जमशेदपुर: Dimna लेक में शनिवार सुबह एक दर्दनाक हादसे में सोनारी कागल नगर निवासी पीयूष कुमार सिंह की डूबने से मौत हो गई। बताया जा रहा है कि पीयूष अपने छोटे भाई के साथ डिमना लेक घूमने, नहाने और फोटो खींचने के उद्देश्य से पहुंचा था। नहाने के दौरान वह गहरे पानी में फिसल गया और डूबने लगा। छोटा भाई तैरना नहीं जानता था, इसलिए वह उसे बचाने में असमर्थ रहा। घटना की सूचना मिलने के बाद स्थानीय मॉर्निंग वॉकर, तैराकों और पुलिस की मदद से करीब तीन घंटे की खोजबीन के बाद शव को पानी से बाहर निकाला गया।
घटना की सूचना मिलते ही जमशेदपुर पश्चिमी के विधायक सरयू राय भी मौके पर पहुंचे और पीड़ित परिवार से मुलाकात कर उन्हें ढांढस बंधाया। उन्होंने भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकने के लिए आवश्यक सुरक्षा उपायों पर भी चर्चा की।
नहाने और फोटो खींचने के लिए पहुंचे थे डिमना लेक
प्राप्त जानकारी के अनुसार, शनिवार सुबह सोनारी कागल नगर निवासी दो भाई डिमना लेक पहुंचे थे। दोनों का उद्देश्य प्राकृतिक वातावरण का आनंद लेना, फोटो खींचना और लेक में स्नान करना था।
उस समय जिस स्थान पर दोनों नहा रहे थे, वहां कोई अन्य व्यक्ति मौजूद नहीं था। नहाते समय अचानक बड़ा भाई पीयूष कुमार सिंह गहरे पानी में चला गया और संतुलन बिगड़ने से डूबने लगा।
छोटा भाई नहीं बचा सका जान
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, छोटे भाई ने अपने बड़े भाई को डूबते हुए देखा, लेकिन वह स्वयं तैरना नहीं जानता था। ऐसे में वह पानी में उतरकर उसे बचाने का साहस नहीं जुटा सका।
घबराए छोटे भाई ने आसपास मदद की गुहार लगाई, लेकिन उस समय वहां कोई मौजूद नहीं था, जिससे समय रहते बचाव संभव नहीं हो सका।
मॉर्निंग वॉकरों ने शुरू किया राहत अभियान
कुछ देर बाद जब नियमित रूप से मॉर्निंग वॉक करने आने वाले लोग डिमना लेक पहुंचे, तब छोटे भाई ने उन्हें पूरी घटना की जानकारी दी।
इसके बाद स्थानीय लोगों ने तत्काल खोज अभियान शुरू किया।
राहत कार्य में शामिल प्रमुख लोगों में—
- सुशील कुमार सिंह
- जय प्रकाश पाठक
- पी. के. मिश्रा
- रमेश बानरा
- महेश जोशी
सहित कई स्थानीय नागरिकों ने सक्रिय सहयोग दिया।
तीन घंटे बाद मिला शव
स्थानीय तैराकों और गोताखोरों की मदद से करीब तीन घंटे तक लगातार सर्च ऑपरेशन चलाया गया।
काफी मशक्कत के बाद पीयूष कुमार सिंह का शव गहरे पानी से बाहर निकाला गया। घटना के बाद पूरे क्षेत्र में शोक का माहौल फैल गया।
पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा
घटना की सूचना मिलते ही एमजीएम (या संबंधित) थाना पुलिस मौके पर पहुंची। थाना प्रभारी ने आवश्यक कानूनी प्रक्रिया पूरी कर शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया।
पुलिस पूरे मामले की जांच कर रही है और हादसे के कारणों की जानकारी जुटा रही है।
घटनास्थल पहुंचे विधायक सरयू राय
दर्दनाक घटना की जानकारी मिलने पर जमशेदपुर पश्चिमी के विधायक सरयू राय भी डिमना लेक पहुंचे।
