
जमशेदपुर: करीम सिटी कॉलेज, साकची, जमशेदपुर में विश्व दर्शन दिवस 2025 के अवसर पर दर्शनशास्त्र विभाग द्वारा एक दिवसीय राष्ट्रीय सेमिनार का आयोजन किया गया। सेमिनार का विषय था — “भारतीय दर्शन”, जिसे देश के प्रतिष्ठित शिक्षाविदों और शोधकर्ताओं की उपस्थिति में गंभीर और रोचक चर्चा के साथ संपन्न किया गया।

यह सेमिनार इंडियन काउंसिल ऑफ फिलॉसॉफिकल रिसर्च (नई दिल्ली), शिक्षा मंत्रालय, भारत सरकार द्वारा प्रायोजित था। कार्यक्रम के कन्वीनर थे डॉ. मोहम्मद मुजाहिदुल हक, प्राध्यापक, दर्शनशास्त्र विभाग, करीम सिटी कॉलेज। सेमिनार की अध्यक्षता की डॉ. आमिर रेयाज (एसोसिएट प्रोफेसर, अलीगढ़ मुस्लिम विश्वविद्यालय) ने और मुख्य अतिथि रहे डॉ. संजय यादव (एसोसिएट प्रोफेसर, कोल्हान यूनिवर्सिटी, चाईबासा)।

प्रमुख वक्ताओं की उपस्थिति
सेमिनार में मुख्य वक्ता के तौर पर देश के अलग-अलग हिस्सों से आए दर्शनशास्त्र के अनुभवी विद्वानों ने भाग लिया:
- डॉ. अकील अहमद, एसोसिएट प्रोफेसर, अलीगढ़ मुस्लिम विश्वविद्यालय
- डॉ. पी. के. सिन्हा, पूर्व विभागाध्यक्ष, योगदा सत्संग महाविद्यालय, रांची
- डॉ. संजय कुमार, विभागाध्यक्ष, दर्शनशास्त्र, कोल्हान विश्वविद्यालय
सेमिनार की शुरुआत और मुख्य विषयवस्तु
कॉलेज ऑडिटोरियम में आयोजित सेमिनार की शुरुआत कॉलेज के प्राचार्य डॉ. मोहम्मद रेयाज के स्वागत भाषण से हुई। कार्यक्रम के संयोजक डॉ. मुजाहिदुल हक ने सेमिनार के उद्देश्य और महत्व को सरल शब्दों में समझाया।
कीनोट एड्रेस में डॉ. आमिर रेयाज ने गांधी दर्शन पर विस्तार से प्रकाश डालते हुए सत्य, अहिंसा और धर्मनिरपेक्षता जैसे मूल्यों की प्रासंगिकता पर चर्चा की।
डॉ. अकील अहमद ने सेमिनार को भावनात्मक रूप देते हुए करीम सिटी कॉलेज के साथ अपने लंबे जुड़ाव को साझा किया और अपने पूर्व विभागाध्यक्ष डॉ. अशरफ बिहारी के निधन पर श्रद्धांजलि दी। उन्होंने भारतीय दर्शन की विभिन्न शाखाओं की चर्चा करते हुए भारत की बहुसांस्कृतिक विरासत की सराहना की।

टेक्निकल सेशन और संवाद
सेमिनार को दो हिस्सों में विभाजित किया गया था। भोजन के बाद टेक्निकल सेशन आयोजित हुआ, जिसमें प्रतिभागियों और छात्रों ने खुलकर सवाल पूछे। प्रश्नोत्तर सत्र में विशेषज्ञों ने सभी सवालों के संतोषजनक उत्तर दिए।
आयोजन की सुंदर प्रस्तुति
कार्यक्रम का संचालन हिंदी विभाग की प्राध्यापिका डॉ. संध्या सिन्हा ने किया। धन्यवाद ज्ञापन दर्शनशास्त्र विभाग के अध्यक्ष डॉ. अब्दुल लतीफ मंडल ने दिया।
विशेष उपस्थिति
कार्यक्रम में कॉलेज के शिक्षक, विद्यार्थी, शोधार्थियों के अलावा विशेष रूप से उपस्थित रहे: कॉलेज के सचिव व पूर्व प्राचार्य डॉ. मोहम्मद जकरिया, प्रोफेसर अहमद बद्र, दीपांजल श्रीवास्तव, एस. पी. मंडल, ज्योति कुमारी, अर्चना गुप्ता, अमृता कुमारी सहित अन्य विद्वजन।
करीम सिटी कॉलेज द्वारा आयोजित यह राष्ट्रीय संगोष्ठी भारतीय दर्शन और उसकी विविधता को समझने का एक महत्वपूर्ण मंच साबित हुई। इस तरह के आयोजन छात्रों और शिक्षकों को दार्शनिक सोच, सांस्कृतिक समझ और मूल्य आधारित शिक्षा की दिशा में आगे बढ़ने के लिए प्रेरित करते हैं।












































