीदारी से सफल होगा पर्यावरण संरक्षण अभियान
कार्यक्रम के दौरान यह संदेश दिया गया कि पर्यावरण संरक्षण केवल सरकार या प्रशासन की जिम्मेदारी नहीं है। इसमें समाज के प्रत्येक व्यक्ति की भागीदारी आवश्यक है।
यदि नागरिक स्वयं आगे बढ़कर पौधारोपण करें, जल संरक्षण को बढ़ावा दें और पर्यावरण के प्रति जिम्मेदार व्यवहार अपनाएं, तो पर्यावरणीय चुनौतियों का प्रभावी समाधान संभव है।
हरित भविष्य के निर्माण का आह्वान
कार्यक्रम के समापन पर उपायुक्त ने सभी नागरिकों से अधिक से अधिक पौधे लगाने और उनके संरक्षण का संकल्प लेने की अपील की। उन्होंने कहा कि आज लगाए गए पौधे आने वाली पीढ़ियों के लिए स्वच्छ हवा, हरियाली और सुरक्षित पर्यावरण का आधार बनेंगे।
World पर्यावरण दिवस पर आयोजित यह वृक्षारोपण कार्यक्रम लोगों को प्रकृति के प्रति अपनी जिम्मेदारियों का एहसास कराने और हरित भविष्य के निर्माण की दिशा में प्रेरित करने वाला साबित हुआ। जिला प्रशासन ने स्पष्ट संदेश दिया कि पर्यावरण संरक्षण केवल एक दिन का अभियान नहीं, बल्कि निरंतर चलने वाली सामाजिक जिम्मेदारी है।









