
जमशेदपुर: Srinath विश्वविद्यालय और Srinath कॉलेज ऑफ एजुकेशन के कुल 11 छात्रों का चयन रांची में आयोजित हो रही 4वीं ईस्ट जोन पिकल बॉल चैंपियनशिप के लिए हो गया है। यह प्रतियोगिता 10 से 12 अप्रैल 2026 तक झारखंड की राजधानी रांची में धूमधाम से होगी।

ये छात्र अपनी शानदार खेल प्रतिभा से झारखंड का नाम रोशन करने को तैयार हैं। Srinath विश्वविद्यालय की मुस्कान कुमारी अंडर-19 बालिका एकल वर्ग में चयनित हुई हैं, जबकि रवि कुमार और मयंक आदर्श पुरुष युगल में जगह बनाई है। पुरुष एकल में शिव नारायण कुमार, सोनू कुमार और विवेक कुमार का नाम शामिल है। वहीं Srinath कॉलेज ऑफ एजुकेशन से राहुल कुमार, संजीव कुमार महतो, सुमन घोष और बीजू मंडल ने पुरुष एकल में अपनी जगह पक्की की है। यह चयन न सिर्फ संस्थानों के लिए गर्व का विषय है, बल्कि पूरे झारखंड के लिए पिकल बॉल खेल को नई दिशा देने वाला है। इस ब्लॉग में हम विस्तार से जानेंगे कि यह चयन कैसे हुआ, पिकल बॉल क्या है, और ये खिलाड़ी कैसे इतिहास रच सकते हैं।
पिकल बॉल क्या है? एक नया खेल जो धूम मचा रहा है
पिकल बॉल एक तेजी से लोकप्रिय हो रहा पैडल स्पोर्ट है, जो टेनिस, बैडमिंटन और पिंग-पॉन्ग का मिश्रण है। इसे 1965 में अमेरिका में विकसित किया गया था, लेकिन अब भारत में भी खासकर झारखंड जैसे राज्यों में इसका क्रेज बढ़ रहा है। यह खेल छोटे कोर्ट पर खेला जाता है, जहां प्लास्टिक की गेंद और लकड़ी या कंपोजिट पैडल का इस्तेमाल होता है।
ईस्ट जोन पिकल बॉल चैंपियनशिप जैसे आयोजन युवाओं को मौका देते हैं अपनी प्रतिभा दिखाने का। रांची में होने वाली यह 4वीं चैंपियनशिप पूर्वी भारत के विभिन्न राज्यों के खिलाड़ियों को एक मंच देगी। Srinath विश्वविद्यालय और श्रीनाथ कॉलेज ऑफ एजुकेशन के छात्रों का चयन इसी प्रतियोगिता के लिए हुआ है, जो उनकी कड़ी मेहनत का फल है। पिकल बॉल में फिटनेस, रणनीति और टीमवर्क का जबरदस्त मेल होता है। छोटे कोर्ट के कारण यह खेल सभी उम्र के लोगों के लिए उपयुक्त है, और यही वजह है कि अंडर-19 से लेकर सीनियर वर्ग तक इसमें उत्साह दिखता है।
झारखंड में पिकल बॉल का विकास पिछले कुछ वर्षों में तेजी से हुआ है। स्थानीय स्तर पर ट्रेनिंग सेंटर खुल रहे हैं, और विश्वविद्यालय जैसे संस्थान खेल को बढ़ावा दे रहे हैं। इस चयन से साफ है कि Srinath विश्वविद्यालय और Srinath कॉलेज ऑफ एजुकेशन खेल गतिविधियों में सक्रिय भूमिका निभा रहे हैं।
चयनित खिलाड़ियों की पूरी लिस्ट और उनकी खासियतें
आइए अब जानते हैं इन 11 चैंपियन खिलाड़ियों के बारे में विस्तार से। ये सभी छात्र न सिर्फ खेल में माहिर हैं, बल्कि पढ़ाई में भी अव्वल हैं।
Srinath विश्वविद्यालय के सितारे
- मुस्कान कुमारी (अंडर-19 बालिका एकल): मुस्कान ने अपनी तेज फुटवर्क और सटीक शॉट्स से चयन दिलाया। वह विश्वविद्यालय की स्टार खिलाड़ी हैं, जो रोजाना घंटों प्रैक्टिस करती हैं।
- रवि कुमार और मयंक आदर्श (पुरुष युगल): यह जोड़ी अटूट है। उनकी कोऑर्डिनेशन और पावरफुल स्मैश ने ट्रायल में सबको प्रभावित किया।
- शिव नारायण कुमार, सोनू कुमार, विवेक कुमार (पुरुष एकल): ये तीनों एकल वर्ग में आग उगलने को तैयार हैं। शिव की डिफेंस, सोनू की स्पीड और विवेक की स्ट्रेटजी कमाल की है।
Srinath कॉलेज ऑफ एजुकेशन के योद्धा
- राहुल कुमार, संजीव कुमार महतो, सुमन घोष, बीजू मंडल (पुरुष एकल): कॉलेज के ये चारों खिलाड़ी बेहतरीन प्रदर्शन से चयनित हुए। राहुल का एग्रेसिव स्टाइल, संजीव की सहनशक्ति, सुमन की एक्यूरेसी और बीजू का अनुभव उन्हें खास बनाता है।
इसके अलावा, जमशेदपुर महिला विश्वविद्यालय से पूर्णिमा प्रमाणिक और स्नेहा कुमारी महिला युगल में खेलेंगी, जो जमशेदपुर के लिए गौरव की बात है। कुल मिलाकर, यह टीम झारखंड पिकल बॉल को नई ऊंचाई देगी।

