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दिव्यांग खोजो अभियान के तहत गांव-गांव पहुंचे करुणा मय मंडल, बिना प्रमाण पत्र वाले दिव्यांगों की पहचान

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On: January 7, 2026 9:35 PM
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पोटका / जमशेदपुर | जिला संवाददाता

नील-दीप नि:शक्त सेवा अभियान द्वारा संचालित दिव्यांग खोजो अभियान के अंतर्गत दूरभाष से प्राप्त सूचनाओं के आधार पर अभियान के संचालक सह पोटका के पूर्व जिला पार्षद करुणा मय मंडल ने आज जमशेदपुर एवं पोटका प्रखंड के विभिन्न गांवों का दौरा किया। इस दौरान ऐसे कई दिव्यांगजनों से संपर्क हुआ, जो विभिन्न कारणों से आज तक दिव्यांग प्रमाण पत्र बनवाने से वंचित हैं।

गोड़ाडीह गांव में मिले दिव्यांग बच्चे

जमशेदपुर प्रखंड के गोड़ाडीह गांव में अभियान के दौरान दो नाबालिग दिव्यांग बच्चों की पहचान की गई—

  1. दीप पात्र (गूंगा)
    उम्र – 13 वर्ष
    पिता – शंकर पात्र
  2. नंदिनी कर्मकार (लंगड़ी)
    उम्र – 09 वर्ष
    पिता – संतोष कर्मकार

बताया गया कि दीप पात्र के पास न तो जन्म प्रमाण पत्र है और न ही आधार कार्ड, जिसके कारण अब तक उनका दिव्यांग प्रमाण पत्र नहीं बन पाया है।

दिगरसाई गांव में मिली हृदय विदारक स्थिति

पोटका प्रखंड के आसनबनी पंचायत अंतर्गत दिगरसाई गांव में—

  1. सलील हो
    (दोनों आंखों से पूर्णतः दृष्टिहीन)

की स्थिति अत्यंत दयनीय पाई गई। सलील हो के पास भी न जन्म प्रमाण पत्र है और न ही आधार कार्ड। जानकारी के अनुसार, उनकी माता उन्हें छोड़कर चली गई, जबकि पिता दूसरी शादी कर कहीं और बस गए। वर्तमान में सलील हो का पालन-पोषण उनके दादा स्वपन हो अपनी दैनिक मजदूरी के सहारे कर रहे हैं।

THE NEWS FRAME

सदर अस्पताल व उपायुक्त कार्यालय ले जाने की पहल

पूर्व जिला पार्षद करुणा मय मंडल ने मौके पर ही पीड़ित परिवारों को भरोसा दिलाया कि—

  • गोड़ाडीह की नंदिनी कर्मकार को आगामी 27 जनवरी को सदर अस्पताल के दिव्यांग कैंप में ले जाकर दिव्यांग प्रमाण पत्र बनवाने की प्रक्रिया शुरू की जाएगी।
  • सलील हो को आगामी शुक्रवार उपायुक्त कार्यालय पूर्वी सिंहभूम के समक्ष प्रस्तुत कर समुचित सहयोग हेतु आवेदन किया जाएगा।

समाजसेवियों की भूमिका

इन सभी पीड़ित दिव्यांगों की जानकारी समाजसेवी अमित पात्र एवं बृहस्पति दास द्वारा श्री मंडल को दी गई थी। आज के इस दौरे में श्री मंडल के साथ समाजसेवी अमित पात्र, बृहस्पति दास, किरिटी दास सहित अन्य लोग उपस्थित रहे।

दिव्यांग खोजो अभियान के माध्यम से ऐसे वंचित और उपेक्षित दिव्यांगजनों को चिन्हित किया जा रहा है, जो आज भी सरकारी योजनाओं और अधिकारों से दूर हैं। यह पहल न केवल संवेदनशील प्रशासन की दिशा में एक कदम है, बल्कि समाज को मानवीय जिम्मेदारी का भी अहसास कराती है।

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Anil Kumar Maurya

अनिल कुमार मौर्य एक अनुभवी पत्रकार, मीडिया रणनीतिकार और सामाजिक चिंतक हैं, जिन्हें पत्रकारिता एवं मीडिया क्षेत्र में 10 से अधिक वर्षों का अनुभव है। वे वर्तमान में The News Frame के संस्थापक और मुख्य संपादक के रूप में कार्यरत हैं — एक डिजिटल न्यूज़ प्लेटफॉर्म जो क्षेत्रीय, राष्ट्रीय और सामाजिक सरोकारों को निष्पक्ष और प्रभावशाली ढंग से प्रस्तुत करता है।अनिल जी राष्ट्रीय पत्रकार मीडिया संगठन (Rashtriya Patrakar Media Sangathan) के राष्ट्रीय अध्यक्ष भी हैं, जहां वे पत्रकारों के अधिकारों, मीडिया की स्वतंत्रता और सामाजिक न्याय के लिए सक्रिय भूमिका निभा रहे हैं।

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