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विश्व के कई देशों में मनाई जाती है होली – रंगों से जुड़ता संसार

On: March 3, 2026 9:38 PM
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Holi Special 2026: होली भारत का एक प्रसिद्ध और आनंदमय त्योहार है। इसे रंगों का त्योहार भी कहा जाता है। हर साल फाल्गुन पूर्णिमा के दिन यह पर्व बड़े उत्साह के साथ मनाया जाता है। होली केवल भारत तक सीमित नहीं है, बल्कि आज यह दुनिया के कई देशों में भी मनाई जाती है। जहां-जहां भारतीय लोग बसे हैं, वहां यह त्योहार अपनी परंपराओं के साथ जीवित है। समय के साथ यह एक वैश्विक उत्सव बन गया है।

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होली की शुरुआत होलिका दहन से होती है। इसके पीछे अच्छाई की बुराई पर विजय की कहानी जुड़ी है। अगले दिन लोग एक-दूसरे को रंग और गुलाल लगाकर खुशियां बांटते हैं। ढोल-नगाड़ों की धुन पर नाच-गाना होता है, मिठाइयां बांटी जाती हैं और लोग गिले-शिकवे भूलकर गले मिलते हैं। यही भावना इसे खास बनाती है।

एशिया के देशों में होली

नेपाल में भी होली बहुत धूमधाम से मनाई जाती है। वहां इसे फागु पूर्णिमा कहा जाता है और यह राष्ट्रीय अवकाश होता है। राजधानी काठमांडू में बड़े जुलूस निकलते हैं और लोग रंगों में सराबोर नजर आते हैं।

श्रीलंका में तमिल समुदाय होली को भारतीय परंपरा के अनुसार मनाता है। लोग गुलाल लगाते हैं और सुगंधित जल छिड़ककर मित्रता का संदेश देते हैं।

थाईलैंड में पानी का त्योहार सोनक्रान मनाया जाता है, जो होली की तरह ही खुशी और मस्ती से जुड़ा है।

कंबोडिया और लाओस में नववर्ष के अवसर पर पानी और रंगों के साथ उत्सव मनाया जाता है।

मॉरीशस में होली को फगवा कहा जाता है। वहां यह उत्सव कई दिनों तक चलता है। लोग होलिका दहन करते हैं, चटनी गीत गाते हैं और ढोल की थाप पर नाचते हैं।

कैरेबियन और प्रशांत द्वीपों में होली

फिजी में भारतीय मूल के लोग होली बड़े उत्साह से मनाते हैं। मंदिरों और सांस्कृतिक केंद्रों में भजन-कीर्तन होते हैं और रंग खेला जाता है।

सूरीनाम में फगवा नाम से यह त्योहार प्रसिद्ध है। यहां दस दिनों तक उत्सव चलता है। लोग पारंपरिक गीत गाते हैं और सामूहिक भोज का आयोजन करते हैं।

त्रिनिदाद और टोबैगो में भी होली खास अंदाज में मनाई जाती है। यहां भारतीय और कैरेबियन संस्कृति का मिश्रण देखने को मिलता है। रंगों के साथ संगीत और नृत्य का अनोखा संगम होता है।

यूरोप, अमेरिका और अन्य देशों में

यूनाइटेड किंगडम में लंदन जैसे शहरों में बड़े स्तर पर होली मनाई जाती है। सार्वजनिक स्थानों पर हजारों लोग इकट्ठा होकर रंग उड़ाते हैं।

संयुक्त राज्य अमेरिका में न्यूयॉर्क और कैलिफोर्निया जैसे राज्यों में होली फेस्टिवल आयोजित किए जाते हैं। बड़ी संख्या में भारतीय और विदेशी लोग इसमें भाग लेते हैं।

कनाडा के टोरंटो और वैंकूवर में भी पार्कों में रंगों का उत्सव होता है।

ऑस्ट्रेलिया के सिडनी और मेलबर्न में बीच पार्टियों के रूप में होली मनाई जाती है।

दक्षिण अफ्रीका के डरबन शहर में भारतीय समुदाय रंगों और संगीत के साथ इस त्योहार को जीवित रखे हुए है।

वैश्विक महत्व

आज होली को दुनिया भर में “फेस्टिवल ऑफ कलर्स” के नाम से जाना जाता है। यह केवल रंगों का त्योहार नहीं, बल्कि प्रेम, एकता और भाईचारे का प्रतीक है। यह त्योहार लोगों को जोड़ता है, सांस्कृतिक आदान-प्रदान को बढ़ावा देता है और आपसी संबंधों को मजबूत करता है।

होली हमें सिखाती है कि जीवन में रंगों की तरह विविधता होनी चाहिए। जब हम मिल-जुलकर त्योहार मनाते हैं, तो दुनिया और भी सुंदर बन जाती है। यही कारण है कि होली आज एक वैश्विक उत्सव के रूप में पूरे विश्व को रंगों में रंग रही है।

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Anil Kumar Maurya

अनिल कुमार मौर्य एक अनुभवी पत्रकार, मीडिया रणनीतिकार और सामाजिक चिंतक हैं, जिन्हें पत्रकारिता एवं मीडिया क्षेत्र में 10 से अधिक वर्षों का अनुभव है। वे वर्तमान में The News Frame के संस्थापक और मुख्य संपादक के रूप में कार्यरत हैं — एक डिजिटल न्यूज़ प्लेटफॉर्म जो क्षेत्रीय, राष्ट्रीय और सामाजिक सरोकारों को निष्पक्ष और प्रभावशाली ढंग से प्रस्तुत करता है। अनिल जी राष्ट्रीय पत्रकार मीडिया संगठन (Rashtriya Patrakar Media Sangathan) के राष्ट्रीय अध्यक्ष भी हैं, जहां वे पत्रकारों के अधिकारों, मीडिया की स्वतंत्रता और सामाजिक न्याय के लिए सक्रिय भूमिका निभा रहे हैं।

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