जमशेदपुर: Bagbera कॉलोनी रोड नंबर-1 स्थित प्राथमिक विद्यालय में लंबे समय से बनी हुई प्रकाश व्यवस्था की समस्या का समाधान आखिरकार हो गया है। पंचायत समिति सदस्य झरना मिश्रा ने सामाजिक जिम्मेदारी निभाते हुए अपने निजी खर्च से विद्यालय में चार एलईडी ट्यूब लाइट और एक हैलोजन लाइट लगवाई। इस पहल से न केवल विद्यार्थियों को बेहतर रोशनी में पढ़ाई करने का अवसर मिलेगा, बल्कि शिक्षकों को भी शिक्षण कार्य में सुविधा होगी। स्थानीय लोगों ने भी इस कार्य की सराहना करते हुए झरना मिश्रा का आभार व्यक्त किया।
महीनों से बनी हुई थी प्रकाश व्यवस्था की समस्या
बागबेड़ा कॉलोनी रोड नंबर-1 स्थित प्राथमिक विद्यालय में कई महीनों से पर्याप्त रोशनी की व्यवस्था नहीं थी। विद्यालय के दोनों कमरों में पर्याप्त प्रकाश नहीं होने के कारण विद्यार्थियों को पढ़ाई में कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा था। वहीं शिक्षकों को भी कक्षाओं के संचालन में दिक्कतें आ रही थीं।
विद्यालय परिसर के बाहर भी पर्याप्त रोशनी नहीं होने से शाम के समय अंधेरा छा जाता था, जिससे सुरक्षा संबंधी चिंताएं बनी रहती थीं। स्थानीय लोगों ने भी कई बार इस समस्या को उठाया था, लेकिन समाधान नहीं हो पाया था।
विद्यालय की बैठक में उठाया गया था मुद्दा
कुछ दिन पहले विद्यालय की प्रधानाध्यापिका उषा कुमारी की अध्यक्षता में स्कूल परिसर में पंचायत प्रतिनिधियों की बैठक आयोजित की गई थी। इस बैठक में विद्यालय की विभिन्न समस्याओं पर चर्चा की गई, जिनमें सबसे प्रमुख मुद्दा प्रकाश व्यवस्था का था।
प्रधानाध्यापिका ने बताया कि पर्याप्त रोशनी नहीं होने से बच्चों की पढ़ाई प्रभावित हो रही है। इस समस्या को सुनते ही पंचायत समिति सदस्य झरना मिश्रा ने तत्काल निजी खर्च से लाइट लगाने की घोषणा की थी।
वादा निभाते हुए निजी खर्च से लगवाई एलईडी और हैलोजन लाइट
अपने वादे को निभाते हुए शुक्रवार को पंचायत समिति सदस्य झरना मिश्रा ने विद्यालय के दोनों कमरों में चार एलईडी ट्यूब लाइट लगवाईं। इसके साथ ही विद्यालय परिसर के बाहर एक हैलोजन लाइट भी लगवाई गई।
इस कार्य का पूरा खर्च उन्होंने स्वयं वहन किया। स्थानीय लोगों का कहना है कि जनप्रतिनिधि द्वारा निजी स्तर पर इस प्रकार की पहल करना समाज के लिए प्रेरणादायक है।
बच्चों को मिलेगा बेहतर शिक्षण वातावरण
नई लाइटें लगने के बाद विद्यालय के दोनों कमरों में पर्याप्त रोशनी उपलब्ध हो गई है। इससे विद्यार्थियों को अब साफ और बेहतर वातावरण में पढ़ाई करने का अवसर मिलेगा।
विशेषज्ञों का मानना है कि उचित प्रकाश व्यवस्था बच्चों की एकाग्रता बढ़ाने और पढ़ाई की गुणवत्ता सुधारने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है। अब बच्चों को कम रोशनी के कारण होने वाली परेशानियों का सामना नहीं करना पड़ेगा।
शिक्षकों को भी मिली बड़ी राहत
विद्यालय में प्रकाश व्यवस्था बेहतर होने से शिक्षकों को भी पठन-पाठन कार्य करने में सुविधा मिलेगी।
पहले कम रोशनी के कारण ब्लैकबोर्ड पर पढ़ाने और विद्यार्थियों की कॉपियां जांचने में कठिनाई होती थी। अब पर्याप्त रोशनी मिलने से शिक्षण कार्य अधिक प्रभावी और सुचारु रूप से किया जा सकेगा।
