
जमशेदपुर: Purvi सिंहभूम जिले के लिए गर्व का क्षण उस समय आया जब धनबाद में आयोजित 5वीं झारखंड राज्य किकबॉक्सिंग चैंपियनशिप 2026 में जिले के खिलाड़ियों ने शानदार प्रदर्शन करते हुए कई पदक अपने नाम किए। विभिन्न आयु एवं भार वर्गों में उत्कृष्ट खेल का प्रदर्शन कर खिलाड़ियों ने न केवल अपने परिवार और प्रशिक्षकों का नाम रोशन किया, बल्कि पूरे जिले को गौरवान्वित किया। प्रतियोगिता में बेहतरीन प्रदर्शन के आधार पर पूर्वी सिंहभूम के छह प्रतिभाशाली खिलाड़ियों का चयन जूनियर राष्ट्रीय किकबॉक्सिंग चैंपियनशिप 2026 के लिए किया गया है, जो ओडिशा में आयोजित होगी।

राज्य स्तरीय इस प्रतिष्ठित प्रतियोगिता में झारखंड के विभिन्न जिलों से आए खिलाड़ियों ने हिस्सा लिया था। कड़े मुकाबलों के बीच Purvi सिंहभूम के खिलाड़ियों ने अपनी तकनीक, फिटनेस, अनुशासन और संघर्षशीलता का परिचय देते हुए पदक हासिल किए। खिलाड़ियों की इस उपलब्धि ने जिले में खेल प्रतिभाओं की क्षमता को एक बार फिर साबित कर दिया है।
राष्ट्रीय चैंपियनशिप के लिए चयनित खिलाड़ियों में कृष्ण बिहारी, दिव्या सोय, आदिति कुमारी, प्रियांशु बिरुआ, बिपिन बेरा और श्लोक कुमार शर्मा शामिल हैं। इन खिलाड़ियों ने राज्य प्रतियोगिता में अपने-अपने वर्ग में शानदार प्रदर्शन कर चयनकर्ताओं को प्रभावित किया। अब ये खिलाड़ी ओडिशा में आयोजित होने वाली जूनियर राष्ट्रीय किकबॉक्सिंग चैंपियनशिप में झारखंड का प्रतिनिधित्व करेंगे।
खेल प्रेमियों और प्रशिक्षकों का मानना है कि राष्ट्रीय स्तर पर चयनित होना किसी भी खिलाड़ी के लिए बड़ी उपलब्धि होती है। इसके लिए वर्षों की मेहनत, नियमित अभ्यास, मानसिक मजबूती और अनुशासन की आवश्यकता होती है। पूर्वी सिंहभूम के इन खिलाड़ियों ने कठिन परिस्थितियों के बावजूद लगातार अभ्यास जारी रखा और अपने प्रदर्शन के दम पर राष्ट्रीय प्रतियोगिता का टिकट हासिल किया।
कोचों ने बताया कि खिलाड़ियों ने प्रतियोगिता की तैयारी के लिए कई महीनों तक कड़ा प्रशिक्षण लिया। सुबह और शाम नियमित अभ्यास, तकनीकी प्रशिक्षण, फिटनेस सत्र और मानसिक तैयारी पर विशेष ध्यान दिया गया। खिलाड़ियों की मेहनत का ही परिणाम है कि जिले के छह खिलाड़ियों ने राष्ट्रीय स्तर की प्रतियोगिता के लिए अपनी जगह सुनिश्चित की।
Purvi सिंहभूम में पिछले कुछ वर्षों के दौरान किकबॉक्सिंग खेल के प्रति युवाओं का रुझान लगातार बढ़ा है। जिले में कई प्रतिभाशाली खिलाड़ी उभरकर सामने आए हैं, जिन्होंने राज्य और राष्ट्रीय स्तर पर अपनी पहचान बनाई है। खेल विशेषज्ञों का मानना है कि यदि खिलाड़ियों को बेहतर सुविधाएं और प्रोत्साहन मिलता रहा तो आने वाले समय में यहां के खिलाड़ी अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भी देश का प्रतिनिधित्व कर सकते हैं।
