
जमशेदपुर: जनता दल यूनाइटेड पूर्वी सिंहभूम जिला इकाई की एक महत्वपूर्ण बैठक सोमवार को Bistupur स्थित पार्टी कार्यालय में जिला अध्यक्ष सुबोध श्रीवास्तव की अध्यक्षता में आयोजित की गई। बैठक में जिले के शहरी एवं ग्रामीण क्षेत्रों की विभिन्न जनसमस्याओं पर विस्तार से चर्चा की गई और प्रशासनिक कार्यप्रणाली पर गंभीर चिंता व्यक्त की गई।

बैठक में सड़क सुरक्षा, ट्रैफिक व्यवस्था, पेयजल संकट, सफाई व्यवस्था, स्ट्रीट लाइट, नगर निगम की योजनाओं, जुस्को की कार्यशैली तथा ग्रामीण क्षेत्रों की समस्याओं सहित कई महत्वपूर्ण विषयों पर विचार-विमर्श किया गया। पार्टी नेताओं ने कहा कि यदि जनहित से जुड़े इन मुद्दों का शीघ्र समाधान नहीं हुआ तो जनता दल यूनाइटेड जनआंदोलन करने के लिए बाध्य होगी।
ट्रैफिक कुप्रबंधन और अवैध पार्किंग पर जताई चिंता
बैठक में शहर की यातायात व्यवस्था को लेकर गंभीर चिंता व्यक्त की गई। नेताओं ने कहा कि सड़कों पर बस, ट्रक, ट्रेलर एवं अन्य बड़े वाहनों की अवैध पार्किंग के कारण दुर्घटनाओं की आशंका लगातार बढ़ रही है।
इसके अलावा सड़क किनारे पेड़ों के पीछे छिपकर तथा अचानक सड़क पर दौड़कर वाहन जांच अभियान चलाने की प्रक्रिया को भी आम जनता और वाहन चालकों के लिए जोखिमपूर्ण बताया गया। जदयू नेताओं का कहना था कि इस प्रकार की कार्रवाई से दुर्घटनाएं हो सकती हैं और लोगों की जान खतरे में पड़ सकती है।

मानगो बस स्टैंड और नो-एंट्री व्यवस्था में सुधार की मांग
बैठक में मानगो बस स्टैंड से निकलने वाली बसों के सड़क किनारे ठहराव पर तत्काल रोक लगाने की मांग की गई। साथ ही नो-एंट्री अवधि में चुनिंदा बड़े वाहनों को विशेष पास जारी करने की व्यवस्था पर भी सवाल उठाए गए।
पार्टी नेताओं का कहना था कि इस व्यवस्था के कारण शहर में लगातार जाम की स्थिति बनी रहती है, जिससे आम लोगों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ता है। उन्होंने प्रशासन से यातायात व्यवस्था को अधिक व्यवस्थित और जनहितकारी बनाने की मांग की।
दिशा समिति के निर्णयों का पालन नहीं होने पर नाराजगी
बैठक में कहा गया कि जिला विकास समन्वय एवं निगरानी समिति (दिशा) की बैठक में यह निर्णय लिया गया था कि सीसीटीवी युक्त स्थानों पर ही वाहन जांच अभियान चलाया जाएगा ताकि यातायात बाधित न हो और दुर्घटनाओं की संभावना कम रहे।
जदयू नेताओं ने आरोप लगाया कि वर्तमान में इस निर्णय का प्रभावी पालन नहीं किया जा रहा है। उन्होंने प्रशासन से दिशा समिति के निर्णयों का अक्षरशः अनुपालन सुनिश्चित करने तथा ट्रैफिक प्रबंधन में सुधार लाने की मांग की।
मानगो नगर निगम की योजनाओं में देरी पर उठाए सवाल
बैठक में मानगो नगर निगम (एमएनएसी) से संबंधित कई मुद्दों पर भी चर्चा हुई। नेताओं ने कहा कि कई विकास योजनाओं का शिलान्यास महीनों पहले हो चुका है, लेकिन आज तक उनका कार्य धरातल पर शुरू नहीं हो पाया है।
उन्होंने इसे अधिकारियों और ठेकेदारों की लापरवाही बताते हुए इसकी जांच कराने और दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की। साथ ही कहा कि बरसात से पहले सड़कों और नालियों की मरम्मत नहीं होने से जलभराव की समस्या उत्पन्न हो सकती है, जिसकी जिम्मेदारी तय की जानी चाहिए।
मानगो में पेयजल संकट से लोग परेशान
बैठक में मानगो क्षेत्र में उत्पन्न पेयजल संकट पर भी चिंता व्यक्त की गई। नेताओं ने बताया कि कई इलाकों में लोगों को रात 12 बजे या भोर 4 बजे पानी की आपूर्ति की जा रही है, जबकि कुछ क्षेत्रों में लोगों को पर्याप्त पानी मिल ही नहीं रहा है।
जदयू ने कहा कि पेयजल जैसी मूलभूत सुविधा के लिए लोगों को इस तरह परेशान होना दुर्भाग्यपूर्ण है। प्रशासन को तत्काल स्थायी समाधान निकालना चाहिए ताकि नागरिकों को नियमित जलापूर्ति मिल सके।
