
पूर्वी सिंहभूम: Musabani थाना क्षेत्र में पुलिस ने अवैध शराब कारोबार के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए बड़ी मात्रा में शराब की खेप बरामद की है। पुलिस को गुप्त सूचना मिली थी कि एक लाल रंग की टाटा मैजिक गाड़ी के जरिए अवैध शराब की खेप मुसाबनी इलाके में खपाने की तैयारी की जा रही है। सूचना को गंभीरता से लेते हुए वरीय पदाधिकारियों के निर्देश पर मुसाबनी थाना क्षेत्र में सघन वाहन चेकिंग अभियान चलाया गया। इसी दौरान मुसाबनी-जादूगोड़ा मुख्य मार्ग पर एचसीएल कंपनी के प्रशिक्षण भवन के सामने संदिग्ध वाहन को रोका गया और तलाशी के दौरान बड़ी मात्रा में शराब बरामद की गई।

पुलिस ने मौके से 25 कार्टन में 300 बोतल किंगफिशर बीयर और एक कार्टन में 12 बोतल 8 पीएम प्रीमियम ब्लैक एलाइट व्हिस्की बरामद की। इस तरह कुल 312 बोतल शराब के साथ एक टाटा मैजिक वाहन को जब्त किया गया। मामले में वाहन चालक और खलासी को गिरफ्तार कर लिया गया है, जबकि वाहन मालिक के खिलाफ भी प्राथमिकी दर्ज कर आगे की कार्रवाई की जा रही है।
8 जुलाई की मध्यरात्रि में मिली थी गुप्त सूचना
पुलिस के अनुसार 08 जुलाई 2026 की मध्य रात्रि को सूचना मिली थी कि एक लाल रंग की टाटा मैजिक गाड़ी में अवैध शराब की खेप लोड कर मुसाबनी क्षेत्र में सप्लाई की जानी है। यह शराब इलाके में अवैध रूप से खपाने की योजना थी। सूचना मिलते ही पुलिस हरकत में आ गई और वरीय अधिकारियों को मामले की जानकारी दी गई। इसके बाद आवश्यक कार्रवाई के लिए मुसाबनी थाना क्षेत्र में विशेष निगरानी और चेकिंग अभियान शुरू किया गया।
सूचना के सत्यापन के बाद पुलिस ने मुसाबनी-जादूगोड़ा मुख्य मार्ग को कार्रवाई के लिए चुना, क्योंकि यह मार्ग इलाके में आने-जाने का अहम रास्ता है। पुलिस टीम ने एचसीएल कंपनी के प्रशिक्षण भवन के सामने बैरिकेडिंग और वाहन जांच की व्यवस्था की। इसी दौरान एक संदिग्ध वाहन को आते देखा गया, जिसे रोककर जांच की गई और पूरा मामला सामने आ गया।
एचसीएल प्रशिक्षण भवन के सामने चेकिंग के दौरान पकड़ी गई गाड़ी
पुलिस द्वारा चलाए जा रहे चेकिंग अभियान के दौरान मुसाबनी-जादूगोड़ा मुख्य मार्ग पर एचसीएल कंपनी के प्रशिक्षण भवन के सामने एक वाहन आता दिखाई दिया। वाहन की गतिविधि संदिग्ध लगने पर पुलिस टीम ने उसे रुकवाया और जांच शुरू की। वाहन की तलाशी लेने पर पुलिस को उसमें भारी मात्रा में शराब की खेप मिली।
जांच में पाया गया कि वाहन में 25 कार्टन में कुल 300 बोतल KINGFISHER ब्रांड की शराब रखी गई थी। इसके अलावा एक कार्टन में कुल 12 बोतल 8 PM Premium Black Elite Whisky भी बरामद की गई। इतनी बड़ी मात्रा में शराब एक साथ मिलने के बाद पुलिस ने वाहन को तत्काल जब्त कर लिया और वाहन में सवार लोगों से पूछताछ शुरू की।
टाटा मैजिक वाहन से बरामद हुई 312 बोतल शराब
पुलिस कार्रवाई में बरामद सामग्री के अनुसार कुल 26 कार्टन शराब जब्त की गई। इनमें से 25 कार्टन में 300 पीस किंगफिशर की बोतलें थीं, जबकि एक कार्टन में 12 पीस एलाइट व्हिस्की की बोतलें थीं। इस तरह कुल 312 बोतल शराब बरामद हुई।
