जमशेदपुर। शहर के प्रसिद्ध नागा मंदिर बेल्डीह में गुरुवार को भगवान श्री जगन्नाथ, भगवान बलभद्र और माता सुभद्रा की भव्य रथयात्रा श्रद्धा, आस्था और उल्लास के साथ निकाली गई। माँ वैष्णो देवी ट्रस्ट के तत्वावधान में आयोजित इस धार्मिक आयोजन में हजारों श्रद्धालुओं ने भाग लिया। “जय जगन्नाथ” के गगनभेदी जयघोष, हरिनाम संकीर्तन और भजन-कीर्तन से पूरा क्षेत्र भक्तिमय वातावरण में सराबोर हो गया।
रथयात्रा प्रारंभ होने से पहले वैदिक मंत्रोच्चार के बीच भगवान श्री जगन्नाथ, बलभद्र और माता सुभद्रा की विशेष पूजा-अर्चना की गई। इसके बाद तीनों विग्रहों को आकर्षक ढंग से सुसज्जित रथ पर विराजमान कराया गया। श्रद्धालुओं ने भगवान के दर्शन कर आशीर्वाद प्राप्त किया और पूरे उत्साह के साथ रथ को खींचते हुए मंदिर परिसर और आसपास के मार्गों का भ्रमण कराया।
नागा मंदिर के ट्रस्टी शशि तिवारी ने बताया कि रथयात्रा में स्टेट बार काउंसिल के वाइस प्रेसिडेंट राजेश कुमार शुक्ला सहित बड़ी संख्या में श्रद्धालु, पुजारी और सामाजिक कार्यकर्ता शामिल हुए। उन्होंने कहा कि यह आयोजन केवल धार्मिक आस्था का प्रतीक नहीं, बल्कि समाज में एकता, भाईचारे और सनातन संस्कृति को मजबूत करने का भी माध्यम है।
उन्होंने बताया कि भगवान श्री जगन्नाथ के स्नान पूर्णिमा महोत्सव के बाद परंपरा के अनुसार महाप्रभु 15 दिनों तक ‘अनसर’ (विश्राम काल) में रहते हैं। इस अवधि में मंदिर के पट बंद रहते हैं और भगवान को औषधीय प्रसाद जैसे तुलसी एवं काढ़ा अर्पित किया जाता है। इसके उपरांत नेत्रोत्सव (नवयौवन दर्शन) के अवसर पर भगवान भक्तों को पुनः दर्शन देते हैं और अगले दिन भव्य रथयात्रा का आयोजन किया जाता है।
इस वर्ष नेत्रोत्सव 15 जुलाई को धूमधाम से मनाया गया, जबकि 16 जुलाई को रथयात्रा निकाली गई। परंपरा के अनुसार भगवान के रथ को नागा मंदिर परिसर की पांच परिक्रमा कराई गई और रात्रि में उन्हें बेल्डीह स्थित तुलसी मंदिर (मौसी बाड़ी) पहुंचाया गया। वहीं से आठ दिन बाद 24 जुलाई 2026 को वापसी रथयात्रा (घूरती रथ) निकाली जाएगी।
रथयात्रा के साथ लगे मेले में बच्चों, युवाओं, महिलाओं और बुजुर्गों की भारी भीड़ उमड़ी। श्रद्धालुओं के बीच महाप्रसाद का वितरण किया गया तथा धार्मिक और सांस्कृतिक कार्यक्रमों का भी आयोजन हुआ।
इस अवसर पर जिला विधिक सेवा प्राधिकार (DLSA), जमशेदपुर द्वारा विधिक जागरूकता शिविर भी लगाया गया। अधिकार मित्र (PLV) ने लोगों को निःशुल्क कानूनी सहायता, विभिन्न सरकारी योजनाओं और विधिक अधिकारों की जानकारी दी तथा संबंधित पंपलेट वितरित किए।
कार्यक्रम के सफल आयोजन में नागा मंदिर बेल्डीह के ट्रस्ट सदस्यों, स्वयंसेवकों, स्थानीय श्रद्धालुओं और समाजसेवियों की महत्वपूर्ण भूमिका रही। पूरे आयोजन ने श्रद्धा, संस्कृति और सामाजिक सहभागिता का अनूठा संदेश दिया।















