मझगांव: पश्चिमी सिंहभूम जिले के मझगांव थाना क्षेत्र के Kushnupur गांव में हुए चर्चित एयर मार्सल पिंगुवा हत्याकांड का पुलिस ने सफलतापूर्वक खुलासा कर दिया है। इस मामले में पुलिस ने दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है। आरोपियों की निशानदेही पर हत्या में इस्तेमाल किया गया करीब तीन फीट लंबा डंडा भी बरामद कर लिया गया है। इस कार्रवाई को पुलिस की बड़ी सफलता माना जा रहा है। पुलिस अब दोनों आरोपियों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई पूरी कर न्यायालय में प्रस्तुत करने की प्रक्रिया में जुटी हुई है।
26 जून को हुई थी एयर मार्सल पिंगुवा की हत्या
जानकारी के अनुसार, 26 जून 2026 को मझगांव थाना क्षेत्र के Kushnupur गांव के मुंडासाई टोला में रहने वाले एयर मार्सल पिंगुवा (50 वर्ष) की हत्या कर दी गई थी। घटना की जानकारी गांव के ग्रामीण मुंडा के माध्यम से मझगांव थाना पुलिस को दी गई।
सूचना मिलते ही पुलिस की टीम तत्काल घटनास्थल पर पहुंची। वहां मृतक का शव उसके पुराने घर के अंदर पड़ा हुआ मिला। प्रारंभिक जांच के दौरान पुलिस ने पाया कि मृतक के सिर पर गंभीर चोट के निशान थे, जिससे स्पष्ट हो गया कि उसकी हत्या किसी भारी वस्तु या डंडे से वार कर की गई है।
चचेरे भाई की शिकायत पर दर्ज हुआ मामला
घटना के बाद मृतक के चचेरे भाई चमन प्रकाश पाठ पिंगुवा ने मझगांव थाना में लिखित आवेदन दिया। आवेदन के आधार पर पुलिस ने मझगांव थाना कांड संख्या 16/2026 दर्ज किया।
मामले को भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 103(1) के तहत दर्ज कर अनुसंधान शुरू किया गया। पुलिस ने हत्या के हर पहलू की गंभीरता से जांच करते हुए साक्ष्य जुटाने का कार्य प्रारंभ किया।
एसपी के निर्देश पर बनी विशेष जांच टीम
मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस अधीक्षक, पश्चिमी सिंहभूम के निर्देश पर एक विशेष छापामारी दल (Special Raiding Team) का गठन किया गया।

इस टीम को आरोपियों की पहचान, गिरफ्तारी और हत्या में प्रयुक्त हथियार की बरामदगी की जिम्मेदारी सौंपी गई। पुलिस ने तकनीकी साक्ष्यों, स्थानीय लोगों से पूछताछ तथा अन्य उपलब्ध जानकारियों के आधार पर लगातार जांच जारी रखी।
दो आरोपियों को पुलिस ने किया गिरफ्तार
लगातार अनुसंधान और छापेमारी के बाद पुलिस को बड़ी सफलता हाथ लगी। 16 जुलाई 2026 को पुलिस ने इस मामले में संलिप्त दो आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया।
गिरफ्तार आरोपियों के नाम हैं—

- युदू पुरती (29 वर्ष)
- जवाहर लाल चातार उर्फ रंजीत उर्फ जाला (21 वर्ष)
दोनों आरोपियों से पुलिस ने गहन पूछताछ की, जिसमें कई महत्वपूर्ण जानकारियां सामने आईं।
आरोपियों की निशानदेही पर बरामद हुआ हत्या का डंडा
पूछताछ के दौरान दोनों आरोपियों ने हत्या में अपनी संलिप्तता से जुड़ी महत्वपूर्ण जानकारी पुलिस को दी। उनकी निशानदेही पर पुलिस ने हत्या में इस्तेमाल किया गया लगभग तीन फीट लंबा डंडा बरामद कर लिया।
बरामद डंडे को पुलिस ने जब्त कर फॉरेंसिक जांच के लिए सुरक्षित रखा है। पुलिस का मानना है कि इससे जांच को और मजबूती मिलेगी तथा न्यायालय में साक्ष्य के रूप में भी इसका महत्वपूर्ण उपयोग होगा।
वैज्ञानिक तरीके से हुई जांच
पुलिस अधिकारियों के अनुसार, इस मामले की जांच वैज्ञानिक और तकनीकी दोनों आधारों पर की गई। घटनास्थल से मिले साक्ष्यों, स्थानीय लोगों से पूछताछ और आरोपियों के बयानों का मिलान करने के बाद पुलिस इस निष्कर्ष पर पहुंची।
जांच के दौरान हर पहलू की बारीकी से पड़ताल की गई ताकि किसी भी निर्दोष व्यक्ति को परेशानी न हो और वास्तविक आरोपियों को कानून के दायरे में लाया जा सके।
आरोपियों को न्यायालय में किया जाएगा प्रस्तुत
पुलिस ने बताया कि दोनों गिरफ्तार आरोपियों के खिलाफ कानूनी प्रक्रिया पूरी की जा रही है। आवश्यक पूछताछ और दस्तावेजी कार्रवाई के बाद उन्हें न्यायिक हिरासत के लिए न्यायालय में प्रस्तुत किया जाएगा।

आगे की जांच में यदि अन्य किसी व्यक्ति की संलिप्तता सामने आती है तो उसके खिलाफ भी कानून के अनुसार कार्रवाई की जाएगी।
छापेमारी दल में शामिल रहे ये अधिकारी
इस पूरे मामले के खुलासे में मझगांव थाना की पुलिस टीम ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। छापेमारी दल में शामिल अधिकारियों में—
- थाना प्रभारी धीरज कुमार यादव
- पुलिस अवर निरीक्षक गार्दी सुंडी
- सहायक अवर निरीक्षक सुभाष दास
- मझगांव थाना के सशस्त्र बल के जवान
सभी ने संयुक्त रूप से कार्रवाई करते हुए आरोपियों की गिरफ्तारी सुनिश्चित की।
पुलिस ने लोगों से की सहयोग की अपील
पश्चिमी सिंहभूम पुलिस ने आम लोगों से अपील की है कि किसी भी प्रकार की आपराधिक घटना या संदिग्ध गतिविधि की सूचना तुरंत पुलिस को दें। पुलिस का कहना है कि जनता के सहयोग से अपराधों पर प्रभावी नियंत्रण पाया जा सकता है और अपराधियों को शीघ्र कानून के शिकंजे में लाया जा सकता है।
Kushnupur गांव में हुए एयर मार्सल पिंगुवा हत्याकांड का खुलासा पश्चिमी सिंहभूम पुलिस की बड़ी उपलब्धि माना जा रहा है। त्वरित जांच, विशेष छापामारी दल की सक्रियता और साक्ष्यों के आधार पर दो आरोपियों की गिरफ्तारी से मामले की गुत्थी सुलझ गई है। हत्या में प्रयुक्त डंडे की बरामदगी से पुलिस का पक्ष और मजबूत हुआ है। अब न्यायिक प्रक्रिया के माध्यम से आगे की कार्रवाई की जाएगी, जबकि पुलिस मामले के अन्य पहलुओं की भी जांच जारी रखे हुए है।














