मौसम मनोरंजन चुनाव टेक्नोलॉजी खेल क्राइम जॉब सोशल लाइफस्टाइल देश-विदेश व्यापार मोटिवेशनल मूवी धार्मिक त्योहार Inspirational गजब-दूनिया

पश्चिमी सिंहभूम में 65वीं जिला स्तरीय सुब्रतो Football प्रतियोगिता-2026 का शुभारंभ उपायुक्त ने खिलाड़ियों का बढ़ाया हौसला

On: July 7, 2026 5:52 PM
Follow Us:
Untitled Design 31
---Advertisement---

यहां आपका विज्ञापन लग सकता है!

अपने ब्रांड या सर्विस को हजारों विज़िटर्स तक पहुंचाने का बेहतरीन मौका। टार्गेटेड ऑडियंस और बेहतर विज़िबिलिटी के साथ, इस जगह पर लगाएं अपना ऐड!

Book Now

या कॉल करें: +91-7004699926

Netaji 2 1

पश्चिमी सिंहभूम: जिले में खेल प्रतिभाओं को मंच देने वाली प्रतिष्ठित 65वीं जिला स्तरीय सुब्रतो Football प्रतियोगिता-2026 का भव्य शुभारंभ मंगलवार को चाईबासा में हुआ। झारखंड शिक्षा परियोजना के तत्वावधान में आयोजित इस प्रतियोगिता का उद्घाटन संत जेवियर बालक मिडिल स्कूल, चाईबासा के मैदान में किया गया। उद्घाटन समारोह में मुख्य अतिथि के रूप में उपायुक्त मनीष कुमार तथा विशिष्ट अतिथि के रूप में उप विकास आयुक्त उत्कर्ष कुमार शामिल हुए। इस अवसर पर जिले के शिक्षा विभाग, परियोजना कार्यालय, विद्यालय प्रबंधन, विभिन्न प्रखंडों से आए शिक्षक-कोच और बड़ी संख्या में छात्र-छात्राएं मौजूद रहे।

Headlines

Netaji 3

जिला स्तरीय सुब्रतो फुटबॉल प्रतियोगिता के शुभारंभ के साथ ही पश्चिमी सिंहभूम के युवा खिलाड़ियों के लिए अपनी प्रतिभा दिखाने का एक बड़ा अवसर शुरू हो गया है। इस प्रतियोगिता में वे टीमें हिस्सा ले रही हैं, जिन्होंने पहले अपने-अपने प्रखंड स्तर पर शानदार प्रदर्शन कर जिला स्तर तक पहुंच बनाई है। ऐसे में यह प्रतियोगिता न केवल खेल का मंच है, बल्कि जिले की उभरती फुटबॉल प्रतिभाओं को आगे बढ़ाने और राज्य स्तर तक पहुंचाने की महत्वपूर्ण कड़ी भी है।

दीप प्रज्ज्वलन और फुटबॉल किक के साथ प्रतियोगिता का विधिवत आगाज

कार्यक्रम की शुरुआत पारंपरिक और गरिमामय तरीके से की गई। मुख्य अतिथि उपायुक्त मनीष कुमार, विशिष्ट अतिथि उप विकास आयुक्त उत्कर्ष कुमार तथा अन्य अतिथियों ने दीप प्रज्ज्वलित कर प्रतियोगिता का शुभारंभ किया। इसके बाद अतिथियों ने मैदान में मौजूद खिलाड़ियों से परिचय प्राप्त किया, उनका उत्साहवर्धन किया और खेल भावना के साथ बेहतर प्रदर्शन के लिए शुभकामनाएं दीं।

उद्घाटन समारोह का सबसे आकर्षक क्षण वह रहा, जब अतिथियों ने मैदान में फुटबॉल को किक मारकर प्रतियोगिता का विधिवत शुभारंभ किया। इसके साथ ही खिलाड़ियों और दर्शकों के बीच उत्साह का माहौल बन गया। इस आयोजन ने यह स्पष्ट कर दिया कि पश्चिमी सिंहभूम में खेलों को लेकर केवल औपचारिकता नहीं, बल्कि वास्तविक ऊर्जा और उत्साह मौजूद है। खिलाड़ियों के चेहरे पर प्रतियोगिता को लेकर आत्मविश्वास और जोश साफ देखा जा सकता था।