पुलिस ने शराब ढोने में इस्तेमाल किए जा रहे टाटा मैजिक चारपहिया वाहन को भी जब्त कर लिया। वाहन का रजिस्ट्रेशन नंबर JH05BN2155 बताया गया है। प्रारंभिक जांच में पुलिस को यह भी जानकारी मिली कि यह शराब नियमित या वैध आपूर्ति के लिए नहीं, बल्कि अवैध बिक्री के लिए ले जाई जा रही थी। यही कारण है कि पुलिस ने मामले को गंभीर मानते हुए तत्काल कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी।
पूछताछ में खुलासा पारुलिया में बुधराम बेसरा के घर ले जाई जा रही थी खेप
मौके पर गिरफ्तार किए गए वाहन चालक और खलासी से पूछताछ के दौरान पुलिस को मामले में महत्वपूर्ण जानकारी मिली। पूछताछ में पता चला कि यह शराब जादूगोड़ा, माटीगोड़ा स्थित शराब दुकान से लाई जा रही थी और इसे पारुलिया गांव में बुधराम बेसरा के घर पहुंचाने की योजना थी। वहां से इस शराब की अवैध बिक्री किए जाने की बात सामने आई।
पुलिस के अनुसार, पूछताछ में यह भी जानकारी मिली कि शराब की खेप जिस टाटा मैजिक गाड़ी से ले जाई जा रही थी, वह भी बुधराम बेसरा की ही बताई जा रही है। यानी वाहन मालिक और शराब सप्लाई के संभावित गंतव्य के बीच सीधा संबंध सामने आया है। पुलिस अब इस पूरे नेटवर्क की कड़ी से कड़ी जोड़कर यह पता लगाने में जुटी है कि शराब की अवैध बिक्री कितने बड़े स्तर पर की जा रही थी और इसमें अन्य कौन-कौन लोग शामिल हैं।
दो आरोपी गिरफ्तार वाहन मालिक के खिलाफ भी मामला दर्ज
इस मामले में पुलिस ने मौके से दो लोगों को गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार आरोपियों में पहला नाम जानूम सिंह सुंडी का है, जिसकी उम्र करीब 25 वर्ष बताई गई है। उसके पिता का नाम सलाय सुंडी है और वह रोहनीगोड़ा, ग्राम पारुलिया, पोस्ट डुमरिया, थाना मुसाबनी, जिला पूर्वी सिंहभूम का रहने वाला है। दूसरा आरोपी सोमा पूर्ति है, जिसकी उम्र करीब 30 वर्ष है। उसके पिता का नाम विजय पूर्ति है और वह भी रोहनीगोड़ा, ग्राम पारुलिया, पोस्ट डुमरिया, थाना मुसाबनी, जिला पूर्वी सिंहभूम का निवासी है।
पुलिस ने बताया कि जानूम सिंह सुंडी वाहन चालक था, जबकि सोमा पूर्ति खलासी के रूप में उसके साथ मौजूद था। दोनों से पूछताछ के बाद वाहन मालिक बुधराम बेसरा की भूमिका भी सामने आई है। इसी आधार पर चालक, खलासी और वाहन मालिक तीनों के खिलाफ मामला दर्ज कर आगे की कार्रवाई की जा रही है।
Musabani थाना कांड संख्या 23/26 दर्ज, BNS और Excise Act की धाराओं में केस
मामले में Musabani थाना में कांड संख्या 23/26 दर्ज किया गया है। पुलिस ने यह प्राथमिकी 09 जुलाई 2026 को दर्ज की। आरोपियों के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 274/275 और Excise Act की धारा 47(a) के तहत मामला दर्ज किया गया है। पुलिस का कहना है कि बरामद शराब, वाहन और पूछताछ में सामने आए तथ्यों के आधार पर आगे की कानूनी प्रक्रिया पूरी की जा रही है।
इन धाराओं के तहत अवैध शराब के परिवहन, भंडारण, सप्लाई और बिक्री से जुड़े अपराधों पर कार्रवाई की जाती है। पुलिस अब यह भी जांच कर रही है कि शराब की यह खेप वैध खरीद के बाद अवैध बिक्री के लिए भेजी जा रही थी या इसके पीछे कोई बड़ा तस्करी नेटवर्क सक्रिय है। साथ ही, यह भी जांच का विषय है कि क्या इस तरह की खेप पहले भी इसी रूट से भेजी गई थी।
बरामदगी की सूची वाहन से लेकर शराब तक सब जब्त