उन्होंने मृतक के परिजनों से मुलाकात कर गहरी संवेदना व्यक्त की और उन्हें हरसंभव सहयोग का भरोसा दिलाया।
विधायक ने कहा कि इस प्रकार की घटनाएं अत्यंत दुखद हैं और भविष्य में इन्हें रोकने के लिए ठोस कदम उठाने की आवश्यकता है।
सुरक्षा व्यवस्था मजबूत करने पर हुई चर्चा
घटना के बाद विधायक सरयू राय ने स्थानीय लोगों और अधिकारियों के साथ सुरक्षा उपायों पर चर्चा की।
उन्होंने सुझाव दिया कि
- डिमना लेक के खतरनाक क्षेत्रों की फेंसिंग (बैरिकेडिंग) की जाए।
- गहरे पानी वाले स्थानों पर चेतावनी बोर्ड लगाए जाएं।
- नियमित रूप से सुरक्षा कर्मियों की तैनाती हो।
- आपातकालीन बचाव उपकरण उपलब्ध कराए जाएं।
- स्थानीय युवाओं को गोताखोरी और रेस्क्यू का प्रशिक्षण दिया जाए।
उन्होंने कहा कि इन उपायों से भविष्य में इस प्रकार की घटनाओं को काफी हद तक रोका जा सकता है।
स्थानीय युवाओं को मिलेगा गोताखोरी प्रशिक्षण
विधायक ने बताया कि स्थानीय युवाओं को गोताखोरी और जल बचाव (Water Rescue) का प्रशिक्षण दिलाने का प्रयास किया जाएगा।
इससे यदि भविष्य में कोई व्यक्ति पानी में फंसता है, तो प्रशिक्षित स्थानीय युवक तुरंत राहत कार्य शुरू कर सकेंगे और समय रहते लोगों की जान बचाई जा सकेगी।
मानव वॉकरों और स्थानीय लोगों ने निभाई अहम भूमिका
इस दुखद घटना में मॉर्निंग वॉकरों और स्थानीय नागरिकों ने मानवीय संवेदनशीलता का परिचय दिया।
राहत अभियान में कई लोगों ने सक्रिय सहयोग किया, जिनमें प्रमुख रूप से
- श्याम सिंह
- प्रवीण कुमार
- मनोज सिंह
- पप्पू सिंह
सहित अन्य स्थानीय नागरिक भी मौजूद रहे।
इन सभी ने खोज अभियान में सहयोग करते हुए प्रशासन की मदद की।
डिमना लेक में बढ़ाई जाए सुरक्षा व्यवस्था की मांग
इस घटना के बाद स्थानीय लोगों ने डिमना लेक की सुरक्षा व्यवस्था को और मजबूत करने की मांग उठाई है।
लोगों का कहना है कि यहां हर वर्ष बड़ी संख्या में पर्यटक और युवा घूमने तथा नहाने आते हैं। ऐसे में
- पर्याप्त सुरक्षा व्यवस्था,
- चेतावनी संकेत,
- प्रशिक्षित लाइफगार्ड,
- रेस्क्यू बोट,
- और निगरानी व्यवस्था
का होना अत्यंत आवश्यक है।
सोनारी कागल नगर निवासी पीयूष कुमार सिंह की Dimna लेक में डूबने से हुई मौत पूरे शहर के लिए बेहद दुखद घटना है। यह हादसा एक बार फिर जलाशयों के आसपास सुरक्षा व्यवस्था मजबूत करने की आवश्यकता को उजागर करता है। स्थानीय लोगों, मॉर्निंग वॉकरों और तैराकों के प्रयासों से तीन घंटे बाद शव बरामद किया गया, जबकि विधायक सरयू राय ने मौके पर पहुंचकर परिजनों को सांत्वना देने के साथ भविष्य में ऐसी घटनाओं को रोकने के लिए बैरिकेडिंग, सुरक्षा व्यवस्था और स्थानीय युवाओं को गोताखोरी प्रशिक्षण देने जैसे महत्वपूर्ण सुझाव दिए। यदि इन उपायों को प्रभावी ढंग से लागू किया जाता है, तो भविष्य में ऐसी दुखद घटनाओं की संभावना काफी हद तक कम की जा सकती है।





















