मौसम मनोरंजन चुनाव टेक्नोलॉजी खेल क्राइम जॉब सोशल लाइफस्टाइल देश-विदेश व्यापार मोटिवेशनल मूवी धार्मिक त्योहार Inspirational गजब-दूनिया

IPTA के राष्ट्रीय संगठन मंत्री का झारखंड में भव्य स्वागत निजी शिक्षकों की समस्याओं पर हुआ मंथन

On: August 8, 2026 6:16 PM
Follow Us:

जमशेदपुर: भारतीय गैर सरकारी शिक्षक संघ सह समाजसेवी संस्था IPTA के राष्ट्रीय संगठन मंत्री डॉ. लोकेश कुमार झा के झारखंड दौरे पर पहुंचने पर संगठन के सदस्यों ने गर्मजोशी के साथ उनका स्वागत एवं अभिनंदन किया। शुक्रवार, 7 अगस्त को झारखंड पहुंचे राष्ट्रीय संगठन मंत्री के स्वागत के बाद गम्हरिया स्थित एवेन्यू होटल में संगठन की कोर कमिटी की महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई। बैठक की अध्यक्षता IPTA के राष्ट्रीय अध्यक्ष डॉ. परमानंद मोदी ने की।

Headlines

---Advertisement---
Netaji Advertisement

बैठक में निजी शिक्षकों की विभिन्न समस्याओं, संगठन को मजबूत करने और सदस्यता अभियान को व्यापक स्तर पर चलाने सहित कई महत्वपूर्ण विषयों पर विस्तार से चर्चा की गई। इस दौरान संगठनात्मक स्तर पर महत्वपूर्ण निर्णय लेते हुए डॉ. चेत लाल प्रसाद को झारखंड प्रदेश अध्यक्ष मनोनीत किया गया। वहीं अखिलेश कुमार को राष्ट्रीय सचिव की जिम्मेदारी देने का निर्णय लिया गया।

झारखंड पहुंचने पर राष्ट्रीय संगठन मंत्री का हुआ स्वागत

IPTA के राष्ट्रीय संगठन मंत्री डॉ. लोकेश कुमार झा के झारखंड आगमन पर संगठन के पदाधिकारियों और सदस्यों ने उनका पूरे उत्साह के साथ स्वागत किया। सदस्यों ने पुष्पगुच्छ भेंट कर उनका अभिनंदन किया और झारखंड दौरे के लिए शुभकामनाएं दीं।

संगठन से जुड़े लोगों ने कहा कि राष्ट्रीय संगठन मंत्री के झारखंड आगमन से प्रदेश के निजी शिक्षकों में नई ऊर्जा और उत्साह का संचार हुआ है। उनके दौरे को संगठन को जमीनी स्तर पर मजबूत करने की दिशा में महत्वपूर्ण माना जा रहा है।

गम्हरिया के एवेन्यू होटल में हुई कोर कमिटी की बैठक

स्वागत कार्यक्रम के बाद गम्हरिया स्थित एवेन्यू होटल में IPTA की कोर कमिटी की महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई। बैठक की अध्यक्षता राष्ट्रीय अध्यक्ष डॉ. परमानंद मोदी ने की।

बैठक में संगठन की वर्तमान स्थिति, निजी शिक्षकों की समस्याओं और भविष्य की रणनीति पर विस्तार से विचार-विमर्श किया गया। पदाधिकारियों ने संगठन को प्रदेश के साथ-साथ ब्लॉक और जिला स्तर तक मजबूत करने की आवश्यकता पर जोर दिया।

बैठक में मौजूद सदस्यों ने निजी शिक्षकों से जुड़े विभिन्न मुद्दों को सामने रखा और उनके समाधान के लिए संगठनात्मक स्तर पर प्रभावी पहल करने पर चर्चा की।

देश और समाज के निर्माण में निजी शिक्षकों की भूमिका अहम: डॉ. लोकेश कुमार झा

बैठक को संबोधित करते हुए मुख्य अतिथि एवं IPTA के राष्ट्रीय संगठन मंत्री डॉ. लोकेश कुमार झा ने कहा कि देश और समाज के निर्माण में निजी शिक्षकों का योगदान अतुलनीय है।

उन्होंने कहा कि निजी शिक्षक शिक्षा व्यवस्था की महत्वपूर्ण कड़ी हैं। वे सीमित संसाधनों के बावजूद विद्यार्थियों के भविष्य को बेहतर बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। इसके बावजूद बड़ी संख्या में निजी शिक्षक आज भी अपने मूलभूत अधिकारों से वंचित हैं।

उन्होंने कहा कि निजी शिक्षकों की समस्याओं को मजबूती से उठाने और उनके अधिकारों के लिए संघर्ष करने के लिए संगठन का मजबूत होना बेहद जरूरी है।

