झारखंड: Jharkhand साहित्य संस्कृति परिषद द्वारा स्कूली एवं महाविद्यालय स्तर के छात्र-छात्राओं की रचनात्मक प्रतिभा को प्रोत्साहित करने के उद्देश्य से आयोजित साहित्य प्रतियोगिता का परिणाम घोषित कर दिया गया है। परिषद की ओर से बताया गया कि प्रतियोगिता में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले प्रतिभागियों को आगामी 11 अक्टूबर 2026 को माताजी आश्रम, हाता में आयोजित परिषद के वार्षिक उत्सव के दौरान सम्मानित किया जाएगा। पुरस्कार वितरण समारोह सुबह 10 बजे से शुरू होगा।
परिषद के अध्यक्ष भवतारण मण्डल, सचिव शंकर चंद्र गोप तथा झारखंड प्रभा के संपादक सुनील कुमार दे ने संयुक्त रूप से इसकी जानकारी देते हुए सभी सफल प्रतिभागियों को शुभकामनाएं दीं।
2 अगस्त को आयोजित हुई थी प्रतियोगिता
झारखंड साहित्य संस्कृति परिषद ने 2 अगस्त 2026 को माताजी आश्रम, हाता में साहित्य प्रतियोगिता का आयोजन किया था। इस प्रतियोगिता का उद्देश्य विद्यार्थियों के भीतर छिपी साहित्यिक प्रतिभा को मंच प्रदान करना और उनकी रचनात्मक सोच को विकसित करना था।
प्रतियोगिता में क्षेत्र के 12 विद्यालयों एवं महाविद्यालयों के विद्यार्थियों ने भाग लिया। प्रथम चरण में चयनित 60 प्रतिभागियों ने अपनी साहित्यिक क्षमता का प्रदर्शन किया। प्रतियोगिता की विशेष बात यह रही कि प्रतिभागियों को लेखन का विषय प्रतियोगिता शुरू होने से केवल एक घंटे पहले दिया गया था। इसके बावजूद विद्यार्थियों ने उत्कृष्ट कल्पनाशक्ति, भाषा ज्ञान और सृजनात्मक लेखन का परिचय दिया।
स्वरचित कविता प्रतियोगिता का परिणाम
विषय – “भारत माता”
स्वरचित कविता प्रतियोगिता में विद्यार्थियों ने देशभक्ति और राष्ट्रप्रेम से ओत-प्रोत रचनाएं प्रस्तुत कीं। निर्णायकों ने भाषा, भाव, प्रस्तुति और मौलिकता के आधार पर विजेताओं का चयन किया।
परिणाम इस प्रकार है—
- प्रथम स्थान: अल्फिया असरफ (हिन्दी), विद्या भारती इंग्लिश स्कूल, हाता (कक्षा 9A)
- द्वितीय स्थान: बॉबी शांति मुर्मू (हिन्दी), तारा पब्लिक स्कूल, हाता (कक्षा 8)
- तृतीय स्थान: बिजली साव (हिन्दी), सरस्वती शिशु मंदिर, कोवाली (कक्षा 6)
- चतुर्थ स्थान: मनीषा दास (हिन्दी), उत्क्रमित प्लस टू उच्च विद्यालय, चाकड़ी (कक्षा 10B)
- पंचम स्थान: विनती महाकुड़ (हिन्दी), सरस्वती शिशु मंदिर, हैंसल (कक्षा 8)

स्वरचित कहानी प्रतियोगिता का परिणाम
विषय – “कोई भी शिक्षाप्रद कहानी”
कहानी लेखन प्रतियोगिता में प्रतिभागियों ने सामाजिक मूल्यों, नैतिक शिक्षा और प्रेरणादायक घटनाओं पर आधारित मौलिक कहानियां प्रस्तुत कीं।
विजेताओं की सूची इस प्रकार है—
- प्रथम स्थान: दिया सरदार (अंग्रेजी), तारा पब्लिक स्कूल, हाता (कक्षा 11)
- द्वितीय स्थान: सौरभ महतो (अंग्रेजी), रम्भा कॉलेज, गीतिलता (बी.एड.)
- तृतीय स्थान: श्रीजा दास (हिन्दी), विद्या निकेतन प्लस टू उच्च विद्यालय, हलुद पुकुर (कक्षा 10)
- चतुर्थ स्थान: अनुष्का सेन (हिन्दी), विद्या भारती इंग्लिश स्कूल, हाता (कक्षा 8A)
- पंचम स्थान: आशा रानी मण्डल (बांग्ला), रम्भा कॉलेज, गीतिलता (बी.एड.)