अंडर-15 बालक और अंडर-17 बालक-बालिका वर्ग की टीमें ले रहीं हिस्सा

इस बार की जिला स्तरीय सुब्रतो फुटबॉल प्रतियोगिता में अंडर-15 बालक वर्ग, अंडर-17 बालक वर्ग तथा अंडर-17 बालिका वर्ग की टीमें भाग ले रही हैं। प्रतियोगिता का यह स्वरूप इसे और अधिक व्यापक और प्रतिस्पर्धी बनाता है, क्योंकि इसमें केवल एक वर्ग नहीं बल्कि अलग-अलग आयु समूहों और बालक-बालिका दोनों वर्गों की प्रतिभाओं को अवसर मिल रहा है।

प्रतियोगिता में शामिल सभी टीमें अपने-अपने प्रखंड स्तर पर आयोजित सुब्रतो फुटबॉल प्रतियोगिता की विजेता टीमें हैं। इन टीमों ने पहले स्थानीय स्तर पर अपने प्रदर्शन से पहचान बनाई और अब जिला स्तर पर अपने खेल कौशल का प्रदर्शन कर रही हैं। इससे प्रतियोगिता का स्तर स्वाभाविक रूप से ऊंचा हो गया है, क्योंकि यहां पहुंचने वाली हर टीम अपने क्षेत्र की सर्वश्रेष्ठ टीमों में से एक है। ऐसे में हर मुकाबला रोमांचक और चुनौतीपूर्ण होने की उम्मीद है।

पश्चिमी सिंहभूम की खेल प्रतिभाओं के लिए बड़ा मंच है सुब्रतो फुटबॉल प्रतियोगिता

उद्घाटन समारोह को संबोधित करते हुए उपायुक्त मनीष कुमार ने कहा कि सुब्रतो फुटबॉल प्रतियोगिता केवल एक खेल प्रतियोगिता नहीं है, बल्कि यह ग्रामीण और विद्यालय स्तर की प्रतिभाओं को पहचान दिलाने वाला एक महत्वपूर्ण मंच है। उन्होंने कहा कि ऐसे आयोजन बच्चों और किशोर खिलाड़ियों को अपने कौशल को निखारने, प्रतिस्पर्धा का अनुभव लेने और आगे के बड़े अवसरों तक पहुंचने का रास्ता देते हैं।

उपायुक्त ने कहा कि पश्चिमी सिंहभूम जैसे जिले में खेल प्रतिभाओं की कोई कमी नहीं है। यहां के युवा खिलाड़ी मेहनत, लगन और अनुशासन के दम पर राज्य और राष्ट्रीय स्तर तक अपनी पहचान बना सकते हैं। उन्होंने कहा कि सुब्रतो फुटबॉल प्रतियोगिता जैसे मंच उन प्रतिभाओं को सामने लाने का काम करते हैं, जो अक्सर ग्रामीण और विद्यालयी परिवेश में छिपी रह जाती हैं। इस दृष्टि से यह प्रतियोगिता खेल जगत के लिए बेहद महत्वपूर्ण है।

THE NEWS FRAME

पश्चिमी सिंहभूम खेल प्रतिभाओं से समृद्ध जिला” – उपायुक्त मनीष कुमार

अपने संबोधन में उपायुक्त मनीष कुमार ने पश्चिमी सिंहभूम की खेल परंपरा और यहां की प्रतिभाओं की सराहना करते हुए कहा कि यह जिला खेल प्रतिभाओं से समृद्ध है। उन्होंने कहा कि जिले के खिलाड़ी पहले भी विभिन्न प्रतियोगिताओं में राज्य और देश का नाम रोशन कर चुके हैं और भविष्य में भी उनसे ऐसी ही उम्मीदें हैं।

