जमशेदपुर: पूर्वी सिंहभूम और सरायकेला-खरसावां जिले में Naxal गतिविधियों पर प्रभावी नियंत्रण और संवेदनशील क्षेत्रों में सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत करने को लेकर पुलिस अधिकारियों की महत्वपूर्ण समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक की अध्यक्षता पुलिस उप-महानिरीक्षक, सिंहभूम (कोल्हान) क्षेत्र, चाईबासा ने की।
बैठक में दोनों जिलों में नक्सल गतिविधियों से संबंधित मौजूदा स्थिति, संवेदनशील क्षेत्रों में पुलिस की मौजूदगी और लगातार चलाए जा रहे अभियानों की समीक्षा की गई। अधिकारियों को नक्सल गतिविधियों के खिलाफ अभियान को और प्रभावी बनाने तथा संवेदनशील क्षेत्रों में सतर्कता बढ़ाने के निर्देश दिए गए।
वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों ने लिया हिस्सा
समीक्षा बैठक में पुलिस उप-महानिरीक्षक, सिंहभूम (कोल्हान) क्षेत्र, चाईबासा, पुलिस उप-महानिरीक्षक, केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल (सीआरपीएफ), वरीय पुलिस अधीक्षक, पूर्वी सिंहभूम, जमशेदपुर, पुलिस अधीक्षक, सरायकेला-खरसावां तथा पुलिस अधीक्षक नगर/ग्रामीण, पूर्वी सिंहभूम, जमशेदपुर सहित कई वरिष्ठ पुलिस अधिकारी शामिल हुए।
इसके अलावा घाटशिला के अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी, मुसाबनी के पुलिस उपाधीक्षक, सीआरपीएफ के उप-समादेष्टा/सहायक समादेष्टा तथा संबंधित थाना प्रभारी भी बैठक में मौजूद रहे।
Naxal गतिविधियों की स्थिति पर हुई समीक्षा
बैठक के दौरान पूर्वी सिंहभूम और सरायकेला-खरसावां जिले के विभिन्न क्षेत्रों में नक्सल गतिविधियों से संबंधित स्थिति की समीक्षा की गई। अधिकारियों ने संवेदनशील इलाकों में सुरक्षा व्यवस्था, पुलिस बल की तैनाती और नक्सल विरोधी अभियानों से जुड़े विषयों पर विचार-विमर्श किया।
बैठक का मुख्य उद्देश्य नक्सल गतिविधियों की संभावनाओं वाले क्षेत्रों में पुलिस की सक्रियता बढ़ाना और सुरक्षा व्यवस्था को और मजबूत करना रहा।
संवेदनशील क्षेत्रों में लगातार अभियान चलाने का निर्देश
बैठक में पुलिस अधिकारियों को संवेदनशील क्षेत्रों में लगातार अभियान चलाने का निर्देश दिया गया। अधिकारियों से कहा गया कि नक्सल गतिविधियों से प्रभावित या संवेदनशील इलाकों में पुलिस की मौजूदगी लगातार बनी रहनी चाहिए।
सुरक्षा बलों को क्षेत्र की परिस्थितियों के अनुसार समन्वय के साथ अभियान संचालित करने और किसी भी संदिग्ध गतिविधि की सूचना मिलने पर तत्काल आवश्यक कार्रवाई करने के निर्देश दिए गए।
Naxal के विरुद्ध सख्त कार्रवाई पर जोर
समीक्षा बैठक में नक्सलियों के विरुद्ध सख्त कार्रवाई करने पर विशेष जोर दिया गया। वरिष्ठ अधिकारियों ने संबंधित पुलिस पदाधिकारियों को निर्देश दिया कि नक्सल गतिविधियों पर प्रभावी नियंत्रण के लिए सभी आवश्यक कदम उठाए जाएं।
साथ ही सुरक्षा बलों और जिला पुलिस के बीच बेहतर समन्वय बनाए रखने पर भी जोर दिया गया, ताकि संवेदनशील क्षेत्रों में अभियान को अधिक प्रभावी तरीके से संचालित किया जा सके।
पुलिस और सीआरपीएफ के बीच समन्वय महत्वपूर्ण
बैठक में पुलिस एवं केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल के बीच बेहतर तालमेल को नक्सल विरोधी अभियान की सफलता के लिए महत्वपूर्ण बताया गया। दोनों सुरक्षा एजेंसियों के अधिकारियों ने अपने-अपने क्षेत्रों से संबंधित जानकारी और सुरक्षा व्यवस्था पर चर्चा की।
अधिकारियों ने कहा कि संयुक्त रणनीति और आपसी समन्वय के माध्यम से संवेदनशील क्षेत्रों में सुरक्षा व्यवस्था को और मजबूत किया जा सकता है।