लेख प्रतियोगिता का परिणाम
विषय – “साहित्य समाज का दर्पण है”
लेख प्रतियोगिता में विद्यार्थियों ने साहित्य की सामाजिक भूमिका, संस्कृति, शिक्षा और समाज पर उसके प्रभाव को अपने विचारों के माध्यम से प्रस्तुत किया।
परिणाम इस प्रकार रहा—
- प्रथम स्थान: स्वीटी राणा (हिन्दी), चाकड़ी प्लस टू उच्च विद्यालय (कक्षा 11)
- द्वितीय स्थान: सलक पाल (अंग्रेजी), विद्या भारती इंग्लिश स्कूल, हाता (कक्षा 10A)
- तृतीय स्थान: रिया राय (हिन्दी), उत्क्रमित उच्च विद्यालय, ईटा पुकुर (कक्षा 9)
- चतुर्थ स्थान: तनुश्री भकत (हिन्दी), पल्ली मंगल उच्च विद्यालय, शांतिपुर (कक्षा 9)
- पंचम स्थान: शिला महतो (हिन्दी), सरस्वती शिशु मंदिर, हैंसल (कक्षा 10)
प्रतिभागियों की रचनात्मक क्षमता की हुई सराहना
परिषद के पदाधिकारियों ने बताया कि प्रतियोगिता के दौरान सभी प्रतिभागियों ने अपनी रचनात्मक क्षमता का शानदार प्रदर्शन किया। जिन विद्यार्थियों को पुरस्कार नहीं मिल सका, उन्होंने भी उत्कृष्ट प्रयास किया। प्रतियोगिता से यह स्पष्ट हुआ कि ग्रामीण और अर्द्धशहरी क्षेत्रों के विद्यार्थियों में साहित्यिक प्रतिभा की कोई कमी नहीं है। उन्हें केवल उचित मंच, मार्गदर्शन और प्रेरणा की आवश्यकता है।
परिषद ने भविष्य में भी ऐसी प्रतियोगिताओं का आयोजन कर विद्यार्थियों की प्रतिभा को निखारने का संकल्प दोहराया।
11 अक्टूबर को होगा सम्मान समारोह
प्रतियोगिता में प्रथम से पंचम स्थान प्राप्त करने वाले सभी विजेताओं को 11 अक्टूबर 2026 को माताजी आश्रम, हाता में आयोजित झारखंड साहित्य संस्कृति परिषद के वार्षिक उत्सव के दौरान सम्मानित किया जाएगा। समारोह सुबह 10 बजे से शुरू होगा।
सभी विजेताओं को विकास एजुकेशन चैरिटेबल ट्रस्ट की ओर से पुरस्कार, प्रमाण-पत्र और सम्मान प्रदान किए जाएंगे। परिषद ने सभी प्रतिभागियों, अभिभावकों और शिक्षकों से समारोह में उपस्थित होकर विद्यार्थियों का उत्साहवर्धन करने की अपील की है।
परिषद का उद्देश्य
झारखंड साहित्य संस्कृति परिषद का उद्देश्य विद्यार्थियों में साहित्य, भाषा और संस्कृति के प्रति रुचि विकसित करना तथा नई पीढ़ी को रचनात्मक लेखन के लिए प्रेरित करना है। परिषद का मानना है कि साहित्य केवल अभिव्यक्ति का माध्यम नहीं, बल्कि समाज में सकारात्मक परिवर्तन लाने का सशक्त साधन भी है।
Jharkhand साहित्य संस्कृति परिषद द्वारा आयोजित यह साहित्य प्रतियोगिता विद्यार्थियों की प्रतिभा को सामने लाने की एक सराहनीय पहल साबित हुई। प्रतियोगिता ने यह सिद्ध कर दिया कि यदि युवाओं को सही अवसर और प्रोत्साहन मिले तो वे साहित्य के क्षेत्र में भी उत्कृष्ट उपलब्धियां हासिल कर सकते हैं। आगामी 11 अक्टूबर 2026 को होने वाला पुरस्कार वितरण समारोह इन प्रतिभाशाली विद्यार्थियों के लिए प्रेरणा का महत्वपूर्ण अवसर होगा तथा क्षेत्र में साहित्यिक संस्कृति को नई दिशा प्रदान करेगा।


