ब्लॉक और जिला स्तर पर चलेगा व्यापक सदस्यता अभियान

राष्ट्रीय संगठन मंत्री ने संगठन को मजबूत करने के लिए ब्लॉक एवं जिला स्तर पर व्यापक सदस्यता अभियान चलाने का आह्वान किया।

उन्होंने कहा कि संगठन की वास्तविक ताकत उसके सदस्यों की एकजुटता से आती है। इसलिए अधिक से अधिक निजी शिक्षकों को संगठन से जोड़ने का प्रयास किया जाना चाहिए।

उन्होंने पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं से अपील करते हुए कहा कि वे जमीनी स्तर पर शिक्षकों के बीच पहुंचें और उन्हें संगठन के उद्देश्य एवं अधिकारों के प्रति जागरूक करें।

एकजुटता के बिना समस्याओं का स्थायी समाधान संभव नहीं

डॉ. लोकेश कुमार झा ने कहा कि जब तक प्रत्येक निजी शिक्षक एकजुट नहीं होगा, तब तक उनकी समस्याओं का स्थायी समाधान संभव नहीं है।

उन्होंने कहा कि अलग-अलग स्तर पर शिक्षक अपनी समस्याओं को उठाते रहे हैं, लेकिन यदि सभी निजी शिक्षक एक मंच पर आकर संगठित तरीके से अपनी मांगों को सरकार और संबंधित संस्थानों के सामने रखते हैं, तो उनकी आवाज को मजबूती मिलेगी।

उन्होंने संगठन के सभी पदाधिकारियों से आपसी समन्वय के साथ काम करने और अधिक से अधिक शिक्षकों को IPTA से जोड़ने की अपील की।

निजी शिक्षकों की ज्वलंत समस्याओं पर हुआ गंभीर विचार-विमर्श

कोर कमिटी की बैठक में निजी शिक्षकों से जुड़ी विभिन्न ज्वलंत समस्याओं पर गंभीरता से चर्चा की गई। बैठक में शिक्षकों के अधिकारों, उनकी सामाजिक एवं आर्थिक स्थिति और संगठन के माध्यम से उनकी समस्याओं को उचित मंच तक पहुंचाने जैसे विषयों पर विचार किया गया।

पदाधिकारियों ने कहा कि निजी शिक्षकों की समस्याओं को केवल व्यक्तिगत स्तर पर उठाने के बजाय सामूहिक रूप से सामने लाने की जरूरत है। इसके लिए संगठन को प्रदेश के प्रत्येक जिले और प्रखंड तक सक्रिय करने पर जोर दिया गया।

डॉ. चेत लाल प्रसाद बने झारखंड प्रदेश अध्यक्ष

बैठक के दौरान IPTA में संगठनात्मक स्तर पर महत्वपूर्ण निर्णय लिया गया। डॉ. चेत लाल प्रसाद को झारखंड प्रदेश अध्यक्ष के रूप में मनोनीत किया गया।

उनके मनोनयन के बाद संगठन के सदस्यों ने उम्मीद जताई कि उनके नेतृत्व में झारखंड में संगठन को और मजबूती मिलेगी। साथ ही प्रदेश के विभिन्न क्षेत्रों में निजी शिक्षकों को संगठन से जोड़ने और उनकी समस्याओं को प्रमुखता से उठाने की दिशा में काम किया जाएगा।

डॉ. चेत लाल प्रसाद को प्रदेश अध्यक्ष बनाए जाने के निर्णय का बैठक में मौजूद सदस्यों ने स्वागत किया।

अखिलेश कुमार को राष्ट्रीय सचिव की जिम्मेदारी

बैठक में संगठन के कार्यों में सक्रिय भूमिका निभा रहे अखिलेश कुमार के कार्यों और प्रगति को देखते हुए उन्हें राष्ट्रीय स्तर पर महत्वपूर्ण जिम्मेदारी देने का निर्णय लिया गया।

राष्ट्रीय संगठन मंत्री डॉ. लोकेश कुमार झा ने उन्हें राष्ट्रीय सचिव के पद पर नियुक्त करने का निर्णय लिया। संगठन के सदस्यों ने इस निर्णय का स्वागत करते हुए उम्मीद जताई कि अखिलेश कुमार नई जिम्मेदारी का पूरी निष्ठा और सक्रियता के साथ निर्वहन करेंगे।

संगठन विस्तार पर दिया गया विशेष जोर

बैठक में IPTA के संगठनात्मक विस्तार को लेकर भी रणनीति पर चर्चा हुई। पदाधिकारियों ने कहा कि संगठन की गतिविधियों को प्रदेश के विभिन्न जिलों तक पहुंचाने की आवश्यकता है।

