
Jharkhand Political Crime News: चक्रधरपुर विधायक सुखराम उरांव के प्रतिनिधि समरेश सिंह उर्फ गुड्डु (उम्र 37 वर्ष) पर हुए जानलेवा हमले के मामले में पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। घटना 10 जुलाई की रात, बिष्टुपुर थाना क्षेत्र के खाऊ गली रोड में घटी थी, जब अज्ञात अपराधियों ने समरेश सिंह पर गोलीबारी कर दी थी।

इस हाई-प्रोफाइल हमले की जांच में तेजी लाते हुए एसएसपी पीयूष पांडे के निर्देश पर गठित विशेष अनुसंधान टीम (SIT) ने तीन शूटरों को गिरफ्तार कर लिया है। गिरफ्तार अपराधियों में शामिल हैं:
- बादल कुमार प्रसाद उर्फ काला – निवासी बागबेड़ा
- पवन कुमार – निवासी किताडीह, थाना परसुडीह
- मोहम्मद वाजिद उर्फ बबलू – निवासी गफ्फार बस्ती, परसुडीह
Crime Jharkhand: बदले की आग में साजिश
एसएसपी पीयूष पांडे ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में बताया कि यह हमला 2022 में चक्रधरपुर में हुए कमल देव गिरी हत्याकांड का बदला लेने के लिए रचा गया था। पूछताछ में तीनों आरोपियों ने अपना जुर्म कबूल कर लिया है और कई अहम सुराग भी पुलिस के हाथ लगे हैं, जिससे इस षड्यंत्र के मास्टरमाइंड की तलाश अब अंतिम चरण में है।
Crime Jharkhand: घटना का सिलसिला
10 जुलाई 2025 की रात, समरेश सिंह किसी कार्य से खाऊ गली रोड पहुंचे थे, तभी घात लगाए हमलावरों ने उन पर गोलियां चलाईं और मोटरसाइकिल से फरार हो गए। स्थानीय लोगों की मदद से उन्हें तुरंत TMH (टाटा मेन हॉस्पिटल) में भर्ती कराया गया। अगले दिन, 11 जुलाई को बिष्टुपुर थाना में प्राथमिकी दर्ज की गई।
SIT ने 48 घंटे में किया खुलासा
पुलिस उपाधीक्षक (सीसीआर) मनोज ठाकुर के नेतृत्व में गठित SIT ने तकनीकी साक्ष्य, CCTV फुटेज और खुफिया सूचना के आधार पर तीनों आरोपियों को चिन्हित किया। फिर संभावित ठिकानों पर सघन छापेमारी कर उन्हें गिरफ्तार किया गया।
Crime Jharkhand: बरामद हथियार और बाइक
पुलिस ने आरोपियों के पास से:
- एक सेमी ऑटोमेटिक देशी पिस्तौल
- तीन जिंदा कारतूस
- घटना में प्रयुक्त मोटरसाइकिल (JH-05DH-2515)
बरामद किए हैं। सभी आरोपियों को न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया है।
Crime Jharkhand: आपराधिक इतिहास भी खंगाले गए
गिरफ्तार अभियुक्त बादल उर्फ काला पूर्व में पोक्सो एक्ट और अन्य धाराओं के तहत अभियुक्त रह चुका है। पुलिस अब इस गिरोह के संपूर्ण नेटवर्क का पर्दाफाश करने में जुटी है।
पुलिस टीम में शामिल अधिकारी:
- डीएसपी मनोज ठाकुर (सीसीआर)
- थाना प्रभारी उमेश ठाकुर (बिष्टुपुर)
- पु.अ.नि. आकाश पांडेय, संजय कुमार, रंजीत यादव, सोनू कुमार, नीरज कुमार, पल्लवी कुमारी
- स.अ.नि. गोपाल पांडेय
- हवलदार बैरो कोड़ा, आ. बुधन सिंह
- तकनीकी शाखा – रवि कुमार
यह घटना सिर्फ एक हमले की कहानी नहीं, बल्कि बढ़ती आपराधिक दुस्साहस और राजनीतिक प्रतिनिधियों की असुरक्षा का भी संकेत है। ऐसे मामलों में तेजी से कार्रवाई और पारदर्शी जांच न केवल अपराधियों में भय पैदा करती है, बल्कि आम जनता का विश्वास भी मजबूत करती है।
प्रशासन से अपेक्षा है कि इस मामले के मास्टरमाइंड को जल्द गिरफ़्तार कर साजिश की पूरी परतें उजागर की जाएं। साथ ही, राजनीतिक कार्यकर्ताओं की सुरक्षा को प्राथमिकता दी जाए।
- जय कुमार, चक्रधरपुर












































