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कुचाई प्रखंड के बंदोलोहर पंचायत के पारलवादी गांव में पारंपरिक विधि विधान से मनाया गया आषाढ़ी पूजा।

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On: July 22, 2024 1:10 PM
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पूजा
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रिपोटर  – जय  कुमार

कुचाई  : पारलवादी में हर वर्ष की भांति इस वर्ष भी आषाढ़ी पूजा संपूर्ण विधि विधान से संपन्न हुआ। इसका शुभारंभ देउरी श्री कृष्णा हेंब्रम द्वारा किया गया । ग्रामीणों ने ग्राम देवता के चरणों में नतमस्तक होकर अच्छी बारिश व फसल की कामना की, साथ ही गांव में हमेशा सुख-शांति बनी रहे और किसी तरह का रोग व बीमारी नहीं फैले, इसके लिए भी सामूहिक प्रार्थना की गई । पूजा-अर्चना के बाद लोगों के बीच प्रसाद वितरण किया गया।

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बारिश नहीं होने से किसान परिवार चिंतित।

बारिश का भारतीय कृषि में विशेष महत्व है, विशेषकर खरीफ फसलों के लिए जो पूरी तरह से मानसून पर निर्भर होती हैं. जब बारिश में कमी आती है, तो इसका प्रभाव केवल फसलों पर ही नहीं पड़ता, बल्कि इससे किसान परिवारों की पूरी आजीविका पर संकट मंडराने लगता है. बारिश न होने से किसानों की चिंता वाजिब है. यह एक गंभीर समस्या है, जिसका समाधान केवल सरकारी प्रयासों से ही नहीं, बल्कि सामूहिक और सामाजिक प्रयासों से भी संभव है।

हमें यह समझना होगा कि किसान हमारे देश की रीढ़ हैं और उनका हित हमारे समाज और अर्थव्यवस्था के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण है।साथ ही ग्रामीणों ने जलवायु परिवर्तन से निपटने के लिए वृक्षा रोपण जैसे कार्यों को करने का संकल्प लिया। गांव वालों ने निर्णय लिया कि पर्व त्योहार जैसे मौकों पर सामूहिक वृक्षारोपण किया जाएगा ताकि प्रकृति को फिर से हरा भरा बनाया जा सके।

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आषाढ़ी पूजा में देऊरी कृष्णा हेंब्रम , अंगद महतो, रवि प्रकाश महतो, शशिकांत महतो, सुभाष महतो, गोवर्धन महतो, मिहिर महतो, सदानंद महतो, राजकुमार महतो, बारा महतो, अभिनाश महतो, हेमराज महतो, किशोर कौशल, जयदेव महतो, त्रिदेव महतो, नीतीश महतो , बासुदेव महतो आदि मौजूद थे।

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