ब्लॉक और जिला स्तर पर कमेटियों को सक्रिय करने तथा अधिक से अधिक निजी शिक्षकों को संगठन से जोड़ने पर विशेष जोर दिया गया। संगठन का उद्देश्य निजी शिक्षकों को एक मजबूत मंच प्रदान करना और उनकी समस्याओं को सामूहिक रूप से उठाना बताया गया।

निजी शिक्षकों के अधिकारों के लिए संघर्ष जारी रखने का संकल्प

बैठक में मौजूद पदाधिकारियों ने निजी शिक्षकों के अधिकारों और हितों के लिए संघर्ष जारी रखने का संकल्प लिया। वक्ताओं ने कहा कि निजी शिक्षक समाज की नई पीढ़ी को शिक्षित और तैयार करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।

ऐसे में उनके अधिकारों, सम्मान और समस्याओं को भी प्राथमिकता मिलनी चाहिए। संगठन की ओर से निजी शिक्षकों को एकजुट कर उनकी आवाज को मजबूत करने की दिशा में आगे भी लगातार प्रयास किए जाने की बात कही गई।

संगठन को जमीनी स्तर पर मजबूत करने की बनी रणनीति

बैठक में यह भी चर्चा की गई कि संगठन को केवल बड़े शहरों तक सीमित रखने के बजाय ग्रामीण और प्रखंड स्तर तक पहुंचाया जाए। इसके लिए स्थानीय स्तर पर बैठकें आयोजित करने और शिक्षकों को संगठन की गतिविधियों से जोड़ने की योजना पर विचार किया गया।

पदाधिकारियों ने कहा कि जमीनी स्तर पर मजबूत संगठन ही शिक्षकों की समस्याओं को बेहतर तरीके से समझ सकता है और उन्हें उचित मंच तक पहुंचा सकता है।

बैठक में ये पदाधिकारी रहे मौजूद

IPTA की कोर कमिटी की इस महत्वपूर्ण बैठक में संगठन के कई प्रमुख पदाधिकारी और सदस्य उपस्थित रहे। इनमें राष्ट्रीय अध्यक्ष डॉ. परमानंद मोदी, राष्ट्रीय संगठन मंत्री डॉ. लोकेश कुमार झा, रंजीत श्रीवास्तव, आरबी निराला, कन्हैया कुमार झा, संजीव कुमार श्रीवास्तव, अखिलेश कुमार, अशोक कुमार प्रसाद और संजीव कुमार सिंह प्रमुख रूप से शामिल रहे।

सभी पदाधिकारियों ने संगठन को मजबूत बनाने और निजी शिक्षकों के हितों के लिए सामूहिक रूप से कार्य करने की प्रतिबद्धता व्यक्त की।

नए पदाधिकारियों से संगठन को मिली नई उम्मीद

डॉ. चेत लाल प्रसाद को झारखंड प्रदेश अध्यक्ष और अखिलेश कुमार को राष्ट्रीय सचिव की जिम्मेदारी मिलने के बाद संगठन के सदस्यों में उत्साह देखा गया। पदाधिकारियों ने उम्मीद जताई कि नई जिम्मेदारियों के साथ संगठन की गतिविधियों को और गति मिलेगी।

विशेषकर झारखंड में निजी शिक्षकों को एक मंच पर लाने और उनकी समस्याओं को मजबूती से उठाने के लिए प्रदेश स्तर पर नई पहल शुरू होने की उम्मीद जताई गई।

IPTA के राष्ट्रीय संगठन मंत्री डॉ. लोकेश कुमार झा का झारखंड दौरा संगठन के लिए महत्वपूर्ण माना जा रहा है। उनके आगमन पर हुए स्वागत कार्यक्रम के बाद गम्हरिया स्थित एवेन्यू होटल में आयोजित कोर कमिटी की बैठक में निजी शिक्षकों की समस्याओं और संगठन के विस्तार पर गंभीर चर्चा हुई।

बैठक में ब्लॉक एवं जिला स्तर पर सदस्यता अभियान चलाने, निजी शिक्षकों को एकजुट करने और उनके अधिकारों के लिए मजबूत आवाज उठाने पर विशेष जोर दिया गया। वहीं डॉ. चेत लाल प्रसाद को झारखंड प्रदेश अध्यक्ष और अखिलेश कुमार को राष्ट्रीय सचिव की जिम्मेदारी देने का निर्णय संगठन के लिए महत्वपूर्ण संगठनात्मक कदम माना जा रहा है।

IPTA के पदाधिकारियों ने स्पष्ट किया कि निजी शिक्षकों को संगठित कर उनके अधिकारों और समस्याओं को उचित मंच तक पहुंचाने का अभियान आगे भी जारी रहेगा।

---Advertisement---
Netaji Advertisement
---Advertisement---
Netaji Advertisement

Leave a Comment