उन्होंने खिलाड़ियों को संबोधित करते हुए कहा कि किसी भी खिलाड़ी की पहचान केवल उसकी जीत से नहीं, बल्कि उसकी मेहनत, अनुशासन, संघर्ष और निरंतर सीखने की क्षमता से होती है। उन्होंने कहा कि खेल व्यक्ति के भीतर आत्मविश्वास, नेतृत्व, संयम और सामूहिक जिम्मेदारी की भावना विकसित करता है। इसलिए हर खिलाड़ी को इस प्रतियोगिता को केवल जीत-हार के नजरिए से नहीं, बल्कि सीखने और आगे बढ़ने के अवसर के रूप में देखना चाहिए।

खेल भावना, अनुशासन और टीमवर्क के साथ सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन का आह्वान

उपायुक्त मनीष कुमार ने प्रतियोगिता में शामिल खिलाड़ियों से खेल भावना, अनुशासन और टीमवर्क के साथ अपना सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन करने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि हार-जीत खेल का हिस्सा है, लेकिन एक सच्चा खिलाड़ी वही है, जो हर मुकाबले से कुछ सीखता है और अगली बार बेहतर करने का संकल्प लेकर आगे बढ़ता है।

उन्होंने खिलाड़ियों से कहा कि मैदान में उतरते समय वे पूरे आत्मविश्वास, संयम और सकारात्मक सोच के साथ खेलें। फुटबॉल एक टीम गेम है, जिसमें व्यक्तिगत कौशल के साथ-साथ सामूहिक तालमेल भी बेहद महत्वपूर्ण होता है। इसलिए खिलाड़ियों को अपने साथियों के साथ समन्वय बनाकर खेलना चाहिए। उन्होंने यह भी कहा कि मैदान पर अनुशासन बनाए रखना और प्रतिद्वंद्वी टीम के प्रति सम्मान का भाव रखना खेल की बुनियादी संस्कृति है, जिसे हर खिलाड़ी को अपनाना चाहिए।

खिलाड़ियों को बेहतर अवसर और सुविधाएं देने के लिए प्रशासन प्रतिबद्ध

उपायुक्त ने अपने संबोधन में यह भी स्पष्ट किया कि जिला प्रशासन खिलाड़ियों को बेहतर अवसर और सुविधाएं उपलब्ध कराने के लिए निरंतर प्रयासरत है। उन्होंने कहा कि खेल प्रतिभाओं को आगे बढ़ाने के लिए केवल प्रतियोगिता कराना ही पर्याप्त नहीं है, बल्कि प्रशिक्षण, मैदान, संसाधन, मार्गदर्शन और प्रेरणा जैसी सुविधाओं का भी विस्तार जरूरी है।

उन्होंने भरोसा दिलाया कि जिला प्रशासन खेलों के विकास को लेकर गंभीर है और खिलाड़ियों को आगे बढ़ाने के लिए हर संभव सहयोग देने की दिशा में काम कर रहा है। यह संदेश खिलाड़ियों और उनके अभिभावकों के लिए भी महत्वपूर्ण है, क्योंकि इससे यह संकेत मिलता है कि प्रशासन खेलों को केवल मनोरंजन नहीं, बल्कि प्रतिभा विकास और करियर निर्माण के महत्वपूर्ण माध्यम के रूप में देख रहा है।

खेल व्यक्तित्व विकास का प्रभावी माध्यम– उप विकास आयुक्त उत्कर्ष कुमार

उद्घाटन समारोह में विशिष्ट अतिथि के रूप में मौजूद उप विकास आयुक्त उत्कर्ष कुमार ने भी खिलाड़ियों को संबोधित किया। उन्होंने कहा कि खेल व्यक्तित्व विकास का प्रभावी माध्यम है। खेल केवल शरीर को मजबूत नहीं बनाता, बल्कि बच्चों और युवाओं के भीतर नेतृत्व क्षमता, अनुशासन, आत्मविश्वास, निर्णय लेने की क्षमता और स्वस्थ प्रतिस्पर्धा की भावना भी विकसित करता है।

