मौसममनोरंजनचुनावटेक्नोलॉजीखेलक्राइमजॉबसोशललाइफस्टाइलदेश-विदेशव्यापारमोटिवेशनलमूवीधार्मिकत्योहारInspirationalगजब-दूनिया

मानगो दया हॉस्पिटल के संचालक मुमताज अहमद हुए साइबर फ्रॉड के शिकार।

Ce94618781f51ab2727e4c0bd2ddd427
On: August 18, 2024 3:09 PM
Follow Us:
मानगो दया हॉस्पिटल के संचालक मुमताज अहमद हुए साइबर फ्रॉड के शिकार।
---Advertisement---

यहां आपका विज्ञापन लग सकता है!

अपने ब्रांड या सर्विस को हजारों विज़िटर्स तक पहुंचाने का बेहतरीन मौका। टार्गेटेड ऑडियंस और बेहतर विज़िबिलिटी के साथ, इस जगह पर लगाएं अपना ऐड!

Book Now

या कॉल करें: +91-7004699926

B 1

जमशेदपुर: मानगो दया हॉस्पिटल के संचालक मुमताज अहमद हुए साइबर फ्रॉड के शिकार। उन्होंने बताया की शाहीद अकबर नामक युवक ने उनके दया हॉस्पिटल से लगभग 60 से 70 लाख का घोटाला किया था। जिसके खिलाफ मुकदमा चला। करीब चार महीने पहले उसने  हाई कोर्ट से लॉ कोरसिव लिया। उसके बाद उसने फेसबुक में आयशा खातून के नाम से एक फेक आईडी बनाया साथ ही दया हॉस्पिटल के नाम से दूसरा फेक आईडी बनाया। आयशा खातून के नाम से बनाये गए फेसबुक आईडी से उसने मेरे कई आपत्तिजनक पोस्ट भेजना आरम्भ कर दिया। मेरे सोशल अकाउंट से पोस्ट को स्क्रीन शॉट कर लेता था। और एडिट करके उसे वायरल किया करता था। यह कार्य वह पिछले चार महीनों से कर रहा है।

A 2
शाहीद अकबर को मानगो थाना से बिस्टुपुर साइबर थाना ले जाती साइबर पुलिस
शाहीद अकबर को मानगो थाना से बिस्टुपुर साइबर थाना ले जाती साइबर पुलिस

यह भी पढ़ें : स्वतंत्रता दिवस से पहले “दबिस्तान-ए-जमशेदपुर” ने काव्य गोष्ठी आयोजित की।

उन्होंने आगे बताया की इन सब घटनाओं की वजह से वे डिप्रेशन में चले गए थे और डिप्रेशन का इलाज करवा रहे हैं। वहीं उसने दया हॉस्पिटल के फेक आईडी से दया हॉस्पिटल के कॉन्फिडेंशियल डॉक्युमेंट्स को भी वायरल कर रहा था।

जिस सम्बन्ध में मैंने साइबर थाने में शिकायत की। तब जाकर मुझे जानकारी हुई कि इस सबका कर्ता-धर्ता शाहिद है। उसने अमेरिका का API इस्तेमाल किया था, लेकिन साइबर थाने से जानकारी मिली कि शाहिद ने अपने मोबाइल से ही सारे फेक काम किये हैं। अब वह पुलिस की गिरफ्त में आ चुका है। न्यायालय इसका फैसला करेगी।

शाहिद से संबंधों को लेकर उन्होंने बताया कि दया हॉस्पिटल को चलाने के लिए शाहिद को जिम्मेदारी सौंपी थी। जिसका शाहिद ने गलत कदम उठाया और 60 से 70 लाख रुपयों का गबन कर लिया। हॉस्पिटल में अपना बारकोड लगा दिया और हॉस्पिटल का पैसा अपने बारकोड में लेना आरम्भ कर दिया।

उसने बड़ी चालाकी से मेरे स्टाफ से ऐनी डेस्क में कनेक्ट हुआ और हॉस्पिटल की जरूरी डॉक्युमेंट्स को कंप्यूटर से डिलीट कर दिया। जिसकी जानकारी उनके स्टाफ ने बाद में दी और वह इस मामले में गवाह बना।

Advertisement
Advertisement
WhatsApp Image 2026 05 11 At 11.09.39 AM
Ce94618781f51ab2727e4c0bd2ddd427

Anil Kumar Maurya

अनिल कुमार मौर्य एक अनुभवी पत्रकार, मीडिया रणनीतिकार और सामाजिक चिंतक हैं, जिन्हें पत्रकारिता एवं मीडिया क्षेत्र में 10 से अधिक वर्षों का अनुभव है। वे वर्तमान में The News Frame के संस्थापक और मुख्य संपादक के रूप में कार्यरत हैं — एक डिजिटल न्यूज़ प्लेटफॉर्म जो क्षेत्रीय, राष्ट्रीय और सामाजिक सरोकारों को निष्पक्ष और प्रभावशाली ढंग से प्रस्तुत करता है।अनिल जी राष्ट्रीय पत्रकार मीडिया संगठन (Rashtriya Patrakar Media Sangathan) के राष्ट्रीय अध्यक्ष भी हैं, जहां वे पत्रकारों के अधिकारों, मीडिया की स्वतंत्रता और सामाजिक न्याय के लिए सक्रिय भूमिका निभा रहे हैं।

Leave a Comment

धार्मिक

See All

लाइफस्टाइल

See All

मौसम

See All

खेल

See All

क्राइम

See All

Entertainment

See All

ज्योतिष

See All
Link copied