📰 Share Local News

Be the voice of your city! Send text, photos & videos directly to our newsroom.

मौसम मनोरंजन चुनाव टेक्नोलॉजी खेल क्राइम जॉब सोशल लाइफस्टाइल देश-विदेश व्यापार मोटिवेशनल मूवी धार्मिक त्योहार Inspirational गजब-दूनिया

Bagodar में पुलिस के खिलाफ प्रतिवाद मार्च मिथिलेश यादव हत्याकांड के मुख्य आरोपी की गिरफ्तारी की मांग

On: August 23, 2026 8:15 PM
Follow Us:

बगोदर: Bagodar के हेसला निवासी समाजसेवी मिथिलेश यादव की हत्या के मामले में मुख्य आरोपी की गिरफ्तारी नहीं होने से लोगों में भारी आक्रोश देखा जा रहा है। हत्याकांड के विरोध में रविवार को बगोदर में पुलिस प्रशासन के खिलाफ प्रतिवाद मार्च निकाला गया। मार्च में शामिल लोगों ने पुलिस की कार्यशैली पर सवाल उठाते हुए जमकर नारेबाजी की और हत्याकांड के मुख्य आरोपी रिंकू रजक को जल्द गिरफ्तार करने की मांग की।

---Advertisement---
Netaji Advertisement

प्रतिवाद मार्च के दौरान बड़ी संख्या में लोग सड़क पर उतरे। लोगों ने हाथों में तख्तियां और बैनर लेकर पुलिस प्रशासन से हत्याकांड की निष्पक्ष जांच और आरोपियों की गिरफ्तारी की मांग की। प्रदर्शनकारियों का कहना था कि समाजसेवी मिथिलेश यादव की हत्या जैसी गंभीर घटना के बाद भी मुख्य आरोपी की गिरफ्तारी नहीं होना पुलिस की कार्यप्रणाली को लेकर कई सवाल खड़े करता है।

72 घंटे के अंदर सीआईडी जांच की मांग

प्रदर्शनकारियों ने मांग की कि मिथिलेश यादव हत्याकांड की जांच सीआईडी से कराई जाए। लोगों ने कहा कि मामले की गंभीरता को देखते हुए 72 घंटे के अंदर सीआईडी जांच की प्रक्रिया शुरू की जानी चाहिए, ताकि पूरे मामले की निष्पक्ष और पारदर्शी तरीके से जांच हो सके।

प्रदर्शनकारियों का कहना है कि स्थानीय स्तर पर जांच को लेकर लोगों के मन में कई तरह के सवाल हैं। ऐसे में सीआईडी जैसी स्वतंत्र जांच एजेंसी से मामले की जांच होने पर सच्चाई सामने आने की उम्मीद है। लोगों ने पुलिस प्रशासन से मामले को गंभीरता से लेते हुए जल्द ठोस कार्रवाई करने की मांग की।

रिंकू रजक की गिरफ्तारी की मांग

प्रतिवाद मार्च में सबसे प्रमुख मांग हत्याकांड के मुख्य आरोपी बताए जा रहे रिंकू रजक की गिरफ्तारी को लेकर रही। प्रदर्शनकारियों ने पुलिस प्रशासन से मांग की कि आरोपी को जल्द से जल्द गिरफ्तार कर उसके खिलाफ कानून के तहत कड़ी कार्रवाई की जाए।

लोगों ने कहा कि हत्या जैसे गंभीर मामले में किसी भी आरोपी को लंबे समय तक खुले में रहने की अनुमति नहीं मिलनी चाहिए। पुलिस को मामले में तेजी से कार्रवाई करते हुए आरोपी की गिरफ्तारी सुनिश्चित करनी चाहिए, ताकि पीड़ित परिवार और स्थानीय लोगों को न्याय मिलने की दिशा में आगे बढ़ा जा सके।

पुलिस प्रशासन के खिलाफ जमकर नारेबाजी

प्रतिवाद मार्च के दौरान प्रदर्शनकारियों ने पुलिस प्रशासन के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। लोगों ने पुलिस की कार्यशैली पर नाराजगी जताते हुए कहा कि हत्याकांड के मुख्य आरोपी की गिरफ्तारी में देरी से आम लोगों में असंतोष बढ़ रहा है।

प्रदर्शनकारियों ने पुलिस से मांग की कि मामले में किसी भी प्रकार की लापरवाही नहीं बरती जाए। साथ ही जांच की प्रक्रिया को तेज करते हुए सभी तथ्यों की गंभीरता से जांच की जाए। लोगों ने कहा कि जब तक मामले में दोषियों के खिलाफ कार्रवाई नहीं होती, तब तक आंदोलन जारी रखने पर भी विचार किया जा सकता है।

होटल में अवैध कारोबार बंद कराने की मांग

प्रतिवाद मार्च के दौरान रिंकू रजक से जुड़े होटल में कथित अवैध कारोबार को तत्काल बंद कराने की मांग भी उठाई गई। प्रदर्शनकारियों ने प्रशासन से कहा कि यदि होटल में किसी प्रकार की अवैध गतिविधि संचालित हो रही है तो उसकी तत्काल जांच कराकर उसे बंद कराया जाए।