राष्ट्रीय प्रतियोगिता के लिए चयनित खिलाड़ियों को बधाई देने का सिलसिला भी शुरू हो गया है। खिलाड़ियों के चयन पर खेल प्रेमियों, अभिभावकों और सामाजिक संगठनों ने खुशी व्यक्त की है। सभी ने खिलाड़ियों को राष्ट्रीय प्रतियोगिता में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने और झारखंड का नाम रोशन करने की शुभकामनाएं दी हैं।
इस अवसर पर झारखंड के पूर्व मुख्यमंत्री चंपई सोरेन की सुपुत्री दुखनी सोरेन, उनके पति विक्की जी तथा समाजसेवी सुबोध गौड़ ने भी खिलाड़ियों को शुभकामनाएं दीं। उन्होंने कहा कि पूर्वी सिंहभूम के खिलाड़ियों ने जिस प्रकार राज्य स्तर पर अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन किया है, वह पूरे जिले के लिए गर्व की बात है। उन्होंने उम्मीद जताई कि राष्ट्रीय प्रतियोगिता में भी खिलाड़ी अपना सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन करेंगे और पदक जीतकर लौटेंगे।
दुखनी सोरेन ने खिलाड़ियों को संबोधित करते हुए कहा कि खेल केवल जीत और हार का नाम नहीं है, बल्कि यह अनुशासन, संघर्ष और आत्मविश्वास का भी प्रतीक है। उन्होंने खिलाड़ियों से पूरी मेहनत और समर्पण के साथ राष्ट्रीय प्रतियोगिता में भाग लेने का आह्वान किया। वहीं समाजसेवी सुबोध गौड़ ने कहा कि खेल के क्षेत्र में युवाओं की बढ़ती भागीदारी समाज के लिए सकारात्मक संकेत है और ऐसे खिलाड़ियों को हर संभव सहयोग मिलना चाहिए।
खेल विशेषज्ञों के अनुसार किकबॉक्सिंग एक ऐसा खेल है जिसमें शारीरिक क्षमता के साथ-साथ मानसिक मजबूती की भी आवश्यकता होती है। खिलाड़ी को प्रत्येक मुकाबले में रणनीति, धैर्य और आत्मविश्वास का परिचय देना पड़ता है। पूर्वी सिंहभूम के खिलाड़ियों ने राज्य प्रतियोगिता में इन सभी गुणों का बेहतरीन प्रदर्शन किया है।
अब सभी की निगाहें ओडिशा में होने वाली जूनियर राष्ट्रीय किकबॉक्सिंग चैंपियनशिप पर टिकी हैं। जिले के खेल प्रेमियों को उम्मीद है कि चयनित खिलाड़ी राष्ट्रीय मंच पर भी शानदार प्रदर्शन कर झारखंड और पूर्वी सिंहभूम का नाम रोशन करेंगे। खिलाड़ियों की सफलता ने जिले के अन्य युवा खिलाड़ियों को भी प्रेरित किया है कि वे खेल के क्षेत्र में आगे बढ़कर अपनी पहचान बनाएं।
Purvi सिंहभूम की यह उपलब्धि केवल छह खिलाड़ियों की सफलता नहीं है, बल्कि पूरे जिले की खेल संस्कृति और युवा प्रतिभाओं की क्षमता का प्रमाण है। राज्य से राष्ट्रीय स्तर तक पहुंचने का यह सफर आने वाले समय में और भी बड़ी सफलताओं का मार्ग प्रशस्त कर सकता है। जिले के खेल प्रेमी, प्रशिक्षक, अभिभावक और नागरिक इन खिलाड़ियों के उज्ज्वल भविष्य की कामना कर रहे हैं।
राष्ट्रीय प्रतियोगिता में भाग लेने जा रहे सभी खिलाड़ियों को शुभकामनाएं देते हुए जिलेवासियों ने कहा कि वे पूरे आत्मविश्वास और जोश के साथ मैदान में उतरें, बेहतर प्रदर्शन करें और जीत के साथ वापस लौटकर पूर्वी सिंहभूम को एक बार फिर गौरवान्वित करें।









