हिंदी भाषा, साहित्य और संस्कृति का विराट उत्सव
9वां अंतरराष्ट्रीय श्रीनाथ हिंदी महोत्सव – 2025
जमशेदपुर: हिंदी भाषा केवल अभिव्यक्ति का माध्यम नहीं, बल्कि भारत की सांस्कृतिक चेतना, बौद्धिक परंपरा और सामाजिक संवेदना की वाहक रही है। इसी भावना को सशक्त रूप देने के उद्देश्य से श्रीनाथ विश्वविद्यालय, आदित्यपुर (जमशेदपुर) द्वारा 17 से 19 दिसंबर 2025 तक “9वां अंतरराष्ट्रीय श्रीनाथ हिंदी महोत्सव” का भव्य आयोजन किया जा रहा है। यह तीन दिवसीय महोत्सव साहित्य, संस्कृति, शिक्षा, सृजन और संगीत के विविध रंगों को एक मंच पर प्रस्तुत करने वाला एक महत्वपूर्ण राष्ट्रीय-अंतरराष्ट्रीय आयोजन है।
महोत्सव की पृष्ठभूमि और उद्देश्य
श्रीनाथ विश्वविद्यालय द्वारा आयोजित यह हिंदी महोत्सव निरंतरता, गुणवत्ता और व्यापक सहभागिता के लिए जाना जाता है। महोत्सव का प्रमुख उद्देश्य हिंदी भाषा के संवर्धन, संरक्षण और वैश्विक प्रसार के साथ-साथ युवाओं में रचनात्मकता, आलोचनात्मक दृष्टि और सांस्कृतिक चेतना का विकास करना है। यह आयोजन विद्यार्थियों, शिक्षकों, शोधार्थियों, साहित्यकारों और कला-संस्कृति से जुड़े रचनाकारों को संवाद और सृजन का साझा मंच प्रदान करता है।

तीन दिन, तीन आयाम : कार्यक्रमों की रूपरेखा
🔹 प्रथम दिवस (17 दिसंबर 2025)
पहले दिन उद्घाटन सत्र के साथ विविध प्रतियोगितात्मक और रचनात्मक कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे। इनमें प्रमुख रूप से
- प्रश्नोत्तरी (प्रथम चरण)
- हास्य कवि सम्मेलन
- साहित्यिक कृति प्रस्तुति
- मुहावरे पर मुहावरा
- रेडियो श्रीनाथ (प्रथम चरण)
- शब्द संग्राम
- मुझे हमारे विचार आपके
- नुक्कड़ नाटक
- व्यक्तित्व झांकी
जैसे कार्यक्रम शामिल हैं, जो भाषा की रोचकता, सामाजिक सरोकार और मंचीय अभिव्यक्ति को उजागर करते हैं।
🔹 द्वितीय दिवस (18 दिसंबर 2025)
दूसरे दिन महोत्सव बौद्धिक और सृजनात्मक गहराई की ओर अग्रसर होता है। इस दिन
- रेडियो श्रीनाथ (अंतिम चरण)
- हिंदी टंकण
- वाक्य वीर
- नृत्य नाटिका
- लघु नाटिका (प्रथम चरण)
- स्टार्टअप श्रीनाथ
- प्रकरण अध्ययन
- साहित्य के नौ रस (रंगोली)
- प्रश्नोत्तरी (अंतिम चरण)
- रील्स संग्राम
जैसे नवाचारपूर्ण कार्यक्रम आयोजित होंगे, जिनमें भाषा के साथ तकनीक, उद्यमिता और समकालीन अभिव्यक्ति का सुंदर समन्वय देखने को मिलेगा।
🔹 तृतीय दिवस (19 दिसंबर 2025)
तीसरे और अंतिम दिन महोत्सव सांस्कृतिक स्मृतियों और रचनात्मक समापन की ओर बढ़ता है। इस दिन
- सिनेमा की यादों में
- समय यात्रा
- लघु लेखन
- सूत्र संचालन
- लघु नाटिका (अंतिम चरण)
- पुरस्कार वितरण समारोह
आयोजित होंगे। पुरस्कार वितरण के साथ तीन दिवसीय महोत्सव का भव्य समापन किया जाएगा।



विश्वविद्यालय की भूमिका और दृष्टि
PDF में दिए गए विवरण के अनुसार, श्रीनाथ विश्वविद्यालय नई शिक्षा नीति 2020 के अनुरूप बहुविषयक, नवाचार-आधारित और कौशल-केंद्रित शिक्षा प्रदान करने के लिए प्रतिबद्ध है। हिंदी महोत्सव विश्वविद्यालय की उसी शैक्षणिक-सांस्कृतिक दृष्टि का विस्तार है, जो विद्यार्थियों को केवल अकादमिक नहीं, बल्कि सामाजिक और सांस्कृतिक रूप से भी समृद्ध बनाता है।
कुलाधिपति का संदेश
कुलाधिपति द्वारा दिए गए संदेश में हिंदी को संस्कृति की आत्मा बताते हुए कहा गया है कि यह महोत्सव हिंदी भाषा की रचनात्मक ऊर्जा को नई पीढ़ी तक पहुंचाने का माध्यम है। साहित्य, नाटक, कविता, लोक कला और नवाचार के माध्यम से यह आयोजन हिंदी को जीवंत और प्रासंगिक बनाए रखने की दिशा में एक सार्थक प्रयास है।
9वां अंतरराष्ट्रीय श्रीनाथ हिंदी महोत्सव – 2025 केवल एक कार्यक्रम नहीं, बल्कि हिंदी भाषा और भारतीय सांस्कृतिक चेतना का उत्सव है। यह मंच संवाद, सृजन, नवाचार और अभिव्यक्ति को एक साथ जोड़ता है। ऐसे आयोजन न केवल हिंदी के भविष्य को सशक्त करते हैं, बल्कि भारत की बहुआयामी सांस्कृतिक पहचान को भी नई ऊर्जा प्रदान करते हैं।
यह महोत्सव निश्चित रूप से हिंदी प्रेमियों, शिक्षाविदों और युवाओं के लिए एक प्रेरणादायी और स्मरणीय अनुभव सिद्ध होगा।

हिंदी महोत्सव 2025 के लिए जारी संपर्क विवरण :
- मोबाइल नंबर: 8539800117, 7033951333, 9887638297
- ईमेल आईडी: hindimahotsav@srinathuniversity.ac.in
🌐 वेबसाइट लिंक : https://www.srinathuniversity.ac.in
- हिंदी महोत्सव से संबंधित विशेष पेज:
https://www.srinathuniversity.ac.in/hindimahotsav
इन नंबरों और ईमेल पर पंजीकरण, नियम, प्रतियोगिताओं और अन्य जानकारी के लिए संपर्क किया जा सकता













