जमशेदपुर: Karim सिटी कॉलेज, साकची स्थित मनोविज्ञान विभाग में मंगलवार को शिक्षक-अभिभावक (Teacher-Parent Meeting) का सफल आयोजन किया गया। इस बैठक का उद्देश्य विद्यार्थियों के शैक्षणिक प्रदर्शन, नियमित उपस्थिति, व्यवहारिक विकास और भविष्य की शैक्षणिक योजनाओं पर अभिभावकों एवं शिक्षकों के बीच सकारात्मक संवाद स्थापित करना था। कार्यक्रम में स्नातक सेमेस्टर-3 एवं स्नातक सेमेस्टर-4 के विद्यार्थियों के लगभग 25 अभिभावकों ने भाग लिया और शिक्षकों के साथ बच्चों के समग्र विकास से जुड़े विभिन्न विषयों पर विस्तार से चर्चा की।
विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास पर रहा विशेष फोकस
बैठक के दौरान विद्यार्थियों की पढ़ाई, अनुशासन, नियमित कक्षाओं में उपस्थिति, परीक्षा की तैयारी तथा मानसिक एवं व्यक्तित्व विकास जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर विचार-विमर्श किया गया। अभिभावकों ने भी अपने बच्चों की शैक्षणिक प्रगति से जुड़े अनुभव साझा किए और शिक्षकों से आवश्यक सुझाव प्राप्त किए।
कॉलेज प्रशासन का मानना है कि विद्यार्थियों के उज्ज्वल भविष्य के लिए शिक्षक और अभिभावक दोनों की समान भागीदारी अत्यंत आवश्यक है। इसी उद्देश्य से इस प्रकार की बैठकों का आयोजन समय-समय पर किया जाता है, ताकि विद्यार्थियों की प्रगति पर संयुक्त रूप से निगरानी रखी जा सके।
विभागाध्यक्ष डॉ. फिरोज इब्राहीमी ने किया अभिभावकों का स्वागत
कार्यक्रम की शुरुआत मनोविज्ञान विभागाध्यक्ष डॉ. फिरोज इब्राहीमी के स्वागत संबोधन से हुई। उन्होंने उपस्थित सभी अभिभावकों का स्वागत करते हुए कहा कि शिक्षा केवल कक्षा तक सीमित नहीं होती, बल्कि घर और विद्यालय दोनों के संयुक्त प्रयासों से ही विद्यार्थियों का संपूर्ण व्यक्तित्व विकसित होता है।
उन्होंने अभिभावकों से विद्यार्थियों के व्यवहार, पढ़ाई में आने वाली कठिनाइयों और उनके समाधान पर खुलकर चर्चा की। साथ ही उन्होंने कहा कि यदि किसी छात्र को किसी भी प्रकार की शैक्षणिक या व्यक्तिगत समस्या का सामना करना पड़ता है, तो विभाग हमेशा उसकी सहायता के लिए तत्पर रहेगा।
विद्यार्थियों की नियमित उपस्थिति पर दिया गया विशेष जोर
बैठक के दौरान विभागाध्यक्ष ने अभिभावकों से विशेष आग्रह किया कि वे अपने बच्चों को नियमित रूप से कॉलेज भेजने के लिए प्रेरित करें। उन्होंने कहा कि नियमित कक्षाओं में भाग लेने से विद्यार्थियों की विषयों पर पकड़ मजबूत होती है, आत्मविश्वास बढ़ता है और परीक्षा परिणाम भी बेहतर होते हैं।
उन्होंने यह भी कहा कि कॉलेज की विभिन्न शैक्षणिक एवं सह-पाठ्यक्रम गतिविधियों में भाग लेने से विद्यार्थियों का व्यक्तित्व विकास होता है और वे भविष्य की चुनौतियों का बेहतर तरीके से सामना कर पाते हैं।
शिक्षक और अभिभावक का सहयोग है सफलता की कुंजी
डॉ. फिरोज इब्राहीमी ने कहा कि विद्यार्थी के जीवन निर्माण में शिक्षक और माता-पिता दोनों की महत्वपूर्ण भूमिका होती है। यदि दोनों के बीच निरंतर संवाद बना रहे तो छात्र-छात्राओं की समस्याओं का समय रहते समाधान किया जा सकता है।
उन्होंने कहा कि शिक्षक केवल शिक्षा प्रदान नहीं करते, बल्कि विद्यार्थियों के व्यक्तित्व, नैतिक मूल्यों और करियर निर्माण में भी महत्वपूर्ण योगदान देते हैं। वहीं अभिभावकों का सहयोग विद्यार्थियों को सही दिशा देने में अत्यंत आवश्यक है।
अन्य प्राध्यापकों ने भी साझा किए महत्वपूर्ण सुझाव
इस अवसर पर विभाग के अन्य प्राध्यापक डॉ. जकी अख्तर, डॉ. उधम सिंह तथा डॉ. एस. पण्डा भी उपस्थित रहे। सभी शिक्षकों ने अभिभावकों के साथ विद्यार्थियों की पढ़ाई, अनुशासन, मानसिक विकास और करियर निर्माण से जुड़े विभिन्न पहलुओं पर विस्तार से चर्चा की।
उन्होंने अभिभावकों को सुझाव दिया कि वे घर पर बच्चों के अध्ययन के लिए सकारात्मक वातावरण तैयार करें, उनकी समस्याओं को समझें तथा समय-समय पर कॉलेज से संपर्क बनाए रखें ताकि विद्यार्थियों के विकास में किसी प्रकार की बाधा न आए।
अभिभावकों ने की पहल की सराहना
बैठक में शामिल अभिभावकों ने कॉलेज द्वारा आयोजित इस पहल की सराहना की। उन्होंने कहा कि शिक्षक-अभिभावक बैठक के माध्यम से उन्हें अपने बच्चों की शैक्षणिक प्रगति, व्यवहार और भविष्य की योजनाओं की बेहतर जानकारी मिली। साथ ही उन्होंने कॉलेज प्रशासन के इस प्रयास को विद्यार्थियों के हित में एक सकारात्मक कदम बताया।
Karim सिटी कॉलेज के मनोविज्ञान विभाग द्वारा आयोजित शिक्षक-अभिभावक बैठक विद्यार्थियों के शैक्षणिक और व्यक्तित्व विकास की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल साबित हुई। इस बैठक ने यह संदेश दिया कि जब शिक्षक और अभिभावक मिलकर विद्यार्थियों के भविष्य के लिए कार्य करते हैं, तब शिक्षा अधिक प्रभावी और परिणामकारी बनती है। कॉलेज प्रशासन ने भविष्य में भी इस प्रकार की संवादात्मक बैठकों का नियमित आयोजन करने की प्रतिबद्धता व्यक्त की।













