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Parliyament House : अगर मेरे बेटे ने कुछ गलत किया है तो उसे फांसी दे दो.

On: December 14, 2023 4:12 PM
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THE NEWS FRAME

संसद भवन । नई दिल्ली

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संसद भवन के लोकसभा कक्ष में कूदने वाले दो आरोपियों में से एक के पिता का कहना है कि उनका बेटा “ईमानदार और सच्चा है और हमेशा समाज के लिए अच्छा करना चाहता है।” संसद के अंदर से पकड़े गए आरोपी मनोरंजन के पिता देवराजे गौड़ा उक्त बातें कहीं है। उनका कहना है कि उनका बेटा एक अच्छा लड़का है।

देश के संसद भवन में जाकर हंगामा करने के आरोप में  मनोरंजन पुलिस की गिरफ्त में है। उसके पिता ने बेटे का समर्थन करते हुए कहा, “अगर मेरे बेटे ने कुछ गलत किया है तो उसे फांसी दे दो। अगर वह संसद का अपमान करता है तो वह मेरा बेटा नहीं है। संसद हम सबकी है। कई ताकतवर लोगों ने मिलकर उस संस्था को बनाया और महात्मा गांधी और नेहरू ने उसे स्थापित करने के लिए बहुत त्याग किया। संसद के प्रति असम्मानजनक व्यवहार करना किसी को भी स्वीकार्य नहीं है, चाहे वह मेरा बेटा ही क्यों न हो, यह अस्वीकार्य है।”

अब सवाल यह उठता है कि जब उनका बेटा एक अच्छा लड़का है तो इसतरह का व्यवहार आखिर क्यों?

वहीं जानकारी के मुताबिक आरोपी मनोरंजन के पिता ने कहा है कि “उनका बेटा एक अच्छा लड़का है। वह ईमानदार और सच्चा है। और उसकी एकमात्र इच्छा समाज के लिए अच्छा करना है। और समाज के लिए बलिदान देना है। उसके पिता ने बेटे की सफाई देते हुए यह भी कहा है कि वह स्वामी विवेकानंद की किताबें पढ़ता था। और उसके पिता को लगता है कि इन किताबों को पढ़ने के बाद उसके लड़के के मन में ऐसे विचार विकसित हुए। उनका लड़का देश बदलना चाहता है। हालांकि यह समझना मुश्किल है कि उसके दिमाग में क्या चल रहा है। उसके पिता ने आगे कहा है कि उनके बेटे ने वर्ष 2016 में बीई (बैचलर इन इंजीनियरिंग) पूरा किया है और खेत की देखभाल कर रहा था। साथ ही उसने दिल्ली और बेंगलुरु के कुछ फर्मों में काम भी किया है।”

पकड़ाए चारों आरोपियों से हो रही है पूछताछ

दिल्ली पुलिस चारों आरोपियों को हिरासत में लेकर संसद मार्ग पुलिस स्टेशन ले आई है। वहां एंटी टेरर यूनिट और खुफिया एजेंसियों के आलाधिकारी उनसे पूछताछ कर जानकारी प्राप्त कर रहे हैं। जांच के क्रम में ये बात सामने आई है कि संसद के बाहर से पकड़े गए नीलम और अमोल के पास उस वक्त मोबाइल फोन नहीं था। इतना ही नहीं इनके पास से किसी भी तरह का पहचान पत्र और ना ही कोई बैग, पर्स ही बरामद हुआ है। फिलहाल दोनों ने किसी भी संगठन से संबंध होने से इंकार किया है। उनका यह दावा है कि वो लोग खुद से प्रेरित होकर संसद गए थे। जांच में यह खुलासा हुआ है कि इस साजिश में कुल 6 लोग शामिल थे। जिनमें से 2 लोगों ने संसद के अंदर हंगामा किया है तो वहीं 2 लोग बाहर विरोध प्रदर्शन कर रहे थे।  जबकि 2 लोग इस मामले में फरार हैं।

जानें क्या है मामला?

संसद भवन लोकसभा के अंदर 2 प्रदर्शनकारी कलर स्मोक स्टिक लेकर घुस गए और प्रदर्शन करते हुए सदन पटल पर नारेबाजी करने लगे और भवन में पीले रंग का केन फेंक दिया जिससे चारो ओर धुआं धुंआ हो गया। 

इस दौरान सांसदों ने घेरकर पकड़ाए प्रदर्शनकारियों की पिटाई कर दी और जिसके बाद सुरक्षाकर्मियों ने उन्हें हिरासत में ले लिया। जबकि दो प्रदर्शनकारी बाहर पकड़े गए, ये लोग नारेबाजी कर रहे थे। इसके अलावा अब दो अन्य प्रदर्शनकारियों की भी तलाश की जा रही है।

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