उन्होंने कहा कि आज के समय में खेल का महत्व पहले से कहीं अधिक बढ़ गया है। खेल बच्चों को मानसिक रूप से मजबूत बनाता है, उन्हें चुनौतियों का सामना करना सिखाता है और जीवन में आगे बढ़ने के लिए जरूरी गुणों का विकास करता है। फुटबॉल जैसे खेलों में टीम भावना, धैर्य, रणनीति और फुर्ती का विशेष महत्व होता है, जो खिलाड़ियों के समग्र व्यक्तित्व को निखारने में सहायक होता है।

खिलाड़ियों से निष्ठा, ईमानदारी और सकारात्मक सोच के साथ खेलने की अपील

उत्कर्ष कुमार ने खिलाड़ियों से कहा कि वे पूरी निष्ठा, ईमानदारी और खेल भावना के साथ मैदान में उतरें। उन्होंने कहा कि प्रतियोगिता केवल ट्रॉफी जीतने का माध्यम नहीं है, बल्कि यह आत्ममूल्यांकन और क्षमता पहचानने का भी अवसर है। जो खिलाड़ी ईमानदारी और मेहनत से खेलते हैं, वे लंबे समय तक बेहतर प्रदर्शन कर पाते हैं।

उन्होंने यह भी कहा कि आज का यह मंच भविष्य के राज्य और राष्ट्रीय स्तर के खिलाड़ियों को तैयार करने का माध्यम बन सकता है। इसलिए हर प्रतिभागी को यह सोचकर खेलना चाहिए कि वह अपने विद्यालय, प्रखंड और जिले का प्रतिनिधित्व कर रहा है। ऐसी सोच खिलाड़ियों के भीतर जिम्मेदारी और आत्मसम्मान दोनों पैदा करती है। उन्होंने सभी खिलाड़ियों से आग्रह किया कि वे पूरे जोश और सकारात्मक मानसिकता के साथ प्रतियोगिता में हिस्सा लें और अपना सर्वश्रेष्ठ दें।

उद्घाटन मैच के साथ प्रतियोगिता का रोमांचक आगाज

उद्घाटन समारोह के बाद उद्घाटन मैच के साथ प्रतियोगिता का रोमांचक आगाज हुआ। मैदान में खिलाड़ियों का उत्साह और दर्शकों का समर्थन प्रतियोगिता के माहौल को और जीवंत बना रहा था। शुरुआती मुकाबले से ही यह संकेत मिल गया कि इस बार की जिला स्तरीय सुब्रतो फुटबॉल प्रतियोगिता बेहद प्रतिस्पर्धी होने वाली है।

फुटबॉल के प्रति जिले के युवाओं में उत्साह का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि विभिन्न प्रखंडों से आई टीमें पूरे जोश के साथ मैदान में उतरीं। प्रतियोगिता के पहले ही दिन खिलाड़ियों ने अपनी गति, तालमेल, पासिंग और गोल करने की क्षमता का प्रदर्शन कर दर्शकों को रोमांचित किया। आने वाले मुकाबलों में यह प्रतिस्पर्धा और भी तीखी होने की संभावना है।

संत जेवियर बालक मिडिल स्कूल और सिंहभूम एसोसिएशन ग्राउंड में होंगे मुकाबले

जिला स्तरीय सुब्रतो फुटबॉल प्रतियोगिता के मुकाबले चाईबासा स्थित संत जेवियर बालक मिडिल स्कूल तथा सिंहभूम एसोसिएशन ग्राउंड में आयोजित किए जा रहे हैं। इन दोनों स्थलों पर विभिन्न वर्गों के मैच खेले जाएंगे, जहां प्रखंड विजेता टीमें एक-दूसरे के खिलाफ मैदान में उतरेंगी।

