
Millionaire Family Murder Case: उत्तर प्रदेश के प्रयागराज में हुए चर्चित चारहरे हत्याकांड का पुलिस ने महज 12 घंटे के भीतर सनसनीखेज खुलासा कर दिया है। करोड़ों रुपये की संपत्ति, सोने-चांदी के गहनों और धन के लालच में बेटे ने अपने ही माता-पिता और बहन की हत्या की साजिश रची थी। लेकिन वारदात के बाद हिस्सेदारी को लेकर हुए विवाद में उसके दोस्त ने उसकी भी हत्या कर दी।

क्या है पूरा मामला?
कोतवाली क्षेत्र के प्रतिष्ठित व्यवसायी वीरेन्द्र वैश्य, उनकी पत्नी अनीता वैश्य, बेटी मीनाक्षी वैश्य और बेटे अभिषेक वैश्य के शव 2 जून को उनके घर और दुकान से बरामद किए गए थे। एक ही परिवार के चार सदस्यों की मौत से पूरे शहर में सनसनी फैल गई थी।
शुरुआती जांच में ऐसा प्रतीत हो रहा था कि अभिषेक ने ही परिवार की हत्या की है, क्योंकि घटनास्थल पर उसके खून लगे कपड़े मिले थे और शवों पर डिटर्जेंट व अन्य रसायन डाले गए थे।
सीसीटीवी फुटेज से खुला राज
पुलिस जांच के दौरान सीसीटीवी फुटेज में एक संदिग्ध व्यक्ति मृतक वीरेन्द्र वैश्य के कपड़े और जूते पहनकर परिसर से बाहर जाता दिखाई दिया। पहचान के बाद पुलिस आरोपी सनी गुप्ता तक पहुंची और उसे हिरासत में लेकर पूछताछ की।
पूछताछ में सनी ने पूरे हत्याकांड की भयावह कहानी पुलिस के सामने उजागर कर दी।
संपत्ति और गहनों के लालच में रची गई साजिश
पुलिस के अनुसार, अभिषेक वैश्य अपने पिता द्वारा संपत्ति से बेदखल किए जाने और आर्थिक संकट से परेशान था। इसी कारण उसने अपने दोस्त सनी गुप्ता के साथ मिलकर परिवार की हत्या की योजना बनाई।
31 मई को दोनों ने सबसे पहले मीनाक्षी वैश्य की हत्या की। इसके बाद लोहे के पाइप से हमला कर वीरेन्द्र वैश्य और उनकी पत्नी अनीता वैश्य की भी निर्मम हत्या कर दी।
हत्या के बाद दोनों आरोपियों ने घर से करोड़ों रुपये मूल्य के सोने-चांदी के जेवर और नकदी लूट ली।
भाई-भाभी को फंसाने की थी कोशिश
पुलिस जांच में यह भी सामने आया कि अभिषेक ने शक की सुई अपने भाई और भाभी की ओर मोड़ने के लिए एक बोर्ड पर “बंटी-बबली बहू ने मारा” लिखकर रखा था।
इतना ही नहीं, दोनों आरोपियों ने सबूत मिटाने के लिए शवों और घर में डिटर्जेंट, हार्पिक, ब्लीचिंग पाउडर, तेल और हल्दी तक डाल दी, ताकि पुलिस जांच भटक जाए।
गहनों के बंटवारे में हुआ विवाद, दोस्त ने कर दी हत्या
वारदात को अंजाम देने के बाद जब लूटे गए गहनों और नकदी के बंटवारे की बारी आई तो अभिषेक और सनी के बीच विवाद हो गया।
पुलिस के मुताबिक, अधिक हिस्सा पाने की लालच में सनी गुप्ता ने अभिषेक की भी उसी लोहे के पाइप से हत्या कर दी और पूरे मामले को छिपाने की कोशिश की।
आरोपी गिरफ्तार, भारी मात्रा में जेवर बरामद
पुलिस ने आरोपी सनी गुप्ता को उसके घर से गिरफ्तार कर लिया। उसकी निशानदेही पर हत्या में इस्तेमाल किया गया लोहे का पाइप, करीब 1002 ग्राम सोने के जेवर, 360 ग्राम चांदी के आभूषण तथा नकदी बरामद की गई है।
पुलिस टीम को मिलेगा 50 हजार का पुरस्कार
इस जघन्य हत्याकांड का खुलासा पुलिस आयुक्त के निर्देशन में कोतवाली पुलिस, एसओजी और सर्विलांस टीम की संयुक्त कार्रवाई से संभव हो सका। मामले के सफल खुलासे पर पुलिस टीम को 50 हजार रुपये पुरस्कार देने की घोषणा की गई है।
प्रमुख बिंदु
✅ करोड़ों की संपत्ति के लिए बेटे ने रची साजिश
✅ दोस्त के साथ मिलकर माता-पिता और बहन की हत्या
✅ भाई-भाभी को फंसाने की भी बनाई थी योजना
✅ गहनों के बंटवारे में दोस्त ने बेटे की भी कर दी हत्या
✅ 1002 ग्राम सोना और 360 ग्राम चांदी बरामद
✅ 12 घंटे में पुलिस ने किया सनसनीखेज खुलासा
प्रयागराज का यह हत्याकांड रिश्तों के टूटते भरोसे और लालच की भयावह तस्वीर पेश करता है। जिस बेटे पर माता-पिता ने भरोसा किया, उसी ने संपत्ति के लालच में अपने परिवार को मौत के घाट उतारने की साजिश रच डाली। अंततः लालच ने उसके साथी को भी उसका दुश्मन बना दिया और पूरा परिवार खत्म हो गया। पुलिस की त्वरित कार्रवाई ने मामले का पर्दाफाश कर दिया, लेकिन यह घटना समाज के लिए एक गंभीर चेतावनी बनकर सामने आई है।











