पुलिस ने इस कार्रवाई में बरामद सामग्री की विस्तृत सूची भी तैयार की है। जब्त की गई वस्तुओं में सबसे पहले एक टाटा मैजिक चारपहिया वाहन शामिल है, जिसका रजिस्ट्रेशन नंबर JH05BN2155 है। इसके अलावा 25 कार्टन में कुल 300 पीस KINGFISHER की बोतलें बरामद हुईं। साथ ही एक कार्टन में कुल 12 पीस ELITE WHISKY की बोतलें भी मिलीं।
इस तरह कुल 26 कार्टन और 312 बोतल शराब जब्त की गई। पुलिस के अनुसार, बरामदगी की यह मात्रा इस बात का संकेत देती है कि मामला केवल व्यक्तिगत उपभोग का नहीं, बल्कि संगठित तरीके से अवैध बिक्री या आपूर्ति से जुड़ा हो सकता है। इसी कारण मामले को गंभीरता से लेते हुए आगे की जांच तेज कर दी गई है।
छापेमारी दल में शामिल रही पुलिस टीम
इस कार्रवाई को अंजाम देने के लिए मुसाबनी थाना क्षेत्र में विशेष पुलिस टीम सक्रिय की गई थी। प्रेस विज्ञप्ति के अनुसार, छापेमारी दल में पुलिस उपाधीक्षक मुसाबनी श्री रोहित कुमार रजवार शामिल थे। उनके नेतृत्व में चलाए गए अभियान के दौरान वाहन को पकड़ा गया और पूरी बरामदगी की गई।
संभावना है कि इस टीम में मुसाबनी थाना के अन्य पुलिसकर्मी और जांच अधिकारी भी शामिल रहे होंगे, जिन्होंने गुप्त सूचना के सत्यापन से लेकर वाहन की घेराबंदी, तलाशी और आरोपियों की गिरफ्तारी तक पूरी कार्रवाई को अंजाम दिया। इस तरह की कार्रवाई यह दिखाती है कि स्थानीय पुलिस अवैध शराब कारोबार के खिलाफ सक्रिय रुख अपना रही है और गुप्त सूचनाओं पर तुरंत प्रतिक्रिया दे रही है।
अवैध शराब कारोबार पर पुलिस की सख्ती, नेटवर्क खंगालने की तैयारी
Musabani में हुई यह कार्रवाई केवल एक वाहन पकड़ने या शराब जब्त करने तक सीमित नहीं है, बल्कि यह संकेत भी देती है कि पुलिस अब इलाके में अवैध शराब कारोबार पर सख्त नजर रख रही है। ग्रामीण और अर्धशहरी क्षेत्रों में कई बार शराब की अवैध सप्लाई छोटे वाहनों के जरिए की जाती है, ताकि संदेह कम हो और आसानी से माल पहुंचाया जा सके। लेकिन इस मामले में पुलिस की सतर्कता के कारण खेप पकड़ी गई और पूरा नेटवर्क खुलने की संभावना बनी है।
अब जांच एजेंसियां इस बात का पता लगाने में जुट सकती हैं कि शराब कहां से उठाई गई, किन लोगों की मिलीभगत थी, कहां-कहां सप्लाई होनी थी और इससे पहले कितनी बार इस तरह की खेप पहुंचाई गई। यदि जांच में और नाम सामने आते हैं, तो इस मामले में और गिरफ्तारियां भी हो सकती हैं।
पूर्वी सिंहभूम के मुसाबनी थाना क्षेत्र में पुलिस द्वारा की गई यह कार्रवाई अवैध शराब कारोबार के खिलाफ एक बड़ी सफलता मानी जा रही है। गुप्त सूचना के आधार पर चलाए गए सघन चेकिंग अभियान में टाटा मैजिक वाहन से 312 बोतल शराब बरामद की गई और दो लोगों को गिरफ्तार किया गया। पूछताछ में शराब की खेप को पारुलिया में बुधराम बेसरा के घर ले जाकर बेचने की योजना का खुलासा हुआ है, जिसके बाद वाहन मालिक के खिलाफ भी मामला दर्ज किया गया है।
Musabani थाना कांड संख्या 23/26 के तहत दर्ज इस मामले में पुलिस अब आगे की जांच कर रही है। यह कार्रवाई इस बात का स्पष्ट संकेत है कि पुलिस अवैध शराब की सप्लाई और बिक्री को लेकर सतर्क है और ऐसे मामलों में सख्त कार्रवाई के लिए तैयार है। आने वाले दिनों में जांच आगे बढ़ने पर इस नेटवर्क से जुड़े और लोगों के नाम भी सामने आ सकते हैं।

