कई थाना क्षेत्रों की स्थिति पर चर्चा
समीक्षा बैठक में पटमदा, बोड़ाम, कमलपुर, एमजीएम, घाटशिला, गालूडीह, चांडिल और नीमडीह थाना क्षेत्रों से संबंधित सुरक्षा स्थिति पर भी चर्चा की गई।
इन थाना क्षेत्रों में नक्सल गतिविधियों की संभावनाओं को देखते हुए पुलिस की सतर्कता और अभियान को लेकर आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए। संबंधित थाना प्रभारियों को अपने-अपने क्षेत्र में लगातार निगरानी बनाए रखने के लिए कहा गया।
ग्रामीण और संवेदनशील इलाकों में बढ़ेगी सतर्कता
पूर्वी सिंहभूम और सरायकेला-खरसावां के कई क्षेत्र भौगोलिक दृष्टि से संवेदनशील हैं। ऐसे क्षेत्रों में पुलिस एवं सुरक्षा बलों की सक्रियता बनाए रखने पर बैठक में विशेष ध्यान दिया गया।
अधिकारियों ने निर्देश दिया कि ग्रामीण एवं संवेदनशील इलाकों में पुलिस की गतिविधियां लगातार जारी रहें और स्थानीय स्तर पर प्राप्त होने वाली सूचनाओं का गंभीरता से सत्यापन किया जाए।
कानून-व्यवस्था बनाए रखना प्राथमिकता
बैठक के दौरान यह स्पष्ट किया गया कि नक्सल गतिविधियों पर नियंत्रण के साथ-साथ क्षेत्र में सामान्य कानून-व्यवस्था बनाए रखना भी पुलिस की प्राथमिकता है। इसके लिए थाना स्तर से लेकर जिला एवं क्षेत्रीय स्तर तक बेहतर समन्वय आवश्यक है।
वरिष्ठ अधिकारियों ने संबंधित पदाधिकारियों को अपने क्षेत्रों में पूरी सतर्कता के साथ कार्य करने और किसी भी चुनौती से निपटने के लिए तैयार रहने का निर्देश दिया।
पुलिस बल को सतर्क रहने के निर्देश
समीक्षा बैठक में पुलिस अधिकारियों और सुरक्षा बलों को संवेदनशील इलाकों में लगातार सतर्क रहने के निर्देश दिए गए। किसी भी संदिग्ध गतिविधि या नक्सल गतिविधि से संबंधित सूचना मिलने पर तत्काल वरिष्ठ अधिकारियों को अवगत कराने तथा आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित करने को कहा गया।
अधिकारियों ने अभियान के दौरान सुरक्षा मानकों का पालन करते हुए योजनाबद्ध तरीके से कार्रवाई करने पर भी जोर दिया।
नक्सल विरोधी अभियान को प्रभावी बनाने पर जोर
बैठक में नक्सल विरोधी अभियान को और अधिक प्रभावी बनाने के लिए क्षेत्रवार रणनीति पर चर्चा की गई। संबंधित अधिकारियों को अपने क्षेत्रों की परिस्थितियों के अनुरूप सुरक्षा व्यवस्था की समीक्षा करते रहने और आवश्यकतानुसार कार्रवाई करने का निर्देश दिया गया।
बैठक में अधिकारियों ने नक्सल गतिविधियों को रोकने के लिए पुलिस और सुरक्षा बलों की संयुक्त भूमिका को महत्वपूर्ण बताया।
वरीय पुलिस अधीक्षक ने जारी की प्रेस विज्ञप्ति
समीक्षा बैठक से संबंधित जानकारी वरीय पुलिस अधीक्षक, पूर्वी सिंहभूम, जमशेदपुर के कार्यालय की ओर से जारी प्रेस विज्ञप्ति के माध्यम से दी गई। प्रेस विज्ञप्ति 12 अगस्त 2026 को जारी की गई।
प्रेस विज्ञप्ति में बताया गया कि बैठक में पूर्वी सिंहभूम, जमशेदपुर एवं सरायकेला-खरसावां में नक्सल गतिविधियों से संबंधित समीक्षा की गई और संवेदनशील क्षेत्रों में लगातार अभियान चलाने तथा नक्सलियों के विरुद्ध सख्त कार्रवाई करने का निर्देश दिया गया।
सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम
यह समीक्षा बैठक Naxal गतिविधियों पर प्रभावी नियंत्रण और दोनों जिलों में सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है। वरिष्ठ अधिकारियों द्वारा जमीनी स्थिति की समीक्षा के बाद संबंधित थाना प्रभारियों और सुरक्षा बलों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए हैं।
पुलिस एवं सुरक्षा बलों के बीच बेहतर समन्वय के साथ संवेदनशील क्षेत्रों में अभियान जारी रखने पर जोर दिया गया है।