प्रतियोगिता का आयोजन व्यवस्थित तरीके से किया गया है, ताकि सभी टीमों को निष्पक्ष और सुचारु माहौल में खेलने का अवसर मिल सके। आयोजकों की ओर से खिलाड़ियों, कोचों और अधिकारियों के लिए आवश्यक व्यवस्थाएं की गई हैं। जिले के खेल प्रेमियों की भी नजर अब इन मुकाबलों पर रहेगी, क्योंकि यहां से वही टीमें आगे बढ़ेंगी जो आने वाले राज्य स्तरीय मुकाबलों में पश्चिमी सिंहभूम का प्रतिनिधित्व करेंगी।

विजेता टीमें राज्य स्तरीय सुब्रतो फुटबॉल प्रतियोगिता में करेंगी जिले का प्रतिनिधित्व

इस जिला स्तरीय प्रतियोगिता की सबसे बड़ी अहमियत यही है कि इसके विजेता दल राज्य स्तरीय सुब्रतो फुटबॉल प्रतियोगिता में पश्चिमी सिंहभूम जिले का प्रतिनिधित्व करेंगे। यानी यह केवल जिला स्तर की ट्रॉफी जीतने तक सीमित प्रतियोगिता नहीं है, बल्कि राज्य स्तर तक पहुंचने का प्रवेश द्वार भी है।

ऐसे में हर टीम के लिए यह मुकाबला बेहद महत्वपूर्ण है। खिलाड़ियों के सामने न केवल जिला चैंपियन बनने का अवसर है, बल्कि अपने जिले की पहचान को राज्य स्तर पर आगे ले जाने की जिम्मेदारी भी है। यही कारण है कि प्रतियोगिता में शामिल सभी टीमें पूरी तैयारी, रणनीति और जोश के साथ मैदान में उतर रही हैं। जिला स्तर पर उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाली टीमों से उम्मीद की जा रही है कि वे राज्य स्तर पर भी पश्चिमी सिंहभूम का नाम रोशन करेंगी।

बड़ी संख्या में मौजूद रहे शिक्षक, कोच, अधिकारी और छात्र-छात्राएं

उद्घाटन समारोह में जिले के शिक्षा और खेल जगत से जुड़े कई महत्वपूर्ण लोग मौजूद रहे। इस अवसर पर जिला शिक्षा अधीक्षक प्रवीण कुमार, जिला शिक्षा परियोजना के एडीपीओ, विद्यालय के प्राचार्य, शिक्षकगण, विभिन्न प्रखंडों से आए विद्यालयों के शिक्षक, कोच, परियोजना कार्यालय के पदाधिकारी और कर्मियों के साथ बड़ी संख्या में छात्र-छात्राएं उपस्थित रहे।

इनकी उपस्थिति ने प्रतियोगिता को और अधिक गरिमा प्रदान की। इससे खिलाड़ियों का मनोबल भी बढ़ा और उन्हें यह महसूस हुआ कि उनके प्रयासों को गंभीरता से देखा और सराहा जा रहा है। खेल आयोजनों की सफलता में केवल खिलाड़ियों का ही नहीं, बल्कि शिक्षकों, प्रशिक्षकों, प्रशासन और आयोजन से जुड़े लोगों का भी महत्वपूर्ण योगदान होता है। पश्चिमी सिंहभूम में आयोजित यह प्रतियोगिता उसी सामूहिक प्रयास का उदाहरण बनकर सामने आई है।

पश्चिमी सिंहभूम में 65वीं जिला स्तरीय सुब्रतो फुटबॉल प्रतियोगिता-2026 का शुभारंभ जिले की खेल संस्कृति और युवा प्रतिभाओं के लिए एक उत्साहजनक शुरुआत है। उपायुक्त मनीष कुमार और उप विकास आयुक्त उत्कर्ष कुमार की मौजूदगी ने खिलाड़ियों का हौसला बढ़ाया, वहीं उनके संबोधनों ने यह स्पष्ट किया कि खेल केवल प्रतिस्पर्धा नहीं, बल्कि व्यक्तित्व विकास, अनुशासन, टीमवर्क और जीवन मूल्यों का भी माध्यम है।

Netaji 4

Leave a Comment