
आदित्यपुर: स्थित बैंक कॉलोनी दुर्गा मंदिर परिसर में शनिवार को Maiya सम्मान योजना विधवा पेंशन, वृद्धा पेंशन और विकलांग पेंशन से संबंधित दस्तावेजों के सत्यापन के लिए एक विशेष कैंप का आयोजन किया गया। इस कैंप में वार्ड संख्या 15 और 16 के बड़ी संख्या में लाभार्थियों ने भाग लेकर अपने आवश्यक दस्तावेज जमा किए।

सरकारी योजनाओं का लाभ सही लाभुकों तक पहुंचाने और दस्तावेजों के सत्यापन की प्रक्रिया को सरल बनाने के उद्देश्य से आयोजित इस शिविर में लोगों की लंबी कतारें देखने को मिलीं। लाभार्थी सुबह से ही अपने आधार कार्ड, वोटर आईडी, पैन कार्ड, राशन कार्ड और बैंक पासबुक की फोटोकॉपी लेकर कैंप स्थल पर पहुंचे।
लाभार्थियों ने जमा किए जरूरी दस्तावेज
कैंप के दौरान लाभार्थियों ने विभिन्न सरकारी योजनाओं से संबंधित दस्तावेजों का सत्यापन कराया। अधिकारियों द्वारा लाभार्थियों के आधार कार्ड, वोटर कार्ड, पैन कार्ड, राशन कार्ड और बैंक पासबुक की प्रतियों की जांच की गई।
स्थानीय लोगों का कहना है कि इस तरह के कैंप आयोजित होने से आम लोगों को काफी सुविधा मिलती है, क्योंकि उन्हें अलग-अलग सरकारी कार्यालयों के चक्कर नहीं लगाने पड़ते।
विशेष रूप से बुजुर्गों, विधवा महिलाओं और दिव्यांग लाभार्थियों के लिए यह शिविर राहतभरा साबित हुआ। कई लाभार्थियों ने कहा कि कैंप के माध्यम से उन्हें योजनाओं से संबंधित प्रक्रिया समझने और दस्तावेज सत्यापन कराने में आसानी हुई।
वार्ड 15 और 16 के लोगों की रही बड़ी भागीदारी
कार्यक्रम में वार्ड नंबर 15 और 16 के लाभार्थियों की बड़ी भागीदारी देखने को मिली। कैंप स्थल पर सुबह से ही लोगों की भीड़ जुटनी शुरू हो गई थी।
लोग पंक्तिबद्ध होकर अपने दस्तावेज जमा करते नजर आए। शिविर में व्यवस्था बनाए रखने के लिए स्थानीय प्रतिनिधियों और आंगनबाड़ी सेविकाओं ने लोगों को सहयोग किया।
कई महिलाओं ने कहा कि इस प्रकार के विशेष कैंप से सरकारी योजनाओं की प्रक्रिया पारदर्शी और आसान बनती है।
Maiya सम्मान योजना को लेकर दिखा उत्साह
Maiya सम्मान योजना को लेकर महिलाओं में विशेष उत्साह देखा गया। लाभार्थियों ने योजना से संबंधित दस्तावेजों का सत्यापन कराते हुए सरकार की इस पहल की सराहना की।
महिलाओं का कहना है कि इस प्रकार की योजनाएं आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों के लिए काफी सहायक साबित होती हैं। वहीं विधवा, वृद्धा और विकलांग पेंशन योजनाओं से जुड़े लाभार्थियों ने भी समय पर पेंशन सुविधा सुनिश्चित करने की मांग की।
गम्हरिया ब्लॉक प्रतिनिधि और आंगनबाड़ी सेविकाओं की रही अहम भूमिका
इस विशेष शिविर को सफल बनाने में गम्हरिया ब्लॉक के प्रतिनिधि संदीप कुमार की महत्वपूर्ण भूमिका रही। इसके अलावा स्थानीय आंगनबाड़ी सेविकाएं भी पूरे कार्यक्रम के दौरान सक्रिय रूप से मौजूद रहीं।
उन्होंने लाभार्थियों को दस्तावेज सत्यापन की प्रक्रिया समझाने, फॉर्म भरने और आवश्यक कागजात जमा कराने में सहायता की।
आंगनबाड़ी सेविकाओं ने बुजुर्ग और दिव्यांग लोगों को विशेष सहयोग प्रदान किया ताकि उन्हें किसी प्रकार की परेशानी का सामना न करना पड़े।
सरकारी योजनाओं का लाभ सही लोगों तक पहुंचाने की पहल
स्थानीय लोगों का कहना है कि इस तरह के कैंप आयोजित करने का मुख्य उद्देश्य सरकारी योजनाओं का लाभ सही लाभार्थियों तक पहुंचाना है।
दस्तावेज सत्यापन प्रक्रिया के माध्यम से यह सुनिश्चित किया जा रहा है कि योजनाओं का लाभ वास्तविक और पात्र लोगों को ही मिले।
विशेषज्ञों का मानना है कि समय-समय पर इस प्रकार के शिविर आयोजित होने से योजनाओं में पारदर्शिता बनी रहती है और फर्जी लाभुकों पर रोक लगाने में मदद मिलती है।
लोगों ने प्रशासनिक व्यवस्था की सराहना की
कैंप में पहुंचे कई लाभार्थियों ने प्रशासनिक व्यवस्था की सराहना की। लोगों का कहना था कि शिविर में दस्तावेज सत्यापन की प्रक्रिया व्यवस्थित तरीके से की गई।
महिलाओं और बुजुर्गों के लिए अलग व्यवस्था किए जाने से भी लोगों को राहत मिली। स्थानीय नागरिकों ने भविष्य में भी ऐसे कैंप नियमित रूप से आयोजित करने की मांग की।
सरकारी योजनाओं को लेकर बढ़ रही जागरूकता
इस शिविर के माध्यम से लोगों में सरकारी योजनाओं को लेकर जागरूकता भी देखने को मिली। बड़ी संख्या में महिलाएं और बुजुर्ग योजनाओं की जानकारी लेने के लिए पहुंचे।
स्थानीय प्रतिनिधियों ने लोगों को योजनाओं के लाभ, पात्रता और आवश्यक दस्तावेजों की जानकारी भी दी।
विशेषज्ञों का कहना है कि गांव और शहरी क्षेत्रों में इस तरह के जागरूकता शिविर लोगों को सरकारी योजनाओं से जोड़ने में अहम भूमिका निभाते हैं।
भविष्य में और कैंप आयोजित करने की मांग
कई लाभार्थियों ने मांग की कि ऐसे विशेष कैंप अन्य वार्डों और क्षेत्रों में भी आयोजित किए जाएं ताकि अधिक से अधिक लोग सरकारी योजनाओं का लाभ उठा सकें।
लोगों का कहना है कि कैंप आधारित व्यवस्था से समय की बचत होती है और आम नागरिकों को सरकारी कार्यालयों में अनावश्यक परेशानी का सामना नहीं करना पड़ता।








