
Digital Census 2027: भारत में पहली बार पूरी तरह डिजिटल जनगणना की प्रक्रिया शुरू हो चुकी है। अब आम नागरिक भी घर बैठे अपनी जनगणना की जानकारी खुद ऑनलाइन दर्ज कर सकते हैं। सरकार ने इसके लिए एक विशेष सेल्फ-एन्यूमरेशन (Self Enumeration) सुविधा शुरू की है, जो 1 मई से 15 मई 2026 तक उपलब्ध रहेगी।

📌 क्या है सेल्फ-काउंट (Self Enumeration) सुविधा?
भारत की 2027 की जनगणना देश की पहली पूरी तरह डिजिटल जनगणना है। इस प्रक्रिया में नागरिकों को मौका दिया गया है कि वे खुद ही अपनी और अपने परिवार की जानकारी ऑनलाइन पोर्टल पर दर्ज करें।
👉 इसके लिए आधिकारिक पोर्टल है: se.census.gov.in
🗓️ कब तक भर सकते हैं जानकारी?
- 🟢 तारीख: 1 मई से 15 मई 2026
- 🟢 यह 15 दिनों की विशेष विंडो है, जो घर-घर सर्वे से पहले दी जाती है
- 🟢 इसके बाद 16 मई से 14 जून तक अधिकारी घर-घर जाकर सत्यापन करेंगे
📊 क्या-क्या जानकारी भरनी होगी?
ऑनलाइन फॉर्म में करीब 33 सवाल पूछे जाएंगे, जिनमें शामिल हैं:
- घर की स्थिति और स्वामित्व
- परिवार के सदस्यों की संख्या
- सामाजिक श्रेणी
- पानी, बिजली, शौचालय जैसी सुविधाएं
- अन्य बुनियादी जानकारी
⚙️ कैसे करें रजिस्ट्रेशन?
- पोर्टल पर जाएं – se.census.gov.in
- मोबाइल नंबर से लॉगिन करें
- फॉर्म भरें (15–20 मिनट लगते हैं)
- सबमिट करने के बाद मिलेगा 11 अंकों का SE ID
- इस ID को बाद में आने वाले सर्वे अधिकारियों को दिखाना होगा
⚠️ जरूरी बातें
- यह प्रक्रिया स्वैच्छिक (optional) है, अनिवार्य नहीं
- जो लोग ऑनलाइन जानकारी नहीं भरेंगे, उनके लिए अधिकारी घर जाकर डेटा दर्ज करेंगे
- किसी भी तरह की फर्जी वेबसाइट या कॉल से सावधान रहें
क्यों है यह जनगणना खास?
- 16 साल बाद हो रही जनगणना (आखिरी 2011 में हुई थी)
- पहली बार पूरी तरह डिजिटल और ऑनलाइन सिस्टम
- डेटा के आधार पर सरकार की योजनाएं, बजट और विकास नीति तय होगी
डिजिटल जनगणना 2027 आम नागरिकों को सीधे प्रक्रिया से जोड़ने का बड़ा कदम है। 1 से 15 मई के बीच खुद जानकारी भरकर आप न केवल समय बचा सकते हैं, बल्कि देश के विकास में भी अहम भूमिका निभा सकते हैं।
अगर आप इंटरनेट का उपयोग कर सकते हैं, तो इस सुविधा का लाभ जरूर उठाएं।