स्ट्रीट लाइट व्यवस्था पर उठाए गंभीर सवाल
बैठक में खराब स्ट्रीट लाइटों को समय पर नहीं बदले जाने पर भी नाराजगी व्यक्त की गई। नेताओं ने आरोप लगाया कि नए स्ट्रीट लाइट लगाने और उनकी खरीद प्रक्रिया से संबंधित जानकारी मांगने पर निगम अधिकारी स्पष्ट जवाब देने से बच रहे हैं।
उन्होंने कहा कि गलियों में अंधेरा रहने से चोरी, लूट और अन्य आपराधिक घटनाओं की संभावना बढ़ जाती है। जदयू ने स्ट्रीट लाइट से जुड़ी सभी जानकारियों को सार्वजनिक करने की मांग की।
कचरा प्रबंधन और खेल सुविधाओं की भी उठी मांग
बैठक में शहर की सफाई व्यवस्था पर भी चर्चा हुई। नेताओं ने कहा कि चिन्हित स्थानों से नियमित रूप से कचरा नहीं उठाया जा रहा है, जिससे गंदगी फैल रही है और लोगों को परेशानी हो रही है।
उन्होंने कचरा निष्पादन के लिए स्थायी एवं वैज्ञानिक व्यवस्था विकसित करने की मांग की। इसके साथ ही मानगो क्षेत्र के युवाओं के लिए इंडोर एवं आउटडोर स्टेडियम तथा एक सार्वजनिक पुस्तकालय की स्थापना की आवश्यकता पर भी बल दिया गया।
जेएनएसी की कार्यशैली पर भी जताई नाराजगी
बैठक में जमशेदपुर अधिसूचित क्षेत्र समिति (जेएनएसी) की कार्यशैली पर भी सवाल उठाए गए। नेताओं ने कहा कि गलियों और सड़कों पर कूड़े-कचरे का अंबार लगा हुआ है तथा सफाई कर्मचारियों की संख्या और संसाधनों में अनियमितता की शिकायतें लगातार मिल रही हैं।
उन्होंने आरोप लगाया कि कई अधिकारी समय पर कार्यालय नहीं पहुंचते, जिसके कारण आम जनता के कार्य प्रभावित होते हैं और लोगों को अनावश्यक परेशानियों का सामना करना पड़ता है।
जुस्को की कार्यप्रणाली पर भी उठे सवाल
बैठक में जुस्को की कार्यप्रणाली को लेकर भी असंतोष व्यक्त किया गया। नेताओं ने कहा कि बस्तियों में बिजली एवं पानी के नए कनेक्शन के लिए महीनों पहले आवेदन देने के बावजूद उपभोक्ताओं को लगातार टाल-मटोल का सामना करना पड़ रहा है।
इसके अलावा ऑक्यूपेशन सर्टिफिकेट की जटिल प्रक्रिया भी आम लोगों के लिए परेशानी का कारण बनी हुई है। जदयू ने इन प्रक्रियाओं को सरल और पारदर्शी बनाने की मांग की।
दुमरिया प्रखंड की समस्याओं को भी उठाया गया प्रमुखता से
बैठक में जिले के ग्रामीण क्षेत्रों, विशेषकर दुमरिया प्रखंड की समस्याओं पर भी विस्तार से चर्चा की गई। नेताओं ने बताया कि कई गांवों में लोग गड्ढों का दूषित पानी पीने को मजबूर हैं, जिससे मलेरिया एवं अन्य जलजनित बीमारियों का खतरा बढ़ रहा है।
साथ ही क्षेत्र की सड़कों की बदहाल स्थिति और प्रखंड विकास पदाधिकारी (बीडीओ) के नियमित रूप से देर से कार्यालय पहुंचने की शिकायतों पर भी चिंता व्यक्त की गई। इससे दूर-दराज के ग्रामीणों को अपनी समस्याएं रखने में कठिनाई होती है।
समस्याओं के समाधान नहीं होने पर जनआंदोलन की चेतावनी
बैठक के अंत में सर्वसम्मति से निर्णय लिया गया कि उपरोक्त सभी जनसमस्याओं को संबंधित विभागों और प्रशासन के समक्ष मजबूती से उठाया जाएगा। यदि समय रहते इन समस्याओं का समाधान नहीं किया गया तो जनता दल यूनाइटेड जनहित में व्यापक जनआंदोलन शुरू करेगा।
बैठक में जिला अध्यक्ष सुबोध श्रीवास्तव, महानगर अध्यक्ष अजय कुमार, जिला महामंत्री कुलविंदर सिंह पन्नू, उपाध्यक्ष एम. चन्द्रशेखर राव, भास्कर मुखी, युवा अध्यक्ष नीरज सिंह, महिला अध्यक्ष उषा यादव, प्रकाश कोया, राजेश प्रसाद, आकाश शाह, प्रेम सक्सेना, संजीव सिंह, दीपक गौड़, प्रवीण सिंह, शंकर कर्मकार, तारक मुखर्जी, चुन्नू भूमिज, शमशाद खान, लालू गौड़, मुश्ताक अहमद, विनोद सिंह, मनोज सिंह, मृत्युंजय शर्मा, विनीत सिंह, दिनेश सिंह, अशोक सिंह सहित अनेक पदाधिकारी उपस्थित रहे। बैठक का संचालन कुलविंदर सिंह पन्नू ने किया।











