लोगों ने प्रशासन से होटल और उससे जुड़े कारोबार की भी जांच कराने की मांग की। प्रदर्शनकारियों का कहना था कि क्षेत्र में किसी भी प्रकार की अवैध गतिविधि को संरक्षण नहीं मिलना चाहिए। पुलिस और प्रशासन को कानून के अनुसार कार्रवाई करते हुए ऐसी गतिविधियों पर रोक लगानी चाहिए।

समाजसेवी मिथिलेश यादव की हत्या से लोगों में आक्रोश

हेसला निवासी समाजसेवी मिथिलेश यादव की हत्या की घटना से स्थानीय लोगों में गहरा आक्रोश है। समाजसेवा से जुड़े व्यक्ति की हत्या ने क्षेत्र के लोगों को झकझोर दिया है। घटना के बाद से ही लोग दोषियों की गिरफ्तारी और पीड़ित परिवार को न्याय दिलाने की मांग कर रहे हैं।

स्थानीय लोगों का कहना है कि मिथिलेश यादव की हत्या के मामले में पूरी सच्चाई सामने आना जरूरी है। घटना के पीछे कौन लोग शामिल हैं, हत्या की वजह क्या थी और इसमें अन्य लोगों की कोई भूमिका है या नहीं, इन सभी बिंदुओं की निष्पक्ष जांच होनी चाहिए।

निष्पक्ष जांच से सामने आएगी सच्चाई

प्रदर्शनकारियों ने कहा कि किसी भी हत्या के मामले में जांच निष्पक्ष और तथ्यों के आधार पर होनी चाहिए। यदि मामले की जांच सीआईडी से होती है तो इससे लोगों का भरोसा मजबूत हो सकता है। प्रदर्शनकारियों ने 72 घंटे के अंदर सीआईडी जांच की दिशा में कार्रवाई शुरू करने की मांग की है।

लोगों ने पुलिस प्रशासन से यह भी अपील की कि जांच के दौरान किसी निर्दोष व्यक्ति को परेशान न किया जाए और जो भी व्यक्ति दोषी पाया जाए, उसके खिलाफ कानून के तहत कार्रवाई की जाए।

पीड़ित परिवार को न्याय दिलाने की मांग

प्रतिवाद मार्च में शामिल लोगों ने मिथिलेश यादव के परिवार को न्याय दिलाने की मांग की। लोगों का कहना था कि परिवार ने अपने एक सदस्य को खोया है और ऐसे कठिन समय में प्रशासन की जिम्मेदारी है कि वह परिवार को न्याय दिलाने के लिए पूरी गंभीरता से काम करे।

प्रदर्शनकारियों ने कहा कि न्याय तभी सुनिश्चित होगा जब हत्याकांड की पूरी सच्चाई सामने आएगी और दोषियों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई होगी। इसलिए पुलिस प्रशासन को मामले में तेजी से कार्रवाई करनी चाहिए।

प्रशासन से जल्द कार्रवाई की उम्मीद

प्रतिवाद मार्च के माध्यम से प्रदर्शनकारियों ने पुलिस और प्रशासन को अपनी मांगों से अवगत कराया। उनकी प्रमुख मांगों में 72 घंटे के अंदर सीआईडी जांच की प्रक्रिया शुरू करना, हत्याकांड के मुख्य आरोपी रिंकू रजक की गिरफ्तारी और उसके होटल में कथित अवैध कारोबार को तत्काल बंद कराना शामिल रहा।

अब लोगों की नजर पुलिस प्रशासन की अगली कार्रवाई पर है। स्थानीय लोगों को उम्मीद है कि प्रशासन मामले की गंभीरता को देखते हुए जल्द ठोस कदम उठाएगा और मिथिलेश यादव हत्याकांड की जांच को निष्पक्ष तरीके से आगे बढ़ाया जाएगा।

Bagodar में निकाला गया यह प्रतिवाद मार्च मिथिलेश यादव हत्याकांड को लेकर लोगों के आक्रोश और न्याय की मांग को सामने लाता है। प्रदर्शनकारियों ने स्पष्ट रूप से कहा कि मामले की निष्पक्ष जांच होनी चाहिए और मुख्य आरोपी की जल्द गिरफ्तारी की जानी चाहिए। साथ ही रिंकू रजक के होटल में कथित अवैध कारोबार की जांच कर उसे बंद कराने की मांग भी उठाई गई।

लोगों की मांग है कि 72 घंटे के अंदर सीआईडी जांच की प्रक्रिया शुरू हो और पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कर दोषियों के खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई की जाए। अब यह देखना महत्वपूर्ण होगा कि पुलिस और प्रशासन इन मांगों पर क्या कदम उठाते हैं।

---Advertisement---
Netaji Advertisement
---Advertisement---
Netaji Advertisement

Leave a Comment