हैलोजन लाइट से बढ़ेगी सुरक्षा
विद्यालय परिसर के बाहर लगाई गई हैलोजन लाइट का लाभ केवल विद्यालय को ही नहीं बल्कि आसपास के स्थानीय लोगों को भी मिलेगा।
शाम के समय विद्यालय परिसर में अंधेरा रहने के कारण असामाजिक तत्वों के जमावड़े की आशंका बनी रहती थी। अब हैलोजन लाइट लगने से पूरा परिसर रोशन रहेगा, जिससे सुरक्षा व्यवस्था मजबूत होगी और ऐसी गतिविधियों पर रोक लगाने में मदद मिलेगी।
झरना मिश्रा ने कही आगे भी सहयोग की बात
इस अवसर पर पंचायत समिति सदस्य झरना मिश्रा ने कहा कि बच्चों को बेहतर शिक्षा और सुविधाएं उपलब्ध कराना उनकी प्राथमिकता है।
उन्होंने कहा कि विद्यालय की अन्य समस्याओं के समाधान के लिए भी वे लगातार प्रयास करती रहेंगी। यदि भविष्य में विद्यालय को किसी अन्य सुविधा की आवश्यकता होगी तो उसे भी प्राथमिकता के आधार पर पूरा करने का प्रयास किया जाएगा।

उन्होंने कहा कि शिक्षा किसी भी समाज की सबसे बड़ी ताकत होती है और बच्चों को बेहतर वातावरण देना सभी की सामूहिक जिम्मेदारी है।
प्रधानाध्यापिका और शिक्षकों ने जताया आभार
विद्यालय की प्रधानाध्यापिका उषा कुमारी ने झरना मिश्रा के इस सराहनीय कार्य की प्रशंसा करते हुए कहा कि लंबे समय से विद्यालय में प्रकाश व्यवस्था की समस्या बनी हुई थी, जिसका समाधान अब हो गया है।
विद्यालय की शिक्षिका सरिता कुमारी ने भी उनके सहयोग के लिए धन्यवाद देते हुए कहा कि इससे बच्चों की पढ़ाई और शिक्षण कार्य दोनों में काफी सुधार होगा।
स्थानीय लोगों ने की पहल की सराहना
विद्यालय में लाइटें लगने के बाद स्थानीय लोगों ने भी खुशी व्यक्त की। उनका कहना है कि पंचायत समिति सदस्य ने बिना किसी सरकारी प्रक्रिया का इंतजार किए अपने निजी संसाधनों से समस्या का समाधान कर दिया, जो समाज के लिए एक सकारात्मक उदाहरण है।
लोगों ने उम्मीद जताई कि भविष्य में भी इसी तरह जनप्रतिनिधि क्षेत्र की मूलभूत समस्याओं के समाधान के लिए आगे आते रहेंगे।
कार्यक्रम में कई जनप्रतिनिधि रहे मौजूद
इस अवसर पर कई जनप्रतिनिधि और स्थानीय लोग उपस्थित रहे। इनमें प्रमुख रूप से—
- पंचायत समिति सदस्य झरना मिश्रा
- पंचायत समिति सदस्य सुनील गुप्ता
- वार्ड सदस्य उमेश पांडे
- वार्ड सदस्य सीमा पांडे
- प्रधानाध्यापिका उषा कुमारी
- शिक्षिका सरिता कुमारी
- विद्यालय के शिक्षक एवं स्थानीय नागरिक
सभी ने इस पहल की सराहना करते हुए इसे बच्चों के भविष्य के लिए महत्वपूर्ण कदम बताया।
बागबेड़ा कॉलोनी रोड नंबर-1 स्थित प्राथमिक विद्यालय में पंचायत समिति सदस्य झरना मिश्रा द्वारा निजी खर्च से चार एलईडी ट्यूब लाइट और एक हैलोजन लाइट लगवाना समाज सेवा और जनप्रतिनिधित्व का उत्कृष्ट उदाहरण है। इस पहल से विद्यालय की वर्षों पुरानी प्रकाश व्यवस्था की समस्या दूर हो गई है। अब बच्चों को बेहतर वातावरण में शिक्षा मिलेगी, शिक्षकों को पठन-पाठन में सुविधा होगी और विद्यालय परिसर की सुरक्षा भी मजबूत होगी। यह कार्य इस बात का संदेश देता है कि यदि जनप्रतिनिधि इच्छाशक्ति के साथ काम करें तो छोटी-छोटी पहल भी समाज में बड़ा सकारात्मक बदलाव ला सकती हैं।


















