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समुद्री निर्यात (Marine Exports) में भारत ने रचा इतिहास: 72 हजार करोड़ पार

On: April 22, 2026 2:06 PM
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रिकॉर्ड स्तर पर पहुंचा समुद्री खाद्य निर्यात

Marine Exports: भारत ने समुद्री खाद्य पदार्थों के निर्यात में नया इतिहास रच दिया है। वित्त वर्ष 2025-26 में देश का कुल समुद्री निर्यात 72,325.82 करोड़ रुपये (करीब 8.28 अरब डॉलर) तक पहुंच गया, जो अब तक का सर्वकालिक उच्च स्तर है। मात्रा के लिहाज से यह निर्यात 19.32 लाख मीट्रिक टन रहा, जो इस क्षेत्र की तेज़ी से बढ़ती क्षमता को दर्शाता है।

फ्रोजन झींगा बना सबसे बड़ा ‘गेम चेंजर’

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इस रिकॉर्ड उपलब्धि में फ्रोजन झींगा (Frozen Shrimp) की भूमिका सबसे अहम रही।

  • कुल योगदान: 47,973.13 करोड़ रुपये
  • कुल निर्यात आय में हिस्सेदारी: दो-तिहाई से अधिक
  • मात्रा में वृद्धि: 4.6%
  • मूल्य में वृद्धि: 6.35%

यह साफ संकेत देता है कि वैश्विक बाजार में भारतीय झींगा की मांग लगातार मजबूत हो रही है।

अमेरिका-चीन बने प्रमुख खरीदार, नए बाजारों में तेजी

United States भारत का सबसे बड़ा आयातक बना रहा, जहां 2.32 अरब डॉलर का निर्यात हुआ। हालांकि टैरिफ प्रभाव के कारण मात्रा और मूल्य में कुछ गिरावट दर्ज की गई।

दूसरी ओर China में भारतीय समुद्री उत्पादों की मांग तेजी से बढ़ी—

  • मूल्य में वृद्धि: 22.7%
  • मात्रा में वृद्धि: 20.1%

इसके अलावा European Union, दक्षिण-पूर्व एशिया और जापान जैसे बाजारों में भी उल्लेखनीय वृद्धि दर्ज की गई। यह दर्शाता है कि भारत अब पारंपरिक बाजारों से आगे बढ़कर विविध बाजारों में अपनी पकड़ मजबूत कर रहा है।

THE NEWS FRAME

सरकार की नीतियों और पहल का असर

केंद्र सरकार द्वारा मत्स्य क्षेत्र को मजबूत करने के लिए कई अहम कदम उठाए गए हैं, जिनका सीधा असर निर्यात वृद्धि पर दिख रहा है।

  • 39 देशों के साथ अंतरराष्ट्रीय गोलमेज सम्मेलन
  • अंडमान-निकोबार और लक्षद्वीप में निवेशक सम्मेलन
  • 211 नए निर्यात प्रतिष्ठानों को वैश्विक मंजूरी
  • राष्ट्रीय ट्रेसेबिलिटी फ्रेमवर्क (2025) लागू
  • कछुआ सुरक्षा उपकरण (TED) और गुणवत्ता नियंत्रण सख्त

इन पहलों से न केवल गुणवत्ता में सुधार हुआ है, बल्कि वैश्विक बाजारों तक पहुंच भी आसान हुई है।

बंदरगाहों की अहम भूमिका

भारत के शीर्ष 5 बंदरगाह—विशाखापट्टनम, जेएनपीटी, कोच्चि, कोलकाता और चेन्नई—ने कुल निर्यात मूल्य में लगभग 64% योगदान दिया। यह देश की मजबूत लॉजिस्टिक्स और सप्लाई चेन को दर्शाता है।

“विकसित भारत 2047” में मत्स्य क्षेत्र की बड़ी भूमिका

Narendra Modi ने मत्स्यपालन क्षेत्र को “विकसित भारत 2047” के लक्ष्य में अहम स्तंभ बताया है। सरकार का फोकस मछुआरों की आय बढ़ाने, रोजगार सृजन और निर्यात को और विस्तार देने पर है।

भारत का समुद्री खाद्य निर्यात अब केवल पारंपरिक व्यापार नहीं, बल्कि वैश्विक अर्थव्यवस्था में मजबूत उपस्थिति का संकेत बन चुका है। झींगा निर्यात की अगुवाई, नए बाजारों में विस्तार और सरकार की सक्रिय नीतियां मिलकर इस क्षेत्र को आने वाले वर्षों में और ऊंचाइयों तक ले जाने की दिशा दिखा रही हैं।

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Anil Kumar Maurya

अनिल कुमार मौर्य एक अनुभवी पत्रकार, मीडिया रणनीतिकार और सामाजिक चिंतक हैं, जिन्हें पत्रकारिता एवं मीडिया क्षेत्र में 10 से अधिक वर्षों का अनुभव है। वे वर्तमान में The News Frame के संस्थापक और मुख्य संपादक के रूप में कार्यरत हैं — एक डिजिटल न्यूज़ प्लेटफॉर्म जो क्षेत्रीय, राष्ट्रीय और सामाजिक सरोकारों को निष्पक्ष और प्रभावशाली ढंग से प्रस्तुत करता है।अनिल जी राष्ट्रीय पत्रकार मीडिया संगठन (Rashtriya Patrakar Media Sangathan) के राष्ट्रीय अध्यक्ष भी हैं, जहां वे पत्रकारों के अधिकारों, मीडिया की स्वतंत्रता और सामाजिक न्याय के लिए सक्रिय भूमिका निभा रहे हैं।

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