ट्रेनिंग और टीम मैनेजमेंट सफलता की कुंजी
कोई भी चैंपियनशिप बिना सही ट्रेनिंग के जीती नहीं जा सकती। इन खिलाड़ियों को कोच सूर्यजीत सिंह (Srinath कॉलेज ऑफ एजुकेशन) और डॉ. प्रभात कुमार महतो (जमशेदपुर विमेंस यूनिवर्सिटी) ट्रेनिंग देंगे। सूर्यजीत सिंह न सिर्फ कोच हैं, बल्कि आयोजन के सचिव भी हैं। टीम मैनेजर आर. तेजा सुनिश्चित करेंगे कि खिलाड़ी हर मोर्चे पर तैयार रहें।
ट्रेनिंग में फोकस होगा फिटनेस, टेक्नीक और मेंटल स्ट्रेंथ पर। पिकल बॉल में नेट के पास ‘नो-वॉली जोन’ होता है, जहां खिलाड़ी गेंद को वॉली नहीं मार सकते। कोच इसे परफेक्ट करने पर जोर दे रहे हैं। पदाधिकारियों में अध्यक्ष अमित कुमार सिंह और कोषाध्यक्ष रंजीत कुमार सिंह भी सक्रिय हैं। यह टीमवर्क ही श्रीनाथ विश्वविद्यालय और श्रीनाथ कॉलेज ऑफ एजुकेशन को ईस्ट जोन पिकल बॉल चैंपियनशिप में आगे ले जाएगा।
ईस्ट जोन पिकल बॉल चैंपियनशिप का महत्व और उम्मीदें
रांची में 10-12 अप्रैल 2026 को होने वाली यह चैंपियनशिप पूर्वी भारत के पिकल बॉल प्रेमियों के लिए बड़ा आयोजन है। यहां बिहार, झारखंड, ओडिशा, पश्चिम बंगाल आदि से टीमें भिड़ेंगी। Srinath विश्वविद्यालय और Srinath कॉलेज ऑफ एजुकेशन के 11 छात्रों का चयन झारखंड में इस खेल के बढ़ते प्रभाव को दिखाता है।
यह चैंपियनशिप नेशनल लेवल के लिए गेटवे है। जीतने वाली टीमें आगे की जंग लड़ेंगी। स्थानीय स्तर पर ऐसे आयोजन खेलों को बढ़ावा देते हैं, खासकर ग्रामीण इलाकों में। Srinath संस्थानों की यह सफलता छात्रों को प्रेरित करेगी। हम उम्मीद करते हैं कि ये खिलाड़ी मेडल जीतकर लौटेंगे।

झारखंड में पिकल बॉल का उदय एक नई क्रांति
झारखंड खेलों का गढ़ रहा है – हॉकी से लेकर फुटबॉल तक। अब पिकल बॉल इसमें नया अध्याय जोड़ रहा है। Srinath विश्वविद्यालय और श्रीनाथ कॉलेज ऑफ एजुकेशन जैसे संस्थान खेल इंफ्रास्ट्रक्चर विकसित कर रहे हैं। ट्रायल में सैकड़ों छात्रों ने भाग लिया, और इन 11 का चयन कड़ी मेहनत का नतीजा है।
यह चयन पूरे जमशेदपुर और इंदौर (जहां संस्थान सक्रिय हैं) के लिए प्रेरणा है। पिकल बॉल सस्ता और आसान खेल है, जो पार्कों में भी खेला जा सकता है। भविष्य में झारखंड नेशनल चैंपियनशिप होस्ट कर सकता है।
तैयारी के टिप्स पिकल बॉल खिलाड़ियों के लिए
- रोजाना 1 घंटा पैडल प्रैक्टिस करें।
- फुटवर्क पर फोकस: लैडर ड्रिल्स आजमाएं।
- डाइट में प्रोटीन और हाइड्रेशन रखें।
- मेंटल कोचिंग: विजुअलाइजेशन करें।
Srinath विश्वविद्यालय और Srinath कॉलेज ऑफ एजुकेशन के चयन से नई उम्मीदें
Srinath विश्वविद्यालय और श्रीनाथ कॉलेज ऑफ एजुकेशन के कुल 11 छात्रों का ईस्ट जोन पिकल बॉल चैंपियनशिप के लिए चयन एक मील का पत्थर है। यह उनकी मेहनत, कोचिंग और संस्थानों के सपोर्ट का प्रमाण है। रांची में 10-12 अप्रैल को ये योद्धा मैदान संभालेंगे, और हम祈祷 करते हैं कि वे मेडल लेकर लौटें। पिकल बॉल जैसे नए खेल युवाओं को फिट रखेंगे और झारखंड को खेल भूमि बनाएंगे। अगर आप भी खेलों में रुचि रखते हैं, तो लोकल टूर्नामेंट जॉइन करें। जय हिंद!











































